US-Iran Peace Deal: ईरान के साथ शांति समझौते पर जल्द लगेगी मुहर, ट्रंप बोले- शुक्रवार तक हो सकता है समझौता
फ्रांस में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ समझौते के बारे में बात की। इस दौरान ट्रंप ने दावा किया कि हाल के सैन्य अभियानों में ईरानी सैन्य क्षमताओं को भारी नुकसान पहुंचा है और वहां का नेतृत्व भी काफी हद तक बदल चुका है। ट्रंप ने कहा कि पिछले दो दिन बेहद कठिन रहे और अमेरिका ने लगभग 20 करोड़ डॉलर (200 मिलियन डॉलर) मूल्य के बमों का इस्तेमाल किया।
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विस्तार
VIDEO | Evian, France: During a press conference, US President Donald Trump (@POTUS) says, “This G7 is one of the most successful agreements, and this meeting could not have come at a better time. On Sunday, we reached an agreement with Iran that achieved everything we set out to… pic.twitter.com/Bzqj37GkdH
विज्ञापन— Press Trust of India (@PTI_News) June 17, 2026विज्ञापन
'ईरान परमाणु हथियार नहीं रख सकता'
ट्रंप ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि ईरान किसी भी परिस्थिति में परमाणु हथियार नहीं रख सकता। उन्होंने कहा कि ईरान न तो परमाणु हथियार विकसित कर सकता है, न खरीद सकता है और न ही उसे अपने पास रख सकता है। उनके अनुसार, पूरे समझौते का मुख्य उद्देश्य यही था कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोका जाए और क्षेत्र में शांति स्थापित की जाए।
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'बमबारी जारी रहती तो हालात और बिगड़ते'
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि यदि अमेरिका समझौता करने के बजाय दो, तीन या चार सप्ताह और बमबारी जारी रखता, तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में होर्मुज जलडमरूमध्य कभी नहीं खुलता और किसी तरह की सफलता नहीं मिलती। ट्रंप के अनुसार, लंबे सैन्य अभियान से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर भी बुरा असर पड़ता।
VIDEO | Evian, France: During a press conference, US President Donald Trump (@POTUS) says, “Ending the current conflict, reopening the Strait of Hormuz, and preventing Iran from ever obtaining a nuclear weapon, that is what this was all about. Iran cannot have a nuclear weapon.… pic.twitter.com/BzN6yVIAHi
— Press Trust of India (@PTI_News) June 17, 2026
बाजारों पर पड़ा सकारात्मक असर
ट्रंप ने दावा किया कि शांति की संभावना सामने आते ही वैश्विक शेयर बाजारों में तेजी देखने को मिली। उन्होंने कहा कि जब भी शांति की बात हुई, बाजार 'रॉकेट की तरह ऊपर गया' और कभी नीचे नहीं आया। उन्होंने कहा कि अगर संघर्ष जारी रहता तो बाजारों में भारी गिरावट आ सकती थी और हालात 1929 की महामंदी जैसे हो सकते थे। ट्रंप ने कहा, 'मैं आर्थिक तबाही नहीं देखना चाहता था। अगर यह स्थिति जारी रहती तो ऐसा हो सकता था'।
VIDEO | Evian, France: During a press conference, US President Donald Trump (@POTUS) says, “…I did not want to see an economic catastrophe. If this situation had continued, that could have happened. But one thing I know is that every time we talked about the possibility of… pic.twitter.com/gCBmkC8AfC
— Press Trust of India (@PTI_News) June 17, 2026
पीएम मोदी से हुई लंबी बातचीत
ट्रंप ने बताया कि पिछले दो दिनों में उन्होंने जी7 देशों के नेताओं और कई देशों के राष्ट्राध्यक्षों तथा प्रधानमंत्रियों से इस समझौते पर चर्चा की। उन्होंने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी मोदी के साथ लंबी बातचीत हुई। ट्रंप ने कहा, 'प्रधानमंत्री मोदी यहां थे। हमारी लंबी चर्चा हुई। वह एक महान व्यक्ति हैं'। उन्होंने दावा किया कि जी7 देशों समेत अधिकांश विश्व नेताओं ने इस समझौते का स्वागत किया है और इसे क्षेत्रीय शांति के लिए महत्वपूर्ण कदम माना है।
#WATCH | US President Donald Trump says, "The past two days have provided a chance to discuss the details of this historic agreement with many of our closest friends and allies, including the G7 nations and many presidents and prime ministers. As you saw, Prime Minister Modi was… pic.twitter.com/C1aTEd4K2B
— ANI (@ANI) June 17, 2026
मैक्रों की भी सराहना
अमेरिकी राष्ट्रपति ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की भी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मैक्रों और उनकी पत्नी ब्रिजिट मैक्रों ने इस समझौते का समर्थन किया और संघर्ष समाप्त करने की कोशिशों में सहयोग दिया। ट्रंप के अनुसार, जी7 के नेताओं की सामूहिक राय थी कि युद्ध खत्म होना चाहिए और होर्मुज जलडमरूमध्य को खुला रखा जाना चाहिए ताकि वैश्विक व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित न हो।
#WATCH | On G7 Summit, US President Donald Trump says, "I wanted to thank President Macron and Brigitte, his really lovely wife, fantastic person, for welcoming us to France for an extremely successful G7 summit. I would say it's one of the most successful, and this meeting could… pic.twitter.com/JkONtXEfaQ
