दिल्ली विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2022-23 के दाखिले के लिए अतिरिक्त योग्यता मानक नहीं होंगे। इस बार दाखिले केवल प्रवेश परीक्षा से होने हैं। ऐसे में मानकों की शर्त समाप्त हो जाएगी। केवल प्रवेश परीक्षा (कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेस टेस्ट-सीयूईटी) में प्राप्त अंक ही दाखिले का आधार बनेंगे। बीते साल तक कट ऑफ से दाखिले में कॉलेज अतिरिक्त योग्यता न्यूनतम योग्यता मानक लगाते थे।
डीयू की स्टैडिंग कमेटी के इन प्रस्तावों को मंगलवार को होने वाली अकादमिक परिषद की बैठक में मंजूरी देने के लिए लाया जा रहा है। दाखिले में इस साल से अतिरिक्त योग्यता मानक नहीं रहेंगे। अभी तक ऑनर्स कोर्स में दाखिले के लिए 12वीं में उस विषय तय अंकों का होना जरूरी था। मसलन बीएससी मैथ्स ऑनर्स में दाखिले केलिए 12वीं में गणित विषय केलिए 50 फीसदी अंक की अनिवार्यता थी। लेकिन प्रवेश परीक्षा से दाखिले पर यह मानक खत्म हो जाएंगे। कमेटी ने प्रस्ताव दिया है कि दाखिले के लिए मानक इस तरह से
बनाए जाएं जिससे कि ज्यादा से ज्यादा छात्रों को दाखिला मिल सके।
साथ ही अतिरिक्त राइडर की सुविधा भी नहीं होगी। इसे ऐसे समझा जा सकता है कि यदि किसी ने छात्र ने 12वीं में कोई विषय पढ़ा होता था तो उसे कटऑफ में दो फीसदी का लाभ मिलता था। जबकि यदि कोर्स 12वीं में नहीं पढ़ा होता था और कॉलेज में पढ़ना चाहता था, उसे छात्र की कटऑफ में से दो फीसदी की कटौती की जाती थी। लेकिन अब यह शर्त समाप्त हो जाएगी। छात्र उन्हीं विषयों के लिए सीयूईटी प्रवेश परीक्षा को दे सकेगा, जिन्हें उसने 12वीं में पढ़ा हो। यदि सीयूईटी की लिस्ट में 12वीं में पढ़ा विषय शामिल नहीं होगा तो उसे उस विषय के लिए परीक्षा देनी होगी जो कि 12वीं के उसके विषय से मिलता जुलता होगा।
मसलन छात्र ने 12वीं में बॉयोकेमिस्ट्री की पढ़ाई की है तो उसे सीयूईटी में बॉयोलॉजी के लिए बैठना होगा। प्रवेश परीक्षा में बैठने के लिए छात्र का 12वीं में पास होना ही जरूरी है। सेंट स्टीफंस और जीसस एंड मैरी कॉलेज में सामान्य और अल्पसंख्यकों के लिए अलग-अलग मेरिट होगी स्टैडिंग कमेटी के प्रस्ताव के अनुसार सेंट स्टीफंस और जीसस एंड मैरी कॉलेज में केंद्रीयकृत काउंसलिंग के दौरान सामान्य और अल्पसंख्यकों के लिए अलग-अलग मेरिट बनेगी। इन दोनों कॉलेज में भी दाखिले प्रवेश परीक्षा सीयूईटी के माध्यम से ही होंगे।
13 भाषाओं में होगी प्रवेश परीक्षा
