जग में सबसे सुंदर नाता
दो नैनों का है कहलाता
हंसते खिलखिलाते साथ साथ
दुनिया भी निहारते साथ साथ
मगर दो नैनों का ये सुन्दर नाता
हालात बदलते ही बदल जाता
एक में किरकिरी चुभे तो
दूजी आँख न डबडबाये
कभी शरारत का मन बने जो
एक नैन हौले से दब जाय
सवाल जवाब की जब भी बारी आए
एक सादी दूसरी टेढ़ी चितवन दिखाए
जो एक दूजे को देखने चले
अपने पथ से भ्रमित हो जाए
दुनिया की रंगीनियां देखने को
दोनों अटूट साथी से मिल जाए
मगर दो नैनों का ये सुन्दर नाता
हालात बदलते ही बदल जाए
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
कमेंट
कमेंट X