मौत-ममता और मातम: डायरिया ने छीना इकलौता सहारा, मासूम को खो कर मां ने भी तोड़ा दम
Mahoba News: कार में बेटे को गोद में लेकर बैठी थी। माैत का पता चलते ही हालत बिगड़ गई और कुछ देर बाद मां ने भी दम तोड़ दिया।
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यूपी के महोबा जिले में दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। छह साल के बेटे ने डायरिया से दम तोड़ा तो सदमे में मां ने भी अपने प्राण त्याग दिए। यह खबर जब उनके परिजनों को मिली तो कोहराम मच गया। मां-बेटे के शव मंगलवार की शाम अंतिम संस्कार के लिए चरखारी पहुंचे तो हर आंख नम हो गई। जनपद छतरपुर के हरपालपुर नगर के मोहल्ला स्टेशन निवासी रजिया खातून (36) अपने पति सुब्हान अहमद और बेटे हसनैन (06) के साथ रहती थीं। मंगलवार दोपहर हसनैन को अचानक तेज पेटदर्द व उल्टी-दस्त की शिकायत हुई।
हालत बिगड़ने पर उसे हरपालपुर अस्पताल ले जाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे नौगांव रेफर किया गया। नौगांव में भी हसनैन की हालत गंभीर बनी रही। जिसके बाद उसे जिला अस्पताल छतरपुर भेज दिया गया। रजिया और अन्य परिजन हसनैन को कार से लेकर छतरपुर के लिए रवाना हुए लेकिन रास्ते में ही हसनैन की मौत हो गई।
रजिया हसनैन को अपनी गोद में लेकर बैठी थीं
बेटे के शरीर में किसी तरह की हलचल न होने पर रजिया की भी हालत बिगड़ने लगी। जिला अस्पताल में डॉक्टर ने हसनैन को मृत घोषित कर दिया जबकि रजिया खातून का इलाज शुरू किया लेकिन कुछ देर बाद उसकी भी मौत हो गई। मृतका के भाई मोहम्मद सलीम ने बताया कि छतरपुर लाते समय रजिया खातून, हसनैन को अपनी गोद में लेकर बैठी थीं। रास्ते में जब बच्चे के शरीर में कोई हरकत नहीं हुई तो रजिया को यह अहसास हुआ कि बेटे की मौत हो चुकी है। यह सदमा वह बर्दाश्त नहीं कर सकी और उनकी तबीयत भी बिगड़ गई।
पति कैंसर पीड़ित हैं
अस्पताल पहुंचने के कुछ देर बाद ही उन्होंने भी दम तोड़ दिया। रजिया के पति सुब्हान अहमद कैंसर पीड़ित हैं और लंबे समय से बिस्तर पर हैं। परिवार की पूरी जिम्मेदारी रजिया पर ही थी। मंगलवार की शाम दोनों के शव कस्बा चरखारी स्थित मोहल्ला भैरोगंज पहुंचे तो लोगों की भीड़ जमा हो गई। कस्बा चरखारी रजिया का मायका था। ससुराल में पति की तबीयत खराब होने पर परिजन शवों को महोबा के चरखारी लाए। जहां अंतिम संस्कार किया जाएगा। कोतवाल चरखारी प्रवीण कुमार सिंह का कहना है कि उन्हें इस प्रकार की कोई सूचना नहीं है।