दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल की बहादुरी को सलाम: भीषण आग के बीच शीशा तोड़ हटाई सीएनजी कार, 400 झुग्गियां खाक
पुलिस को 11 मार्च 2026 को रात 11:57 बजे आग लगने की पीसीआर कॉल मिली। सूचना मिलते ही बिंदापुर पुलिस स्टेशन का स्टाफ तुरंत मौके पर पहुंचा। झुग्गियों को सुरक्षित रूप से खाली कराया गया और दमकल विभाग को बुलाया गया। लगभग 28 दमकल गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया।
विस्तार
दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के मटियाला इलाके में एक बड़ा विस्फोट टल गया। दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल ने जलती हुई झुग्गी बस्ती से एक बंद सीएनजी कार को हटाया। अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि इस आग में 400 से अधिक झुग्गियां नष्ट हो गईं।
पत्थर से शीशा तोड़ हटाई कार
मानसरम पार्क क्षेत्र में बुधवार देर रात झुग्गी बस्ती में आग लगी थी। पुलिस उपायुक्त (पीसीआर) पवन कुमार के अनुसार, रात 11:57 बजे बिंदापुर पुलिस स्टेशन को आग लगने की सूचना मिली। स्थानीय पुलिस और पीसीआर इकाइयां निवासियों को निकालने में सहायता के लिए मौके पर पहुंचीं। बचाव अभियान के दौरान, हेड कांस्टेबल रामरतन सरन ने आग की लपटों के करीब एक बंद कार देखी। यह समझते हुए कि वाहन में सीएनजी किट लगी है और गर्मी से विस्फोट का खतरा है, उन्होंने पत्थर से कार का शीशा तोड़ा। सरन ने कार को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। उन्होंने बताया कि आग वाहन के बहुत करीब पहुंच गई थी और यह एक नई सीएनजी कार थी। पुलिस उपायुक्त (द्वारका) कुशल पाल सिंह ने कहा कि अधिकारी के समय पर हस्तक्षेप से एक बड़ी घटना टल गई।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
दिल्ली पुलिस ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर हेड कांस्टेबल की 'विवेकपूर्ण कार्रवाई' की प्रशंसा की। पुलिस ने अपनी पोस्ट में बताया कि बिंदापुर की झुग्गियों में आग लगी थी। पीसीआर इकाई में तैनात हेड कांस्टेबल रामरतन सरन ने आग के बेहद करीब एक कार देखी। विस्फोट की संभावना को भांपते हुए, उन्होंने कार का शीशा तोड़ा। उन्होंने वाहन को समय रहते वहां से हटवा दिया। इस विवेकपूर्ण कार्रवाई से एक बड़ी आपदा टल गई।
आग से नुकसान और बचाव
अधिकारियों के अनुसार, आग ने 400 से अधिक झोपड़ियों को नष्ट कर दिया। पुलिस और दिल्ली अग्निशमन सेवा के संयुक्त प्रयासों से 300 अन्य संरचनाएं बचाई गईं। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए 28 से अधिक दमकल गाड़ियों को सेवा में लगाया गया। घटना में कोई चोट या हताहत होने की सूचना नहीं मिली। आग पूरी तरह बुझने तक कई घंटों तक कूलिंग प्रक्रिया जारी रही।