डीयू की अकादमिक काउंसिल की बैठक में सीयूईटी का संभावित ब्लू प्रिंट रखा जाए। इस ब्लू प्रिंट के अनुसार 13 भाषाओं में प्रवेश परीक्षा होगी। जिसमें असमी, बंगाली, अंग्रेजी, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, मलयालम, मराठी, उडिय़ा, पंजाबी, तमिल, तेलुगु व उर्दू शामिल है। इसमें से उन्हें एक भाषा का चयन करना होगा। प्रवेश परीक्षा में पढने की समझ, मौखिक क्षमता, समानार्थी, व विलोम शब्द पर आधारित प्रश्न पूछे जाएंगे। इन प्रश्नों के माध्यम से छात्रों के विषय से संबंधित ज्ञान को परखा जाएगा। सीयूईटी के लिए 27 विषय
होंगे। प्रवेश परीक्षा में एक सामान्य टेस्ट में सामान्य ज्ञान, समसामायिक, न्यूमेरिकल ऐबिलिटी, तार्किक और विशलेषणात्मक संबंधी प्रश्न पूछे जाएंगे।
ऐसे होगा कोर्स के लिए कॉम्बिनेशन
बीएससी ऑनर्स बॉयोलॉजिकल साइंस, बीएससी ऑनर्स बॉटनी और बीएससी ऑनर्स जूलॉजी केलिए प्रस्तावित योग्यता फिजिक्स, केमिस्ट्री, बॉयोलॉजी, बॉयोलॉजिकल स्टडी, व बॉयोटेक्नॉलॉजी की रहेगी। प्रवेश परीक्षा की मेरिट इन विषयों के कॉम्बिनेशन से प्राप्त सीयूईटी स्कोर पर आधारित होगी। इसी तरह बीएससी ऑनर्स केमिस्ट्री, बीएससी ऑनर्स फिजिक्स व बीएससी ऑनर्स पॉलिमर साइंस में दाखिले के लिए पहला कॉम्बिनेशन फिजिक्स, केमिस्ट्री व मैथमेटिक्स, दूसरा कॉम्बिनेशन फिजिक्स, केमिस्ट्री व भूगोल, तीसरा
कॉम्बिनेशन, फिजिक्स, केमिस्ट्री, बॉयोलॉजी, बॉयोलॉजिकल स्टडी व बॉयोटेक्नॉलॉजी के कॉम्बिनशन की योग्यता प्रस्तावित की गई है।
नोट: यह कुछ कोर्सेज के लिए कॉम्बिनेशन दिए गए है, इसी तरह से अलग-अलग कोर्सेज के हिसाब से कॉम्बिनेशन जोड़े गए हैं।
विस्तार
दिल्ली विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2022-23 के दाखिले के लिए अतिरिक्त योग्यता मानक नहीं होंगे। इस बार दाखिले केवल प्रवेश परीक्षा से होने हैं। ऐसे में मानकों की शर्त समाप्त हो जाएगी। केवल प्रवेश परीक्षा (कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेस टेस्ट-सीयूईटी) में प्राप्त अंक ही दाखिले का आधार बनेंगे। बीते साल तक कट ऑफ से दाखिले में कॉलेज अतिरिक्त योग्यता न्यूनतम योग्यता मानक लगाते थे।
डीयू की स्टैडिंग कमेटी के इन प्रस्तावों को मंगलवार को होने वाली अकादमिक परिषद की बैठक में मंजूरी देने के लिए लाया जा रहा है। दाखिले में इस साल से अतिरिक्त योग्यता मानक नहीं रहेंगे। अभी तक ऑनर्स कोर्स में दाखिले के लिए 12वीं में उस विषय तय अंकों का होना जरूरी था। मसलन बीएससी मैथ्स ऑनर्स में दाखिले केलिए 12वीं में गणित विषय केलिए 50 फीसदी अंक की अनिवार्यता थी। लेकिन प्रवेश परीक्षा से दाखिले पर यह मानक खत्म हो जाएंगे। कमेटी ने प्रस्ताव दिया है कि दाखिले के लिए मानक इस तरह से
बनाए जाएं जिससे कि ज्यादा से ज्यादा छात्रों को दाखिला मिल सके।
