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Rewari News: बीस दिन बाद खुला राज...सड़क हादसे में नहीं हुई थी ईएचसी की मौत, की गई थी हत्या
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 01 Jun 2026 11:34 PM IST
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पुलिसकर्मी की हत्या करने में शामिल आरोपी पुलिस की गिरफ्त में। स्रोत: प्रवक्ता
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कोसली (रेवाड़ी)। जाटूसाना थाना पुलिस ने 20 दिन पहले हरियाणा पुलिस के ईएचसी (मुख्य सिपाही) कृष्ण कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले का खुलासा करते हुए इसे हत्या करार दिया है। पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ते हुए मुख्य आरोपी जतिन कुमार निवासी नैनसुखपुरा को गिरफ्तार किया है। आरोपी मृतक के चचेरे भाई का बेटा बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपी को दो दिन के रिमांड पर लिया है।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय की विज्ञप्ति के अनुसार 11 मई को मुख्य सिपाही (ईएचसी) कृष्ण कुमार के सड़क हादसे में घायल होने के बाद अस्पताल में मौत की सूचना मिली थी। शुरुआती जांच में नैनसुखपुरा निवासी सुमन ने पुलिस को बताया था कि 10 मई की रात उसका अपने पति मनोज के साथ झगड़ा हुआ था। इसके बाद उसने कृष्ण कुमार को मदद के लिए बुलाया था।
सुमन ने बताया था कि कृष्ण कुमार पहले से घायल थे। बाद में शिकायत देकर लौटते समय वह सड़क किनारे रुके और किसी अज्ञात मोटरसाइकिल की टक्कर से घायल हो गए। इसी आधार पर पुलिस ने सड़क दुर्घटना में कृष्ण कुमार के घायल होने का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
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मामले में बड़ा मोड़ तब आया जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई। रिपोर्ट में कृष्ण कुमार के शरीर पर करीब 15 गंभीर चोटों के निशान मिले। साथ ही किसी नुकीली वस्तु से कई वार किए जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद पुलिस को सड़क हादसे की कहानी पर संदेह हुआ।
27 मई को मृतक कृष्णकुमार की मां संतोष देवी ने पुलिस को दिए बयान में सुमन, उसके पति मनोज, शेर सिंह और जतिन पर हत्या का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि 10 मई की रात करीब ढाई बजे कृष्ण कुमार खून से लथपथ हालत में उनके पास आया था। उसने बताया था कि सुमन ने उसे घर बुलाकर फंसा लिया और वहां आरोपियों ने मिलकर उस पर हमला किया था।
खेत वाले मकान में मिला खून
संतोष देवी के अनुसार बाद में सुमन ने कृष्ण कुमार को दोबारा खेत स्थित मकान पर बुलाया था। जांच के दौरान वहां खून के निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका और मजबूत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयानों के आधार पर पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ दी। पुलिस ने रविवार को मुख्य आरोपी जतिन कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस हत्या में प्रयुक्त हथियार की बरामदगी और अन्य आरोपियों सुमन, मनोज तथा शेर सिंह की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापा डाल रही है।
हत्या को दुर्घटना दिखाने की हुई थी कोशिश
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि एक पुलिसकर्मी की हत्या कर उसे सड़क दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी। मामले की गहन जांच जारी है और सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय की विज्ञप्ति के अनुसार 11 मई को मुख्य सिपाही (ईएचसी) कृष्ण कुमार के सड़क हादसे में घायल होने के बाद अस्पताल में मौत की सूचना मिली थी। शुरुआती जांच में नैनसुखपुरा निवासी सुमन ने पुलिस को बताया था कि 10 मई की रात उसका अपने पति मनोज के साथ झगड़ा हुआ था। इसके बाद उसने कृष्ण कुमार को मदद के लिए बुलाया था।
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सुमन ने बताया था कि कृष्ण कुमार पहले से घायल थे। बाद में शिकायत देकर लौटते समय वह सड़क किनारे रुके और किसी अज्ञात मोटरसाइकिल की टक्कर से घायल हो गए। इसी आधार पर पुलिस ने सड़क दुर्घटना में कृष्ण कुमार के घायल होने का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
मामले में बड़ा मोड़ तब आया जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई। रिपोर्ट में कृष्ण कुमार के शरीर पर करीब 15 गंभीर चोटों के निशान मिले। साथ ही किसी नुकीली वस्तु से कई वार किए जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद पुलिस को सड़क हादसे की कहानी पर संदेह हुआ।
27 मई को मृतक कृष्णकुमार की मां संतोष देवी ने पुलिस को दिए बयान में सुमन, उसके पति मनोज, शेर सिंह और जतिन पर हत्या का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि 10 मई की रात करीब ढाई बजे कृष्ण कुमार खून से लथपथ हालत में उनके पास आया था। उसने बताया था कि सुमन ने उसे घर बुलाकर फंसा लिया और वहां आरोपियों ने मिलकर उस पर हमला किया था।
खेत वाले मकान में मिला खून
संतोष देवी के अनुसार बाद में सुमन ने कृष्ण कुमार को दोबारा खेत स्थित मकान पर बुलाया था। जांच के दौरान वहां खून के निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका और मजबूत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयानों के आधार पर पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़ दी। पुलिस ने रविवार को मुख्य आरोपी जतिन कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस हत्या में प्रयुक्त हथियार की बरामदगी और अन्य आरोपियों सुमन, मनोज तथा शेर सिंह की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापा डाल रही है।
हत्या को दुर्घटना दिखाने की हुई थी कोशिश
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि एक पुलिसकर्मी की हत्या कर उसे सड़क दुर्घटना का रूप देने की कोशिश की गई थी। मामले की गहन जांच जारी है और सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।