‘आन’ की बलि: न सांप का डंक और न सुसाइड; शुभी के कत्ल में सबकुछ था स्क्रिप्टेड, नहीं देखी होगी ऐसी हैवानियत
Hardoi Honor Killing News: संडीला कोतवाली क्षेत्र में ‘आन’ के नाम पर पिता और परिजनों ने 18 वर्षीय युवती की पीट-पीटकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को सर्पदंश व आत्महत्या का रूप देने की नाकाम कोशिश की। मां की शिकायत पर पुलिस ने साक्ष्य मिटाने व हत्या की धाराओं में केस दर्ज कर चार आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
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घर की चारदीवारी में रची गई एक खौफनाक साजिश और उसके बाद रची गई गुमराह करने की कहानी। हरदोई में एक किशोरी की हत्या के बाद उसे सर्पदंश और आत्महत्या में बदलने की कोशिश ने पुलिस के होश उड़ा दिए। पिता और ताऊ की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने बेटी की मौत के बाद शव के साथ भी दरिंदगी की। लेकिन, मां की हिम्मत ने इस अपराध की पटकथा लिखने वालों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला…
बिना कुछ बताए घर से चली गई थी युवती
संडीला कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में आन की खातिर पिता ने भाइयों और भाभी के साथ बेटी की पीट-पीटकर कर हत्या कर दी। दरअसल युवती तीन जून की रात 12 बजे बिना कुछ बताए घर से चली गई थी और सुबह चार बजे वापस आई थी। इसी से नाराज होकर वरदात को अंजाम दिया गया।
शव के पैरों में सुई भी चुभोई
मामले को सर्पदंश से जोड़ने के लिए शव के पैरों में सुई चुभोई गई। इसके बाद फंदा कसकर खुदकुशी का रूप देने की भी कोशिश की गई। मां की शिकायत पर पुलिस ने खुलासा करते हुए पांच लोगों पर प्राथमिकी दर्ज कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
बेटी को दो-तीन तमाचे मारे
कोतवाली क्षेत्र के गांव समदखेड़ा निवासी महिला मिथिलेशा ने बताया कि बेटी शुभी (18) तीन जून की रात 12 बजे बिना कुछ बताए घर से चली गई थी। परिजन उसकी तलाश कर रहे थे। इस बीच चार जून की सुबह लगभग चार बजे वह घर आ गई थी। इस पर पिता ने बेटी को दो-तीन तमाचे मारे और फिर लेट गए।
पीट-पीटकर शुभी की हत्या कर दी
इस पर वह कमरे में चली गई और दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। कुछ ही देर में ताऊ मुनेश, कल्लू, सुरेश और ताई मुनेश की पत्नी माधुरी ने शुभी के बारे में पूछा। कमरे में होने का पता चलने पर आरोपियों ने दरवाजा खुलवाकर पीट-पीटकर शुभी की हत्या कर दी।
मां को न तो रोने दिया और न ही बेटी को देखने दिया
इस दौरान रामदयाल भी अपने भाइयों और भाभी का सहयोग करता रहा। दावा है कि आरोपियों ने मां को न तो रोने दिया और न ही बेटी को देखने दिया। गांव में ही अपने बाग में अंतिम संस्कार कर दिया। शनिवार शाम मिथिलेशा ने घटना की जानकारी पुलिस को दी।
चारों को न्यायालय से जेल भेज दिया गया
सीओ संतोष सिंह ने बताया कि मां की शिकायत पर पांच लोगों के खिलाफ हत्या करने और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। मृतका के पिता रामदयाल, ताऊ मुनेश और सुरेश और ताई माधुरी को गिरफ्तार किया गया है। इन चारों को न्यायालय से जेल भेज दिया गया है। कल्लू की तलाश जारी है।
पैरों में चार जगह चुभाेई थी सुई, उसके दुपट्टे से कसा था गला
विश्वस्त सूत्र बताते हैं कि युवती की मां ने पिटाई का विरोध किया तो उसे भी हत्या की धमकी दी। मामले को सर्पदंश और खुदकुशी के तौर पर ही गांव में बताने की धमकी भी आराेपियों ने युवती की मां को दी। युवती के एक ही पैर में चार जगह सुई चुभाेई गई।
दुपट्टे से गला कसकर फंदा सा बनाया
प्रयास यह था कि सर्पदंश जैसे निशान बन जाएं। इसमें सफलता न मिलने पर घटना को खुदकुशी के रूप में दर्शाने का प्रयास हुआ। इसके लिए किशोरी के ही दुपट्टे से उसका गला कसकर फंदा सा बनाया गया। गांव में यह भी प्रचारित किया गया कि बीमारी के कारण युवती ने खुदकुशी की है।