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घूंघट की झिर्री

                
                                                                                 
                            देखती नहीं और देख भी लेती, नजर तीखे।
                                                                                                

जी भर देखने का तरीका, कोई इनसे सीखे।

कोई घूंघट की झिर्री से, एक आँख से देखे।
नजर से नजर न लड़ जाये, ऐसा ढंग सीखे।

चौखट को पकड़कर, तिरछी नजर से देखे।
उनकी बात और, 'उपदेश' नहीं इन सरीखे।

उपदेश कुमार शाक्यावार 'उपदेश'
गाजियाबाद
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1 month ago

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