अमर उजाला
Thu, 24 February 2022
दूसरा विश्व युद्ध खत्म होने के बाद दुनिया दो खेमों में बंट गई थी
दो सुपर पावर बन चुके थे, एक अमेरिका था और एक सोवियत संघ
25 दिसंबर 1991 को सोवियत संघ टूट गया, टूटकर 15 नए देश बने
सोवियत संघ के बिखरने के बाद दुनिया में अमेरिका ही एकमात्र सुपर पावर बन गया
अमेरिका के नेतृत्व वाला NATO अपना दायरा बढ़ाता चला गया, सोवियत संघ से टूटकर अलग बने देश NATO के सदस्य बनते चले गए
2004 में इस्टोनिया, लातविया और लिथुआनिया NATO में शामिल हो गए
2008 में जॉर्जिया और यूक्रेन को भी NATO में शामिल होने का न्योता दिया गया था, लेकिन दोनों देश सदस्य नहीं बन सके
अगर यूक्रेन NATO में जाता है तो भविष्य में NATO की मिसाइलें यूक्रेन की धरती पर मिनटों में आ जाएंगी, जो रूस के लिए बड़ी चुनौती है
रूस ने यूक्रेन पर बरसाने शुरू किए बम