साथ ही अतिरिक्त राइडर की सुविधा भी नहीं होगी। इसे ऐसे समझा जा सकता है कि यदि किसी ने छात्र ने 12वीं में कोई विषय पढ़ा होता था तो उसे कटऑफ में दो फीसदी का लाभ मिलता था। जबकि यदि कोर्स 12वीं में नहीं पढ़ा होता था और कॉलेज में पढ़ना चाहता था, उसे छात्र की कटऑफ में से दो फीसदी की कटौती की जाती थी। लेकिन अब यह शर्त समाप्त हो जाएगी। छात्र उन्हीं विषयों के लिए सीयूईटी प्रवेश परीक्षा को दे सकेगा, जिन्हें उसने 12वीं में पढ़ा हो। यदि सीयूईटी की लिस्ट में 12वीं में पढ़ा विषय शामिल नहीं होगा तो उसे उस विषय के लिए परीक्षा देनी होगी जो कि 12वीं के उसके विषय से मिलता जुलता होगा।
मसलन छात्र ने 12वीं में बॉयोकेमिस्ट्री की पढ़ाई की है तो उसे सीयूईटी में बॉयोलॉजी के लिए बैठना होगा। प्रवेश परीक्षा में बैठने के लिए छात्र का 12वीं में पास होना ही जरूरी है। सेंट स्टीफंस और जीसस एंड मैरी कॉलेज में सामान्य और अल्पसंख्यकों के लिए अलग-अलग मेरिट होगी स्टैडिंग कमेटी के प्रस्ताव के अनुसार सेंट स्टीफंस और जीसस एंड मैरी कॉलेज में केंद्रीयकृत काउंसलिंग के दौरान सामान्य और अल्पसंख्यकों के लिए अलग-अलग मेरिट बनेगी। इन दोनों कॉलेज में भी दाखिले प्रवेश परीक्षा सीयूईटी के माध्यम से ही होंगे।
13 भाषाओं में होगी प्रवेश परीक्षा
डीयू की अकादमिक काउंसिल की बैठक में सीयूईटी का संभावित ब्लू प्रिंट रखा जाए। इस ब्लू प्रिंट के अनुसार 13 भाषाओं में प्रवेश परीक्षा होगी। जिसमें असमी, बंगाली, अंग्रेजी, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, मलयालम, मराठी, उडिय़ा, पंजाबी, तमिल, तेलुगु व उर्दू शामिल है। इसमें से उन्हें एक भाषा का चयन करना होगा। प्रवेश परीक्षा में पढने की समझ, मौखिक क्षमता, समानार्थी, व विलोम शब्द पर आधारित प्रश्न पूछे जाएंगे। इन प्रश्नों के माध्यम से छात्रों के विषय से संबंधित ज्ञान को परखा जाएगा। सीयूईटी के लिए 27 विषय
होंगे। प्रवेश परीक्षा में एक सामान्य टेस्ट में सामान्य ज्ञान, समसामायिक, न्यूमेरिकल ऐबिलिटी, तार्किक और विशलेषणात्मक संबंधी प्रश्न पूछे जाएंगे।
ऐसे होगा कोर्स के लिए कॉम्बिनेशन
बीएससी ऑनर्स बॉयोलॉजिकल साइंस, बीएससी ऑनर्स बॉटनी और बीएससी ऑनर्स जूलॉजी केलिए प्रस्तावित योग्यता फिजिक्स, केमिस्ट्री, बॉयोलॉजी, बॉयोलॉजिकल स्टडी, व बॉयोटेक्नॉलॉजी की रहेगी। प्रवेश परीक्षा की मेरिट इन विषयों के कॉम्बिनेशन से प्राप्त सीयूईटी स्कोर पर आधारित होगी। इसी तरह बीएससी ऑनर्स केमिस्ट्री, बीएससी ऑनर्स फिजिक्स व बीएससी ऑनर्स पॉलिमर साइंस में दाखिले के लिए पहला कॉम्बिनेशन फिजिक्स, केमिस्ट्री व मैथमेटिक्स, दूसरा कॉम्बिनेशन फिजिक्स, केमिस्ट्री व भूगोल, तीसरा
कॉम्बिनेशन, फिजिक्स, केमिस्ट्री, बॉयोलॉजी, बॉयोलॉजिकल स्टडी व बॉयोटेक्नॉलॉजी के कॉम्बिनशन की योग्यता प्रस्तावित की गई है।
नोट: यह कुछ कोर्सेज के लिए कॉम्बिनेशन दिए गए है, इसी तरह से अलग-अलग कोर्सेज के हिसाब से कॉम्बिनेशन जोड़े गए हैं।