अमर उजाला
Thu, 8 January 2026
उबटन का इस्तेमाल अक्सर त्वचा को चमकदार बनाने और ताजगी के लिए किया जाता है।
पारंपरिक तौर पर ये प्राकृतिक सामग्रियों से तैयार किया जाता है, लेकिन कई बार इसका अधिक या गलत तरीके से इस्तेमाल करने से त्वचा को नुकसान भी हो सकता है।
लोग अक्सर सोचते हैं कि प्राकृतिक का मतलब सुरक्षित होता है, लेकिन ये समझना चाहिए कि हर व्यक्ति की त्वचा की संवेदनशीलता अलग होती है।
अत्यधिक उबटन लगाने से त्वचा सूखी, संवेदनशील और लाल हो सकती है।
कुछ उबटन में ऐसी सामग्री भी होती हैं, जो चेहरे की प्राकृतिक तेल और कोलेजन पर असर डाल सकती हैं।
कई बार इसकी वजह से त्वचा पर छोटे-छोटे दाने या पिंपल्स बन सकते हैं।
इसलिए उबटन का इस्तेमाल हफ्ते में 1-2 बार ही करें
अपनी त्वचा के प्रकार के अनुसार सामग्री चुनें और हमेशा पैच टेस्ट करें।
पिंपल फोड़ने से क्या होता है ?