अनिल अंबानी समेत पांच पर एफआईआर
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रिलायंस का मोबाइल इस्तेमाल कर रहे एक कपड़ा कारोबारी ने रिलायंस कम्युनिकेशन लिमिटेड के मालिक अनिल अंबानी समेत पांच लोगों के खिलाफ सीसामऊ थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
कपड़ा कारोबारी ने ‘कानपुर पुलिस’ के फेसबुक पेज पर अपनी शिकायत भेजकर कहा था कि कंपनी ने उनके साथ धोखाधड़ी की और अपमानित किया। पुलिस ने सभी पर धोखाधड़ी, कूटरचना, धमकाने और 4 मनी लैंड्रिंग एक्ट की धारा लगाई है।
जरीब चौकी हीरागंज निवासी जितेंद्र शुक्ल की दर्शनपुरवा कालपी रोड पर एक कपड़े की दुकान है। जितेंद्र ने बताया कि वह 2008 से रिलायंस प्रीपेड कनेक्शन उपयोग कर रहे थे। उनके मोबाइल पर 23 फरवरी और 25 फरवरी, 2013 को एक एजेंसी से फोन आया और प्रीपेड को पोस्टपेड में बदलने के लिए प्रलोभन दिए गए।
बिल को लेकर धांधली
जितेंद्र ने बताया कि ढाई सौ रुपये भुगतान कर प्रीपेड को पोस्टपेड में तब्दील करा लिया। बाद में एजेंसी मालिक राजीव विहार नौबस्ता निवासी हंसराज सिंह का हवाला देकर दो युवक आए और पोस्टपेड सिम देकर चले गए।
पहला बिल डेढ़ सौ रुपये का जमा हुआ। इसके बाद 25 फरवरी से 19 दिसंबर तक कोई बिल या विवरण नहीं आया।
20 दिसंबर को एक फोन आया। नाम-पता पूछकर बिल मांगा। बकौल जितेंद्र उन्होंने फोन करने वाले को अपनी दुकान पर बुलाया। बिल 416 रुपये का था। इसमें 100 रुपये लेट पेमेंट लगाया गया। साथ ही कहा गया कि हर महीने का 100 रुपये लेट पेमेंट जमा करना पड़ेगा।
पुलिस मामले की जांच में जुटी
28 प्रतिशत से अधिक का ब्याज तीन दिन और 10 दिन में वसूल किया गया। एक बार लेट पेमेंट लगाकर फोन नंबर को भी बंद कर दिया गया। तीन दिन तक फोन बंद रहने से उन्हें परेशान और अपमानित होना पड़ा। बकौल जितेंद्र इसके शिकार वह अकेले नहीं, कई लोग हैं।
जितेंद्र का कहना है, "उनकी नजर में कंपनी के मालिक अनिल अंबानी, बिल भेजने का कार्य करने वाले अधिकारी अभिषेक त्रिपाठी, एजेंसी के हंसराज सिंह, सिम देने वाले दो अज्ञात लोग सभी दोषी हैं।"
इधर, सीओ सीसामऊ अखिलेश सिंह ने बताया कि फेसबुक पर जितेंद्र ने अपनी तहरीर भेजी थी। उन्होंने थाने में भी आकर अपनी पूरी बात बताई।
इस पर अनिल अंबानी समेत सभी पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इसकी जांच एसआई रविंद्र कुमार तिवारी को सौंपी गई है।