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सरकारी नौकरी

                
                                                         
                            "आज के दौर में"
                                                                 
                            
"खेलोगे कूदोगे तो बनोगे
नवाब पढ़ोगे लिखोगे तो होगे ख़राब "
यदि मनुष्य बर्बाद हो रहा हो तो सिर्फ प्यार की वजह से नहीं,
ये तो खामोखा बदनाम है जनाब,
जरा उन्हें भी देखिए जो सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे है।
यदि आप छत्तीसगढ़ में हैं और किसी को बर्बाद करना चाहते है, तो आप सरकारी नौकरी की तैयारी के लिए सलाह दें।
यदि बेरोजगार व्यक्ति दिखे,
तो समझिए आप निश्चित छत्तीसगढ़ में हैं।
यदि कोई बेरोजगार हैं,
तो यह न समझिए कि वह निकम्मा है,
वह एक छात्र है।
यदि किसी का विवाह 21 से 25 के मध्य होता दिखे,
तो समझिए वह एक व्यापारी है।
यदि किसी का विवाह 30 से 40 वर्ष के मध्य होता दिखे,
तो समझिए वह एक सरकारी कर्मचारी है।
यदि कोई व्यक्ति विवाह में ज्यादा दहेज लेता दिखे,
तो समझिए वह सरकारी कर्मचारी है।
यदि कोई व्यक्ति 5 से 7 लाख की वाहन में सफर करता दिखे,
तो समझिए वह सरकारी कर्मचारी है,
यदि कोई 30 लाख से ऊपर की वाहन में सफर करता दिखे, तो समझिए वह व्यापारी है।
यदि कोई व्यक्ति मोलभाव करता दिखे,
तो समझिए वह एक सरकारी कर्मचारी है।
यदि कोई व्यक्ति छोटी-छोटी खुशियों में दिखावा करते दिखे,
तो समझिए वह एक सरकारी कर्मचारी है।
यदि कोई व्यक्ति घमंडी करता दिखे,
तो समझिए वह सरकारी कर्मचारी है।
-रवि यादव
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
एक घंटा पहले

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