राजस्थान: अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी पर VHP का बड़ा अभियान, देशभर में 1 करोड़ हिंदुओं को जोड़ने की तैयारी
विश्व हिंदू परिषद अशोक सिंघल का जन्म शताब्दी वर्ष मनाएगी। वर्षभर देशभर में कार्यक्रम होंगे। विहिप ने दो लाख गांवों तक विस्तार और एक करोड़ हिंदुओं को संगठन से जोड़ने का लक्ष्य रखा है। सेवा कार्यों को प्रत्येक जिले तक पहुंचाने की भी योजना है।
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विश्व हिंदू परिषद (विहिप) हिंदुत्व के पुरोधा अशोक सिंघल की शताब्दी वर्ष मनाएगी। इसके तहत देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे और एक करोड़ हिंदुओं को संगठन से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। विहिप के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री मिलिंद परांडे ने जयपुर में पत्रकार वार्ता में यह जानकारी दी। परांडे ने बताया कि अशोक सिंघल की स्मृति में वर्षभर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उनके जीवनकाल में विहिप ने राम जन्मभूमि आंदोलन, गोरक्षा और सामाजिक समरसता जैसे मुद्दों को गति प्रदान की थी।
26 सितंबर को जयपुर में कार्यक्रम
जयपुर के स्टेच्यू सर्किल स्थित बिड़ला सभागार में 26 सितंबर को कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसमें निम्बार्काचार्य पीठाधीश्वर श्यामशरण देवाचार्य 'श्रीजी' महाराज शामिल होंगे। विहिप के संयुक्त महामंत्री डॉ. सुरेंद्र जैन मुख्य उद्बोधन देंगे। वर्षभर चलने वाले कार्यक्रमों की शुरुआत 27 सितंबर को दिल्ली के भारत मंडपम से होगी। इसके बाद 2 अक्टूबर को कोटा में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
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दो लाख गांवों तक पहुंचने का लक्ष्य
विहिप 22 नवंबर से 6 दिसंबर तक विशेष अभियान चलाएगी। संगठन देश के दो लाख गांवों तक विस्तार करने और कम से कम एक करोड़ हिंदुओं को जोड़ने का काम करेगा। वर्तमान में देश के आधे से अधिक जिलों में शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़े सात हजार से अधिक सेवा कार्य संचालित किए जा रहे हैं। संगठन अगले दो वर्षों में इन सेवा कार्यों को देश के प्रत्येक जिले तक पहुंचाने की योजना पर काम कर रहा है।
पत्रकार वार्ता में मिलिंद परांडे ने धर्मांतरण, लव जिहाद, मंदिरों को सरकारी नियंत्रण से मुक्त कराने और हिंदू जनसंख्या असंतुलन जैसे मुद्दों पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि देश के 10 से अधिक राज्यों में धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पारित हो चुके हैं। विहिप इन्हें केंद्र और अन्य राज्यों में लागू कराने के प्रयास कर रही है। परांडे ने आगामी जनगणना में हिंदुओं से अपना धर्म 'हिंदू' दर्ज कराने और धर्मांतरणकारी ताकतों के कुप्रचार से सावधान रहने की अपील भी की।