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Ambala News: बिजली कटौती पर भड़के किसान, पावर हाउस पर जड़ा ताला
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मुलाना में पावर हाउस पर किसानों द्वारा जड़ा गया ताला।
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- मुलाना और शहजादपुर में कृषि कार्य के लिए हो रही बिजली किल्लत
संवाद न्यूज एजेंसी
मुलाना। ग्रामीण क्षेत्रों में कई दिनों से जारी बिजली कटौती से गुस्साए किसानों का सब्र मंगलवार रात को टूट गया। मुलाना और शहजादपुर में किसानों ने पावर हाउस पर प्रदर्शन किया और बिजली निगम के अधिकारियों को जमकर कोसा। शहजादपुर में तो पुलिस अधिकारियों ने किसानों को समझाकर वापस भेज दिया लेकिन मुलाना में रात 10 बजे तक किसान ताला जड़कर पावर हाउस पर बैठे रहे।
उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएन) की ओर से कृषि क्षेत्र की बिजली में की जा रही अघोषित कटौती से नाराज होकर भारी संख्या में किसान मुलाना स्थित पावर हाउस पहुंच गए। समाधान न होने से भड़के किसानों ने रात करीब 9 बजे पावर हाउस के मुख्य दफ्तर पर ताला जड़ दिया और वहीं धरने पर बैठ गए। बाकियों शहीद भगत सिंह के खंड प्रधान लखबीर सिंह ने बताया की बिजली निगम के अधिकारियों द्वारा उन्हें आश्वासन दिया गया था कि कृषि कार्य के लिए बिजली की ज्यादा कटौती नहीं होनी तय समय पर ही कटौती होगी लेकिन हालात ऐसे हैं कि तय समय पर कटौती हो रही है इसके बाद भी ब्रेकडाउन बोलकर बिजली काट दी जा रही है। यह प्रदर्शन भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के बैनर तले किया गया।
फसलों को हो रहा नुकसान
भाकियू (शहीद भगत सिंह) के पदाधिकारियों ने बताया कि कुछ दिनों से कृषि कार्य के लिए मिलने वाली बिजली में भारी कटौती की जा रही है। इस समय फसलों को पानी की सख्त जरूरत है, लेकिन निगम की लापरवाही के कारण किसानों को पर्याप्त बिजली नहीं मिल पा रही है। दिन हो या रात, अघोषित कटों से किसान बेहाल हैं। बार-बार शिकायत के बाद भी जब अधिकारियों ने कोई सुध नहीं ली, तो किसानों को मजबूरन यह कदम उठाना पड़ा। रात 9 बजे शुरू हुआ यह हंगामा देर तक जारी रहा। किसानों ने बिजली निगम और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों का कहना है कि एक तरफ सरकार किसानों की आय दोगुनी करने की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ बुनियादी सुविधाएं जैसे बिजली-पानी भी मुहैया नहीं कराई जा रही हैं। खबर लिखे जाने तक किसान पावर हाउस के बाहर डटे हुए थे और मौके पर तनाव की स्थिति बनी हुई थी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मुलाना। ग्रामीण क्षेत्रों में कई दिनों से जारी बिजली कटौती से गुस्साए किसानों का सब्र मंगलवार रात को टूट गया। मुलाना और शहजादपुर में किसानों ने पावर हाउस पर प्रदर्शन किया और बिजली निगम के अधिकारियों को जमकर कोसा। शहजादपुर में तो पुलिस अधिकारियों ने किसानों को समझाकर वापस भेज दिया लेकिन मुलाना में रात 10 बजे तक किसान ताला जड़कर पावर हाउस पर बैठे रहे।
उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (यूएचबीवीएन) की ओर से कृषि क्षेत्र की बिजली में की जा रही अघोषित कटौती से नाराज होकर भारी संख्या में किसान मुलाना स्थित पावर हाउस पहुंच गए। समाधान न होने से भड़के किसानों ने रात करीब 9 बजे पावर हाउस के मुख्य दफ्तर पर ताला जड़ दिया और वहीं धरने पर बैठ गए। बाकियों शहीद भगत सिंह के खंड प्रधान लखबीर सिंह ने बताया की बिजली निगम के अधिकारियों द्वारा उन्हें आश्वासन दिया गया था कि कृषि कार्य के लिए बिजली की ज्यादा कटौती नहीं होनी तय समय पर ही कटौती होगी लेकिन हालात ऐसे हैं कि तय समय पर कटौती हो रही है इसके बाद भी ब्रेकडाउन बोलकर बिजली काट दी जा रही है। यह प्रदर्शन भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के बैनर तले किया गया।
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फसलों को हो रहा नुकसान
भाकियू (शहीद भगत सिंह) के पदाधिकारियों ने बताया कि कुछ दिनों से कृषि कार्य के लिए मिलने वाली बिजली में भारी कटौती की जा रही है। इस समय फसलों को पानी की सख्त जरूरत है, लेकिन निगम की लापरवाही के कारण किसानों को पर्याप्त बिजली नहीं मिल पा रही है। दिन हो या रात, अघोषित कटों से किसान बेहाल हैं। बार-बार शिकायत के बाद भी जब अधिकारियों ने कोई सुध नहीं ली, तो किसानों को मजबूरन यह कदम उठाना पड़ा। रात 9 बजे शुरू हुआ यह हंगामा देर तक जारी रहा। किसानों ने बिजली निगम और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों का कहना है कि एक तरफ सरकार किसानों की आय दोगुनी करने की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ बुनियादी सुविधाएं जैसे बिजली-पानी भी मुहैया नहीं कराई जा रही हैं। खबर लिखे जाने तक किसान पावर हाउस के बाहर डटे हुए थे और मौके पर तनाव की स्थिति बनी हुई थी।

मुलाना में पावर हाउस पर किसानों द्वारा जड़ा गया ताला।