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UP: रामकथा कार्यक्रम में पहुंचे सीएम योगी, बोले- राम के नाम में है जीवन की हर समस्या का समाधान

शुभम अवस्थी, अमर उजाला, लखनऊ Published by: Ishwar Ashish Bhartiya Updated Tue, 09 Jun 2026 01:58 PM IST
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सार

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राम हमारी संस्कृति का आधार हैं। यही कारण है कि राम मंदिर के निर्माण का आंदोलन 500 वर्षों तक किसी न किसी रूप में चलता रहा क्योंकि प्रभु श्रीराम का नाम हर भारतीय को एक दूसरे से जोड़ता है।

Lucknow: CM Yogi Adityanath in Jagadguru Rambhadracharya Ram Katha Karyakram.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। - फोटो : amar ujala
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विस्तार

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि मनुष्य के जीवन की हर समस्या का समाधान प्रभु श्रीराम के नाम में है। दुनिया मे रहने वाले हर भारतीय का डीएनए प्रभु श्रीराम से जुड़ा हुआ है। भारत को पूर्व से पश्चिम और उत्तर से दक्षिण को जोड़ने वाला एक ही नाम है जो प्रभु श्रीराम का है।



मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को लखनऊ में जगद्गुरू रामभद्राचार्य की रामकथा कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राम हमारी संस्कृति का आधार हैं। यही कारण है कि राम मंदिर के निर्माण का आंदोलन 500 वर्षों तक किसी न किसी रूप में चलता रहा क्योंकि प्रभुश्रीराम का नाम हर भारतीय को एक दूसरे से जोड़ता है। राम मंदिर के लिए भारत के पूज्य संतों ने लगातार अभियान चलाया तब अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण हुआ।
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महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए
इसके पहले रामभद्राचार्य ने अपने कार्यक्रम में कहा कि भारतीय संस्कृति में वाइफ और बीवी नहीं होती, यहां धर्मपत्नी होती है। जो पति को पतन से बचा ले, वही पत्नी कहलाने योग्य है। उन्होंने कहा कि नारी सम्मान सनातन का मूल मंत्र है। महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए लाए गए नारी शक्ति वंदन प्रस्ताव का भी विरोध हुआ था, जबकि भारतीय संस्कृति के अनुसार महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण भी दिया जाए तो कम है। परिवार, समाज और राष्ट्र निर्माण में महिलाओं की भूमिका सर्वोपरि है।

कथा के दौरान रामभद्राचार्य ने भगवान श्रीराम के वनवास काल में आदिवासियों, गिरिवासियों एवं शबरी से मिलन के प्रसंगों का वर्णन किया। उन्होंने ऋषि शरभंग प्रसंग का उल्लेख करते हुए नवधा भक्ति के छठे स्वरूप वंदन भक्ति की विस्तृत व्याख्या की।

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