Tamil Nadu: तमिल राज्य गान पर सीएम विजय ने तोड़ी चुप्पी, गीत गाने को लेकर गृह मंत्रालय से स्पष्टीकरण की मांग
सी. जोसेफ विजय ने नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर तमिलनाडु से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने सरकारी कार्यक्रमों में तमिल थाई वाझथु को पहले गाने की परंपरा जारी रखने की मांग की।
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आज तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मुलाकत की। उन्होंने राज्य से जुडे़ कई मुद्दों को प्रधानमंत्री के सामने रखा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि तमिल थाई वाझथु लंबे समय से तमिलनाडु में आयोजित सभी सरकारी कार्यक्रमों की शुरुआत में पारंपरिक रूप से गाया जाता रहा है। हालांकि, इस वर्ष जनवरी में गृह मंत्रालय द्वारा जारी एक नोटिस के बाद कुछ सरकारी कार्यक्रमों में पहले राष्ट्रगीत गाया जाने लगा है। मुख्यमंत्री ने इस संदर्भ में गृह मंत्रालय से उचित स्पष्टीकरण जारी करने का अनुरोध किया, ताकि सरकारी आयोजनों की शुरुआत में राज्य के प्रार्थना गीत को गाने की परंपरा पहले की तरह जारी रह सके।
जब से तमिलनाडु में नई सरकार का गठन हुआ है इस पर लगातार कई नेताओं ने नाराजगी जताई है। लोकभवन में आयोजत हुए शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय की पहली कैबिनेट विस्तार के तहत 21 टीवीके विधायकों और दो कांग्रेस विधायकों सहित कुल 23 नए मंत्रियों को शामिल किया गया। वाम दलों ने 'वंदे मातरम' और राष्ट्रगान के बाद तमिल गान गाए जाने पर कड़ी आपत्ति जताई थी।
इससे पहले 10 मई को जब विजय ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी, तब भी इसी तरह का विवाद सामने आया था। उस समय भी तमिल गान को 'वंदे मातरम' और 'जन गण मन' के बाद तीसरे स्थान पर गाया गया था।