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छांव घटा दी जाएगी

                
                                                                                 
                            उनकी हर गलती भुला दी जाएगी
                                                                                                

तुम सही हो तो भी सज़ा दी जाएगी

तल्खियों की शिद्दत बढ़ा दी जाएगी
दरमियान एक दीवार उठा दी जाएगी

मुश्किलें बढ़ेंगी दोनों सिरों से "अर्श"
धूप बढ़ेगी और छांव घटा दी जाएगी

- हमें विश्वास है कि हमारे पाठक स्वरचित रचनाएं ही इस कॉलम के तहत प्रकाशित होने के लिए भेजते हैं। हमारे इस सम्मानित पाठक का भी दावा है कि यह रचना स्वरचित है।

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1 year ago

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