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हक़ न मार

                
                                                         
                            पूरे कर बन्दे अपने अरमान,
                                                                 
                            
पर गैरों का हक़ न मार ,
बुरी नीयत से न देख किसी गैर का सामान,
गैर की जर, गैर की जोरू, गैर की जमीन पे न रख बन्दे बुरी नज़र,
याद रख रावण, दुर्योधन, दुशासन का क्या हुआ था हशर,
रावण तो महान था,
क्योंकि वो बहुत शक्तिशाली योद्धा,
एक भक्त और एक ज्ञानी और विद्वान था,
दुर्योधन, दुशासन भी पांडव जैसों को दे पाते थे टक्कर,

फिर भी वो गैर की जोरू को जीत न सके,
जर, ज़मीन भी गवाँ बैठे,
हुआ था उनका बुरा हशर,
क्या तू ख़ुद को इन तीनों से समझता है बड़ा बशर????
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एक घंटा पहले

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