वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब-जब ग्रह एक से दूसरी राशि में गोचर होते हैं तो कई तरह के योगों का निर्माण होता है, जिसमें कुछ शुभ तो कुछ अशुभ योग होते हैं। आपको बता दें धन, वैभव, ऐश्वर्य, सुख-सुविधा और प्रेम के कारक ग्रह बीते 19 अप्रैल को अपनी स्वराशि वृषभ राशि में प्रवेश कर चुके हैं, जो इस राशि में 14 मई तक रहेंगे। वृषभ राशि शुक्रदेव की स्वराशि होती है, जिससे इस समय मालव्य राजयोग बना हुआ है। इसके अलावा विपरीत राजयोग की भी निर्माण हुआ है। ऐसे में कुछ राशि वालों के लिए शुक्र का वृषभ राशि में गोचर और फिर विपरीत राजयोग का बनना कई राशि वालों के लिए शुभ संकेत हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब शुक्र कुंडली के केंद्र भाव में होते हैं तो मालव्य राजयोग बनता है, वहीं शुक्र कुंडली 6, 8 और 12 भाव में होते हैं विपरीत राजयोग बनता है। शुक्र के वृषभ राशि में गोचर से धनु, तुला और मिथुन राशि वालों के लिए विपरीत राजयोग का निर्माण हुआ है। आइए जानते हैं इन तीन राशियों पर किसी तरह का प्रभाव देखने को मिलेगा।
शुक्र के स्वराशि में गोचर से बना विपरीत राजयोग, इन तीन राशियों को मिलेगी हर तरह के सुख-सुविधा
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
Published by: Vinod Shukla
Updated Sat, 25 Apr 2026 11:30 AM IST
सार
shukra gochar 2026: शुक्र जब भी अपनी स्वराशि वृषभ या फिर तुला राशि में गोचर करते हैं तो इससे मालव्य राजयोग का निर्माण होता है। इसके अलावा विपरीत राजयोग भी बनता है और कुछ राशि वालों को अच्छा लाभ होता है।
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