{"_id":"6a27cdf3ee733ab6b20dd6e5","slug":"haridwar-news-27-snake-hatchlings-found-in-the-water-tank-in-the-house-courtyard-2026-06-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haridwar: घर के आंगन में पानी की टंकी में फनफनाते हुए दिखाई दिए 27 सांप के बच्चे, दहशत में आया परिवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haridwar: घर के आंगन में पानी की टंकी में फनफनाते हुए दिखाई दिए 27 सांप के बच्चे, दहशत में आया परिवार
संवाद न्यूज एजेंसी, हरिद्वार
Published by: Renu Saklani
Updated Tue, 09 Jun 2026 02:02 PM IST
विज्ञापन
सार
हरिद्वार में एक मकान की पानी की टंकी में अचानक बड़ी संख्या में सांपों के बच्चे दिखाई दिए। ये सांप विषैले नहीं होते और प्रायः तालाबों, नहरों, जलाशयों तथा अन्य जल स्रोतों के आसपास पाए जाते हैं।
सांप के बच्चे
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
हरिद्वार सराय गांव में सोमवार की दोपहर को एक परिवार उस समय दहशत में आ गया, जब घर के आंगन की पानी की टंकी में एक-दो नहीं बल्कि 27 सांपों के बच्चे फनफनाते हुए दिखाई दिए। पानी भरने के दौरान टंकी में सांपों की हलचल नजर आते ही परिवार के लोगों में हड़कंप मच गया। परिवार के सदस्यों ने तत्काल वन विभाग को सूचना दी, जिसके बाद रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और सभी सांपों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
जानकारी के अनुसार, सराय ग्राम स्थित एक मकान की पानी की टंकी में अचानक बड़ी संख्या में सांपों के बच्चे दिखाई दिए। टंकी में सांपों को तैरता देख परिवार के सदस्यों के होश उड़ गए। देखते ही देखते आसपास के लोगों की भीड़ भी मौके पर जुट गई। किसी अनहोनी की आशंका को देखते हुए परिवार ने तत्काल वन विभाग से संपर्क किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
चेकर्ड कीलबैक प्रजाति के सांप के बच्चे
सूचना मिलने पर स्नेकमैन तालिब और भोला मौके पर पहुंचे। दोनों ने रेस्क्यू अभियान चलाते हुए टंकी से कुल 27 सांपों के बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला। प्रभागीय वनाधिकारी स्वप्निल अनिरूद्ध ने बताया कि रेस्क्यू किए गए सभी बच्चे चेकर्ड कीलबैक प्रजाति के हैं, जिन्हें सामान्य भाषा में वाटर स्नेक (पानी का सांप) कहा जाता है। ये सांप विषैले नहीं होते और प्रायः तालाबों, नहरों, जलाशयों तथा अन्य जल स्रोतों के आसपास पाए जाते हैं।
ये भी पढ़ें...Uttarakhand: दिल्ली अग्निकांड मामले में गिरफ्तार केशव नेगी के समर्थन में कांग्रेस-भाजपा, पारदर्शी जांच की मांग
उन्होंने बताया कि ये बच्चे लगभग एक से डेढ़ सप्ताह के हैं और संभवतः किसी मादा सांप ने सुरक्षित वातावरण मिलने पर टंकी के आसपास अंडे दिए होंगे, जिनसे हाल ही में बच्चे निकले हैं। सभी सांपों के बच्चों को प्राकृतिक आवास में सुरक्षित छोड़ दिया गया है। वहीं रेस्क्यू के बाद परिवार और आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली।