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दिखावे की ये बादशाहत

                
                                                         
                            कपड़ों की चमक से किरदार नहीं बनते
                                                                 
                            
इत्र की खुशबू से इंसान नहीं महकते।
तेरे महलों की सीढ़ियाँ ऊँची सही
दिखावे की ये बादशाहत दो दिन की नहीं।
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एक घंटा पहले

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