— ANI (@ANI) June 17, 2026
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ट्रंप ने आगे कहा कि ईरान को कभी भी परमाणु हथियार रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि ईरान ने अपने वादे का पालन नहीं किया तो अमेरिका "फिर से बमबारी" करने के लिए तैयार रहेगा। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि उनकी प्राथमिकता शांति और समझौता है।
#WATCH | US President Donald Trump says, "...It's a memorandum of understanding. If it doesn't get done in 60 days, that's all right. We go back to bombing. I don't want to do that... but we might have to because we're never going to let them have a nuclear weapon. But they've… pic.twitter.com/9RfK6kLEXu
— ANI (@ANI) June 17, 2026
सुलेमानी हमले का फिर किया जिक्र
ट्रंप ने ईरानी सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी को मारने के अमेरिकी अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि यह फैसला उन्होंने स्वयं लिया था। उन्होंने कहा कि उस समय इसे पश्चिम एशिया की सबसे बड़ी घटनाओं में से एक माना गया था। ट्रंप ने दावा किया कि यह अभियान अमेरिका और इस्राइल की संयुक्त कार्रवाई जैसा था।
#WATCH | US President Donald Trump says, "Nobody was tougher than me. Nobody hit Soleimani. And when I hit Soleimani, people thought that was the biggest thing to happen in the Middle East for 50 years... I blew him up in the valley of death... in all fairness, because they've… pic.twitter.com/f4tQMsxTRl
— ANI (@ANI) June 17, 2026
इस्राइल की तारीफ, लेकिन लेबनान पर सलाह
ट्रंप ने इस्राइल को अमेरिका का मजबूत साझेदार बताया, लेकिन साथ ही कहा कि लेबनान में कार्रवाई के दौरान उसे कुछ मामलों में 'नरम रुख' अपनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बेरूत में इमारतों को नुकसान पहुंचाने के बजाय अधिक संतुलित तरीका अपनाया जा सकता है। ट्रंप ने कहा कि लेबनान कभी एक समृद्ध और सांस्कृतिक रूप से मजबूत देश था, लेकिन पिछले कई दशकों से संघर्ष और अस्थिरता का सामना कर रहा है।
अमेरिकी सैन्य ताकत और परमाणु निरस्त्रीकरण की बात
ट्रंप ने अमेरिकी सेना और यूनाइटेड स्टेट्स स्पेस फोर्स की प्रशंसा करते हुए कहा कि अमेरिका के पास दुनिया की सबसे शक्तिशाली सैन्य क्षमता है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी हथियारों और तकनीक की वजह से हालिया सैन्य अभियान सफल रहे। हालांकि उन्होंने परमाणु हथियारों की वैश्विक दौड़ पर चिंता भी जताई। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका, रूस और चीन जैसे देशों को मिलकर परमाणु हथियारों में कमी लाने के लिए एक बड़ा समझौता करना चाहिए। उनका कहना था कि दुनिया को कई बार नष्ट करने की क्षमता रखने वाले हथियारों की आवश्यकता नहीं है।
#WATCH | US President Donald Trump says, "...We have the greatest military in the world, by the way. But I'm proud of Space Force because I started it... You wouldn't believe the quality of the stuff that we have. That's why we've been so successful. That's why our blockade will… pic.twitter.com/xedUcQfnup
— ANI (@ANI) June 17, 2026
गाजा, हमास और पश्चिम एशिया शांति पर बयान
ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ समझौता पश्चिम एशिया में व्यापक शांति प्रक्रिया की शुरुआत बन सकता है। उन्होंने दावा किया कि गाजा में हालात पहले की तुलना में शांत हुए हैं और हमास को निरस्त्र करने के प्रयास जारी हैं। उन्होंने कहा कि लेबनान से जुड़े मुद्दे अभी बाकी हैं, लेकिन सबसे महत्वपूर्ण विषय ईरान के साथ समझौता है, जो पूरे क्षेत्र की स्थिरता के लिए अहम साबित हो सकता है।
#WATCH | US President Donald Trump says, "...I expressed to the world leaders here this week, it's my hope that the peace agreement will be the beginning of a much larger deal all across the Middle East. We're very close. Look at the job we've done in Gaza. Look at Hamas. Hamas… pic.twitter.com/llxIFwvGHO
— ANI (@ANI) June 17, 2026
रूस-यूक्रेन युद्ध पर भी की चर्चा
ट्रंप ने बताया कि उन्होंने हाल ही में व्लादिमीर पुतिन और वोलोदिमिर जेलेंस्की से बातचीत की है। उनके अनुसार दोनों पक्ष युद्ध समाप्त करने की इच्छा रखते हैं, लेकिन समाधान का रास्ता अभी स्पष्ट नहीं है। उन्होंने कहा कि युद्ध में दोनों देशों को भारी नुकसान हो रहा है और रूस को अधिक सैनिक हानि उठानी पड़ रही है क्योंकि वह आक्रामक पक्ष है। ट्रंप ने उम्मीद जताई कि भविष्य में शांति वार्ता आगे बढ़ सकती है।
#WATCH | US President Donald Trump says, "...Yesterday morning, we had a productive conversation on the war in Ukraine. I spoke with President Putin. I spoke with President Zelensky, and he was there, and President Putin, I spoke over the phone with, and something's going to… pic.twitter.com/svp07z5GPg
— ANI (@ANI) June 17, 2026