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पगडंडी, जो परिचित हरीतिमा को गुदगुदाती हुई किसी अपरिचित ठिकाने को जा रही हो

dharmvir bharti
                
                                                         
                            जब आप जिंदगी के भीड़-भाड़ वाले राजमार्ग पर थके-हारे, भीड़ की लहरों में धक्के खाते हुए, विवश आगे ढकेलते जा रहे हों और आपको अकस्मात एक छोटी पगडंडी रास्ते से फूटती दिखाई दे, जो परिचित हरीतिमा को गुदगुदाती हुई किसी अपरिचित ठिकाने को जा रही हो, तो मैं आपसे आग्रह करता हूं कि बिना कुछ भी सोचे-समझे, जल्दी से, तमाम जरूरी काम छोड़कर उस पगडंडी पर मुड़ जाइए।
                                                                
                
                
                 
                                    
                     
                                             
                                                
                                             
                                                
                                                                
                                        
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15 घंटे पहले

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