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मुंबई: हीरा कारोबारी चार करोड़ रुपये के हीरे लेकर फरार, कई कारोबारियों से लिया था माल; पुलिस ने दर्ज किया केस
Sat, 08 Aug 2026 10:58 PM IST
Devesh Tripathi
पीटीआई, मुंबई
पीटीआई, मुंबई
Published by: Devesh Tripathi
Updated Sat, 08 Aug 2026 10:58 PM IST
सार
मुंबई में हीरा कारोबार से जुड़े एक कारोबारी पर करीब चार करोड़ रुपये मूल्य के हीरे लेकर कथित तौर पर भुगतान किए बिना फरार होने का मामला दर्ज हुआ है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने भारत डायमंड बोर्स के कारोबारियों से बिक्री के लिए कई खेप में हीरे हासिल किए थे। एक कंपनी ने उसे लगभग 983 कैरेट के हीरे सौंपे थे।
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मुंबई में 4 करोड़ के हीरे लेकर कारोबारी फरार
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स/ANI
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विस्तार
मुंबई में एक हीरा कारोबारी कथित तौर पर करीब चार करोड़ रुपये के हीरे लेकर फरार हो गया। पुलिस के अनुसार, कारोबारी ने कई व्यापारियों से बिक्री के लिए हीरे लिए थे, लेकिन बाद में न तो हीरे लौटाए और न ही उनका भुगतान किया। बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) पुलिस ने हीरा कारोबारी स्मित अल्पेशभाई शाह के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक हेराफेरी का मामला दर्ज किया है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
पुलिस के अनुसार, शाह ने भारत डायमंड बोर्स (बीडीबी) में कई कारोबारियों से यह कहकर हीरे लिए थे कि वह उन्हें बेचकर बाद में भुगतान कर देगा। हालांकि, उसने कथित तौर पर न तो हीरे लौटाए और न ही बकाया रकम चुकाई। इस मामले में शिकायत बीकेसी स्थित बीडीबी में हीरा कारोबार करने वाली कंपनी स्टेलर जेम्स प्राइवेट लिमिटेड के बिक्री प्रबंधक मृगेश हसमुख शाह ने दर्ज कराई है।
भरोसा जमाकर कैसे लगाया चूना?
शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि वह शुम डायमंड कंपनी के मालिक राजेंद्र मोमाया को जानता था। मोमाया ने उसकी पहचान स्मित शाह की कंपनी पार्श्वपद्या डायमंड से कराई थी। शिकायत के अनुसार, स्टेलर जेम्स पिछले कुछ महीनों से शाह की कंपनी के साथ हीरों की खरीद-बिक्री का कारोबार कर रही थी।
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पुलिस ने बताया कि शुरुआत में शाह ने कंपनी से खरीदे गए हीरों का भुगतान समय पर किया। इससे कंपनी का उस पर भरोसा बढ़ गया। इसके बाद कंपनी ने कई खेप में करीब 983 कैरेट वजन के हीरे शाह की कंपनी को बिक्री के लिए दिए। इन हीरों की कीमत करीब चार करोड़ रुपये थी। हालांकि, तय समय बीतने के बाद भी भुगतान नहीं किया गया। कंपनी की ओर से बार-बार संपर्क करने के बावजूद रकम नहीं चुकाई गई।
कारोबारियों को ठगने के लिए बनाई थी फर्जी कंपनी
शिकायत के अनुसार, जून 2026 के बाद शाह ने फोन कॉल और संदेशों का जवाब देना भी बंद कर दिया। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि शाह ने हीरा कारोबारियों को ठगने के इरादे से एक फर्जी कंपनी बनाई थी और करीब चार करोड़ रुपये के हीरे हासिल करने के बाद फरार हो गया।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया कि शाह ने बीडीबी के कई अन्य कारोबारियों से भी इसी तरह की व्यवस्था के तहत हीरे लिए थे। आरोपों की जांच और पुष्टि के बाद बीकेसी पुलिस ने कंपनी से कथित तौर पर धोखाधड़ी करने और बिक्री के लिए लिए गए हीरों की हेराफेरी के आरोप में शाह के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपी की तलाश में जुटी है।
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पुलिस के अनुसार, शाह ने भारत डायमंड बोर्स (बीडीबी) में कई कारोबारियों से यह कहकर हीरे लिए थे कि वह उन्हें बेचकर बाद में भुगतान कर देगा। हालांकि, उसने कथित तौर पर न तो हीरे लौटाए और न ही बकाया रकम चुकाई। इस मामले में शिकायत बीकेसी स्थित बीडीबी में हीरा कारोबार करने वाली कंपनी स्टेलर जेम्स प्राइवेट लिमिटेड के बिक्री प्रबंधक मृगेश हसमुख शाह ने दर्ज कराई है।
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भरोसा जमाकर कैसे लगाया चूना?
शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि वह शुम डायमंड कंपनी के मालिक राजेंद्र मोमाया को जानता था। मोमाया ने उसकी पहचान स्मित शाह की कंपनी पार्श्वपद्या डायमंड से कराई थी। शिकायत के अनुसार, स्टेलर जेम्स पिछले कुछ महीनों से शाह की कंपनी के साथ हीरों की खरीद-बिक्री का कारोबार कर रही थी।
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पुलिस ने बताया कि शुरुआत में शाह ने कंपनी से खरीदे गए हीरों का भुगतान समय पर किया। इससे कंपनी का उस पर भरोसा बढ़ गया। इसके बाद कंपनी ने कई खेप में करीब 983 कैरेट वजन के हीरे शाह की कंपनी को बिक्री के लिए दिए। इन हीरों की कीमत करीब चार करोड़ रुपये थी। हालांकि, तय समय बीतने के बाद भी भुगतान नहीं किया गया। कंपनी की ओर से बार-बार संपर्क करने के बावजूद रकम नहीं चुकाई गई।
कारोबारियों को ठगने के लिए बनाई थी फर्जी कंपनी
शिकायत के अनुसार, जून 2026 के बाद शाह ने फोन कॉल और संदेशों का जवाब देना भी बंद कर दिया। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि शाह ने हीरा कारोबारियों को ठगने के इरादे से एक फर्जी कंपनी बनाई थी और करीब चार करोड़ रुपये के हीरे हासिल करने के बाद फरार हो गया।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया कि शाह ने बीडीबी के कई अन्य कारोबारियों से भी इसी तरह की व्यवस्था के तहत हीरे लिए थे। आरोपों की जांच और पुष्टि के बाद बीकेसी पुलिस ने कंपनी से कथित तौर पर धोखाधड़ी करने और बिक्री के लिए लिए गए हीरों की हेराफेरी के आरोप में शाह के खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपी की तलाश में जुटी है।