बॉलीवुड फिल्मों के वो डायलॉग, जो महिलाओं को जरुर सुनना चाहिए

अमर उजाला

Fri, 7 March 2025

Image Credit : यूट्यूब

सिनेमाई परदे पर ऐसी कई फिल्में रिलीज की गई हैं, जिनेक डायलॉग्स महिलाओं पर केंद्रित हैं।

Image Credit : यूट्यूब

आइए जानते हैं उन फिल्मों के डायलॉग्स के बारे में…

Image Credit : यूट्यूब

पिंक

इस फिल्म का डायलॉग है - ‘नो का मतलब नो होता है’, यह महिलाओं की सहमति के महत्व को दर्शाता है।

Image Credit : इंस्टाग्राम-@taapsee

थप्पड़

इस फिल्म का डायलॉग है- ‘जस्ट अ स्लैप, नहीं मार सकता’, यह महिलाओं के आत्मसम्मान की ओर संकेत करता है।

Image Credit : इंस्टाग्राम-तापसी पन्नू

मर्दानी

इस फिल्म का डायलॉग है- ‘कदम मिलाके देखो तो मैं साथ में तेरे चल दूंगी। पर छेड़ के देखो तुम मुझको, मैं तुम्हें नहीं छोड़ूंगी।’

Image Credit : सोशल मीडिया

मणिकर्णिका

इस फिल्म का डायलॉग है- ‘जब औरत उठती है न, तो फरिश्ते भी उसके सामने सिर झुका लेते हैं’, यह महिला सशक्तिकरण की ओर संकेत करता है।

Image Credit : यूट्यूब

चक दे इंडिया

इस फिल्म का डायलॉग है- ‘सत्तर मिनट, सत्तर मिनट है तुम्हारे पास, शायद तुम्हारी जिंदगी के सबसे खास सत्तर मिनट’, यह महिलाओं को अपने आप को साबित करने की बात कर रहा है।

Image Credit : सोशल मीडिया

तमन्ना से ब्रेकअप की अफवाहों के बाद विजय ने शेयर की पहली पोस्ट

इंस्टाग्राम
Read Now