लोकप्रिय और ट्रेंडिंग टॉपिक्स

Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bahraich ›   276 flats not allocated in bahraich.

Bahraich: आवंटन के इंतजार में 276 फ्लैट हो रहे खस्ताहाल, 6.5 करोड़ की लागत से 2012-14 में किया गया था निर्माण

जितेंद्र दीक्षित, अमर उजाला, बहराइच Published by: लखनऊ ब्यूरो Updated Mon, 08 Aug 2022 06:37 PM IST
सार

बहराइच में 276 फ्लैट आवंटन के इंतजार में खस्ताहाल हो रहे हैं। इनके खिड़की-दरवाजे चोर निकाल ले गए हैं। यहां अब मवेशियों का बसेरा है। हर तरफ झाड़ियां उग आई हैं।

276 flats not allocated in bahraich.
- फोटो : amar ujala
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

आर्थिक रूप से कमजोर व झुग्गी-झोपड़ियों में रह रहे परिवारों को पक्के मकान की सौगात देेने के लिए 6.5 करोड़ की लागत से बनाए गए फ्लैट हुक्मरानों की लापरवाही के चलते खंडहर में तब्दील हो रहे हैं। 2012-2014 में आईएसबीटी योजना के तहत 276 परिवारों के लिए बनाए गए ये फ्लैट अब छुट्टा मवेशियों व चोरों की शरणस्थली बनकर रह गए हैं। फ्लैटों के दरवाजे, खिड़कियों, पाइप आदि पर चोर हाथ साफ कर रहे हैं और भवन जर्जर हो रहा है, लेकिन जिले के जिम्मेदार हुक्मरान 8-10 साल बीतने के बाद भी गरीब परिवारों को आवास आवंटित करने के प्रति सजग नहीं दिख रहे हैं। लापरवाही के चलते 6.5 करोड़ की भारी भरकम धनराशि बर्बाद हो रही है।



जिला नगरीय विकास प्राधिकरण (डूडा) की ओर से साल 2012 में गरीब परिवारों को पक्का मकान देने के लिए आईएसबीटी योजना की घोषणा की गई थी। योजना के तहत 276 फ्लैट बनाकर जिले के गरीब परिवारों को आवंटित किए जाने थे। डूडा की ओर से 6.5 करोड़ की लागत से बनने वाले इन आवासों की जिम्मेदारी राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड को सौंपी गई थी। संस्था की ओर से फ्लैटों का निर्माण तो करवा दिया गया, लेकिन कुछ कार्य शेष रह गया था। आवासों के निर्माण के इतने साल बीतने के बाद भी कार्यदायी संस्था ने शेष बचे कार्य को पूर्ण करवाकर बिल्डिंग को हैंडओवर नहीं किया है।


वहीं, डूडा के जिम्मेदार भी 6.5 करोड़ खर्च कर बनाए गए इन आवासों को लगभग भूल गए हैं जिसके चलते पक्के मकान का सपना संजोए बैठे गरीब परिवारों का सपना टूटता नजर आ रहा है। देखरेख के अभाव में निर्मित फ्लैट में लगा सामान चोर ले जा रहे हैं। किसी फ्लैट से खिड़की तो कहीं से दरवाजा गायब हो रहा है। फ्लैट की फर्श व प्लास्टर टूट रहा है। यही नहीं आवास परिसर में बड़ी-बड़ी झाड़ियां उग आईं हैं। ऐसे में शासन का 6.5 करोड़ रुपया लापरवाही की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है।

जिला नगरीय विकास प्राधिकरण की ओर से जब आवासीय फ्लैट निर्माण की घोषणा की गई तो भारी संख्या में आवास के लिए आवेदन किए गए थे। 276 परिवारों के लिए बनाए गए फ्लैटों के लिए 400 लोगों ने आवेदन किया था लेकिन अब इन परिवारों की आवास की उम्मीद टूट रही है।

बहुमंजिला बिल्डिंग की हकीकत जानने के लिए जब इसकी पड़ताल की गई तो यहां कई कमरों में मवेशी बंधे पाए गए। मवेशियों के खाने के लिए चारा व पानी रखा मिला। हालांकि, इस दौरान कोई व्यक्ति मौजूद नहीं मिला, जिससे कुछ पूछा जा सके। वहीं, दो फ्लैटों में कुछ महिलाओं व बच्चों को बैठे देखा गया। जब उनसे जानकारी लेने की कोशिश की गई तो उन्होंने कुछ भी बताने से मना कर दिया।

आवासों के खंडहर में तब्दील होने को लेकर जब डूडा के पीओ संजय सिंह से बात की गई तो उन्होंने ठीकरा लाभार्थियों पर ही फोड़ दिया। संजय सिंह ने बताया कि योजना के तहत लाभार्थी अंश भी जमा होना था। अनुसूचित जाति के लिए निर्माण लागत का 10 प्रतिशत व सामान्य वर्ग के लिए 12 प्रतिशत निर्धारित किया गया था। लाभार्थियों ने अंश जमा करने पर ध्यान नहीं दिया और मात्र 10-15 लाभार्थियों ने ही अपने हिस्से का पैसा जमा किया। इसके चलते फिनिशिंग रुकी है। उन्होंने बताया कि लाभार्थी अंश लगभग 80 लाख जमा होना है।

निर्माण को लेकर डीएम ने सख्ती के साथ दो बार संस्था को पत्र लिखा है और एफआईआर दर्ज करवाने की बात तक कही है। 15 अगस्त के बाद अभियान चलाकर कार्य पूर्ण करवाया जाएगा और पहले चरण में 100 परिवारों को आवास आवंटित किए जाएंगे। जो कार्य अधूरा बचा है उसे लाभार्थी अपने अंश से पूर्ण करवाएंगे। - संजय सिंह, पीओ, डूडा

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
एप में पढ़ें

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00