अमर उजाला
Tue, 14 June 2022
यहां भगवान राम के साथ ही रावण, मेघदूत और कुंभकरण की भी पूजा होती है
मंदिर में भगवान के दर्शन करने के लिए जो भक्त इस शर्त को पूरा करता है उसे ही प्रवेश मिलता है
इस मंदिर का निर्माण 1990 में किया गया था,मंदिर में रामायण के सभी पात्रों की प्रतिमाएं स्थापित हैं
राम के निराले धाम में भक्तों से किसी तरह का दान नहीं लिया जाता,यहां कोई दानपेटी नहीं है
कौन है सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रही आफरीन फातिमा?