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ख़ुद को भगवान समझ बैठे हैं

                
                                                         
                            ख़ुद को भगवान समझ बैठे हैं
                                                                 
                            
जनता को नादान समझ बैठे हैं
जनता ने कितनों को बदला है
इस बात से अनजान समझ बैठे हैं
-दुर्गाशंकर गुर्जर
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6 घंटे पहले

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