96 साल, 22 संस्करण और सिर्फ 8 चैंपियन!: फीफा विश्वकप जीतना क्यों आसान नहीं; क्या इस बार मिलेगा कोई नया विजेता?
फीफा विश्व कप का इतिहास 1930 से शुरू हुआ और अब तक 22 संस्करण खेले जा चुके हैं। हैरानी की बात यह है कि इतने लंबे इतिहास में केवल आठ देश ही विश्व चैंपियन बन पाए हैं। ब्राजील पांच खिताब के साथ सबसे सफल टीम है, जबकि जर्मनी और इटली ने चार-चार बार ट्रॉफी जीती है। 2026 में पहली बार 48 टीमों वाला विश्व कप खेला जाएगा, लेकिन इतिहास बताता है कि चैंपियन बनना अब भी दुनिया की सबसे कठिन खेल उपलब्धियों में से एक है।
विस्तार
फीफा विश्व कप दुनिया का सबसे बड़ा फुटबॉल टूर्नामेंट माना जाता है। इसकी शुरुआत 1930 में हुई थी और तब से लेकर 2022 तक, 96 साल में कुल 22 संस्करण खेले जा चुके हैं। हालांकि इतने लंबे इतिहास के बावजूद केवल आठ देश ही विश्व कप जीत पाए हैं। यह आंकड़ा बताता है कि फुटबॉल की सबसे प्रतिष्ठित ट्रॉफी जीतना कितना मुश्किल काम है।
2026 में अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको की संयुक्त मेजबानी में विश्व कप का 23वां संस्करण खेला जाएगा। इस बार रिकॉर्ड 48 टीमें हिस्सा लेंगी, लेकिन इतिहास को देखते हुए यह सवाल बना हुआ है कि क्या कोई नया देश पहली बार चैंपियन बन पाएगा?
ब्राजील: विश्व फुटबॉल का बेताज बादशाह
विश्व कप इतिहास में सबसे सफल टीम ब्राजील रही है। उसने 1958, 1962, 1970, 1994 और 2002 में खिताब जीता। पांच ट्रॉफियों के साथ ब्राजील आज भी नंबर-एक है। ब्राजील की सफलता में पेले, रोमारियो, रोनाल्डो, रोनाल्डिन्हो और नेमार जैसे सितारों का बड़ा योगदान रहा है। हालांकि हैरानी की बात यह है कि 2002 के बाद से ब्राजील एक भी विश्व कप नहीं जीत पाया है।

ब्राजील के बाद जर्मनी और इटली का नाम आता है। दोनों देशों ने चार-चार बार विश्व कप जीता है। जर्मनी ने 1954, 1974 और 1990 में पश्चिम जर्मनी के रूप में खिताब जीता था। इसके बाद एकीकृत जर्मनी ने 2014 में चौथी ट्रॉफी अपने नाम की।
दूसरी ओर इटली ने 1934 और 1938 में लगातार दो विश्व कप जीते। बाद में 1982 और 2006 में भी चैंपियन बना। दिलचस्प बात यह है कि चार बार की विश्व चैंपियन इटली 2018, 2022 और 2026 तीनों विश्व कप के लिए क्वालिफाई नहीं कर सकी।
अर्जेंटीना विश्व कप इतिहास की सबसे चर्चित टीमों में शामिल है। उसने 1978, 1986 और 2022 में ट्रॉफी जीती। 1986 विश्व कप में कप्तान डिएगो माराडोना ने फुटबॉल इतिहास के दो सबसे चर्चित गोल किए थे। वहीं 2022 में लियोनेल मेसी की अगुवाई में अर्जेंटीना ने फ्रांस को हराकर तीसरा खिताब जीता। अब 2026 में अर्जेंटीना डिफेंडिंग चैंपियन के रूप में उतरेगा। माना जा रहा है कि यह मेसी का आखिरी विश्व कप हो सकता है।
उरुग्वे की जर्सी पर चार स्टार क्यों?
उरुग्वे ने आधिकारिक तौर पर केवल दो विश्व कप (1930 और 1950) जीते हैं। लेकिन उसकी जर्सी पर चार स्टार दिखाई देते हैं। इसकी वजह यह है कि 1924 और 1928 के ओलंपिक फुटबॉल टूर्नामेंट को फीफा ने विश्व चैंपियनशिप का दर्जा दिया था। इन्हीं दो उपलब्धियों के कारण उरुग्वे को अतिरिक्त दो स्टार लगाने की अनुमति मिली हुई है।
फीफा विश्व कप 2026 इतिहास का सबसे बड़ा संस्करण होगा। पहली बार 48 टीमें हिस्सा लेंगी और कुल 104 मुकाबले खेले जाएंगे। इससे छोटे देशों और नए फुटबॉल राष्ट्रों को खुद को साबित करने का बड़ा मंच मिलेगा। फिर भी पिछले 96 वर्षों का इतिहास यही कहता है कि विश्व कप जीतना बेहद मुश्किल है। ब्राजील, जर्मनी, इटली और अर्जेंटीना जैसे दिग्गज देशों ने इस मंच पर अपना दबदबा बनाया है। अब देखना दिलचस्प होगा कि 2026 में कोई नया देश इतिहास रचता है या फिर ट्रॉफी एक बार फिर पुराने दिग्गजों के हाथों में जाती है।