Hindi News ›   World ›   Several people including children were killed and injured by Taliban fighters fired celebratory victory Panjshir

अफगानिस्तान: पंजशीर फतह का दावा कर तालिबानी लड़ाकों ने किए हजारों हवाई फायर, 17 की मौत, 41 घायल

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रशांत कुमार झा Updated Sat, 04 Sep 2021 11:27 PM IST
सार

अफगानिस्तान पर हुकूमत के बाद तालिबान ने पंजशीर पर कब्जा करने का दावा किया है। पंजशीर घाटी कब्जाने के बाद तालिबान अब जश्न मना रहा है, लेकिन तालिबानियों का जश्न अफगानिस्तान के लोगों पर भारी पड़ रहा है। तालिबान के हवाई फायर में कई लोगों की मौत होने की खबर आ रही है। हालांकि, पंजशीर ने तालिबान के दावे को खारिज कर दिया है। पंजशीर का कहना है कि तालिबान ने इस घाटी पर कब्जा नहीं किया है। 

तालिबान  (फाइल)
तालिबान (फाइल) - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

पंजशीर में जीत का दावा करने के बाद जश्न में तालिबान लड़ाकों ने जमकर हवाई फायरिंग की। फायरिंग में 17 लोगों की मौत हो गई और करीब 41 लोग घायल भी हुए हैं। टोलो न्यूज के मुताबिक, शुक्रवार रात शहर में की गई हवाई फायरिंग में हुए घायल लोगों को इमरजेंसी की हालत में अस्पताल लाया गया। पंजशीर में तालिबान लड़ाकों और प्रतिद्वंद्वी ताकतों के बीच अफगानिस्तान के आखिरी प्रांत पर कब्जे के लिए लड़ाई चल रही है।



जानकारी के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से जारी लड़ाई में दोनों पक्षों के 300 से ज्यादा लड़ाके अपनी जान गंवा चुके हैं। इससे पहले तालिबान ने पंजशीर को जीतने का दावा किया था। हालांकि, उत्तरी प्रतिरोधी मोर्चे ने तालिबान के दावे का खंडन किया है। इस घटना के बाद तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्ला मुजाहिद ने ट्विटर पर सख्त नसीहत दी है कि लड़ाके जश्न के लिए हवाई फायरिंग के बजाय खुदा का शुक्रिया अदा करें।


तालिबान के दावे को विद्रोही गुटों ने किया खारिज
तालिबान का दावा है कि उसने पंजशीर प्रांत को अपने कब्जे में ले लिया है, जबकि रेजिस्टेंस फोर्सेज (विद्रोही गुटों) ने तालिबान के दावे को खारिज किया है। साथ ही यह भी दावा किया है कि उन्होंने तालिबान को भारी नुकसान पहुंचाया है। पंजशीर घाटी में विद्रोहियों का नेतृत्व कर रहे अहमद मसूद ने तालिबान के दावे का खंडन करते हुए कहा, पाकिस्तान में पंजशीर जीतने की जो खबरें प्रसारित हो रही हैं, वे फर्जी हैं। 

तालिबान ने दावा किया कि पंजशीर पर चढ़ाई के बाद अफगानिस्तान के उपराष्ट्रपति और पंजशीर से तालिबान को चुनौती दे रहे अमरुल्लाह सालेह खुद देश छोड़कर फरार हैं, हालांकि, इस बीच अमरुल्लाह सालेह ने एक वीडियो पोस्ट कर तालिबान के दावे को खारिज करते हुए कहा कि वह देश छोड़कर भागे नहीं हैं। उन्होंने कहा है कि वह पंजशीर घाटी में ही हैं और रेसिस्टेंस फोर्स के कमांडरों और राजनीतिक हस्तियों के साथ हैं। 


तालिबान का प्रतिनिधिमंडल दोहा में ब्रिटेन, पाकिस्तान, जर्मनी के राजनयिकों से मिला
इस बीच तालिबान के प्रतिनिधिमंडल ने बीते कुछ दिनों में दोहा में ब्रिटेन, पाकिस्तान और जर्मनी के राजनयिकों से मुलाकात की। तालिबान का राजनीतिक कार्यालय दोहा में है और इसके प्रमुख शेर मोहम्मद अब्बास स्टेनकजई ने अफगानिस्तान के मौजूदा हालात पर कनाडा, भारत और जर्मनी के राजदूतों से भी बात की।

तालिबान के प्रवक्ता सुहेल शाहीन ने शुक्रवार को एक के बाद एक ट्वीट कर विभिन्न देशों के राजदूतों से हुई चर्चा की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी राजदूत सैय्यद अहसान रजा शाह के साथ मानवीय सहयोग, परस्पर हितों के द्विपक्षीय संबंधों, अफगानिस्तान के पुनर्निर्माण को लेकर चर्चा हुई। ब्रिटेन के प्रधानमंत्री के विशेष राजनयिक सिमन गास के साथ सुरक्षा विषयों पर चर्चा हुई।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
  • Downloads
    News Stand

Follow Us

  • Facebook Page
  • Twitter Page
  • Youtube Page
  • Instagram Page
  • Telegram
एप में पढ़ें

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00