अमर उजाला
Fri, 30 June 2023
मेरी साइबर सपोर्ट टीम रियल और फेक के बीच की लाइन ब्लर कर देती है
यहां मौसम नहीं बदलते इतने, जितने तुम नाम बदलते हो
ऊंचाई से गिरने वालों के टुकड़े भी बहुत ज्यादा होते हैं
सच मैं तुम्हें बोल नहीं सकता हूं और झूठ मैं तुम्हें बोलना नहीं चाहता हूं
ऑर्डर लेने की आदत मैंने कभी डाली ही नहीं
वजह हो तो कोई भी धोखा दे सकता है
करीब होकर गला काटना और भी आसान है
'बवाली' हैं ये फिल्में!