Hindi News ›   World ›   China says Arunachal Pradesh inherent part of its territory after objection of India over renaming 15 places

बाज नहीं आ रहा ड्रैगन: फिर किया अरुणाचल पर दावा, कहा- तिब्बत का दक्षिण हिस्सा और चीन का मूल अंग है यह राज्य

वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग Published by: गौरव पाण्डेय Updated Fri, 31 Dec 2021 03:44 PM IST

सार

चीन अरुणाचल प्रदेश को दक्षिण तिब्बत बताता है और इस पर अपना दावा जताता है। इसने बुधवार को घोषणा की थी कि उसने जंगनान (चीनी में अरुणाचल प्रदेश का नाम) में 15 स्थानों के नामों का चीनी अक्षरों, तिब्बती और रोमन वर्णमाला में मानकीकरण किया है। 
 
भारत चीन गतिरोध
भारत चीन गतिरोध - फोटो : iStock
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

अरुणाचल प्रदेश के मामले में चीन अपनी नापाक हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। उसने एक बार फिर भारत के इस उत्तर पूर्वी राज्य को अपना मूल हिस्सा करार दिया है। शुक्रवार को यहां मीडिया को संबोधित करते हुए चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लीजियान ने कहा, ‘दक्षिणी तिब्बत चीन के तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र का अंग है और यह मूल रूप से चीन का हिस्सा है।’



ड्रैगन का हौसला इतना बढ़ गया  कि दिल्ली स्थिति चीन के दूतावास ने तिब्बत की निर्वासित सरकार द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में भारतीय सांसदों के भाग लेने पर नाराजगी जताते हुए इन सांसदों को चिट्ठी लिखकर आपत्ति जताई है। पिछले सप्ताह आयोजित इस कार्यक्रम में कई दलों के सांसदों ने भाग लिया था। चीन ने अरुणाचल को तिब्बत का दक्षिणी भाग बताते हुए राज्य के 15 क्षेत्रों के नाम बदलने के अपने फैसले का बचाव किया है।

भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने बृहस्पतिवार को नाम बदलने के चीन के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली में कहा था कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न हिस्सा है और किसी दूसरे देश द्वारा यहां की जगहों के नाम बदलने का कोई मतलब नहीं है। चीन 2017 में भी ऐसी हरकत कर चुका है।
बागची के इसी बयान के बाद झाओ लीजियान ने प्रेस के सवालों के जवाब में अरुणाचल पर चीन का दावा ठोका। लीजियान ने कहा, उस क्षेत्र में कई नस्लों के लोग रहते हैं और उन्होंने अपने हिसाब से क्षेत्रों के नाम रखे हैं। क्षेत्र के प्रबंधन के लिए चीन के सक्षम प्राधिकारियों ने नियमानुसार संबंधित क्षेत्रों के नामों का मानकीकरण किया है और ये चीन की स्वायत्ता का मामला है।
नाम बदलने से तथ्य नहीं बदलेगा: भारत चीन की हरकत पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा, अरुणाचल प्रदेश हमेशा से भारत का अभिन्न हिस्सा, है और रहेगा। यहां के जगहों के नाम बदलने से इस तथ्य में कोई बदलाव नहीं आएगा।

गुर्राना बंद करे चीन: तिब्बती प्रवक्ता तिब्बत की निर्वासित सरकार ने कहा है कि तिब्बत के मुद्दे पर चीन को ‘यहां-वहां’ गुर्राना बंद करके तिब्बती लोगों की इच्छा के अनुसार बातचीत से चीन-तिब्बत समस्या का समाधान करना चाहिए। सरकार के प्रवक्ता तेनजिंग लक्ष्य ने कहा कि तिब्बत का मसला निश्चित रूप से चीन का आंतरिक मसला नहीं है। तेनजिंग ने दिल्ली स्थिति चीन दूतावास द्वारा तिब्बती सरकार के कार्यक्रम में शामिल होने वाले भारतीय सांसदों को चिट्ठी लिखकर आपत्ति जताने के मामले में प्रतिक्रिया देते हुए ट्विटर पर यह टिप्पणी की।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
  • Downloads
    News Stand

Follow Us

  • Facebook Page
  • Twitter Page
  • Youtube Page
  • Instagram Page
  • Telegram
एप में पढ़ें

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00