हमे तेरी गली से गुजरना पड़ा आज।
अपने अहद से, मुकरना पड़ा आज।।
एक मुद्दत से जिससे किनारा किया।
उस दरिया मे यूँ उतरना पड़ा आज।।
-यूनुस खान
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