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छत्तीसगढ़: अब तक 93.12 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी, 16 लाख किसानों को 20 हजार 753 करोड़ रुपये का भुगतान
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Sun, 11 Jan 2026 01:02 PM IST
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सार
राज्य में अब तक 16.95 लाख पंजीकृत किसानों से 93.12 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है। समर्थन मूल्य के तहत किसानों को अब तक 20 हजार 753 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे उनके बैंक खातों में दी जा चुकी है।
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
छत्तीसगढ़ में 14 नवंबर 2025 से शुरू हुआ धान खरीदी अभियान अब महाअभियान का रूप ले चुका है। राज्य में अब तक 16.95 लाख पंजीकृत किसानों से 93.12 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है। समर्थन मूल्य के तहत किसानों को अब तक 20 हजार 753 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे उनके बैंक खातों में दी जा चुकी है। समय पर भुगतान से न केवल किसानों का भरोसा बढ़ा है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिली है।
प्रदेशभर में संचालित 2,740 धान उपार्जन केंद्रों के जरिए खरीदी की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी तरीके से की जा रही है। सरकार की व्यवस्था यह सुनिश्चित कर रही है कि खरीदी का लाभ वास्तविक किसानों तक ही पहुंचे और बिचौलियों या फर्जीवाड़े की कोई गुंजाइश न रहे।
किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए टोकन प्रणाली को और सरल बनाया गया है। अब सहकारी समितियों के माध्यम से टोकन जारी किए जा रहे हैं, जिससे किसानों को खरीदी केंद्रों पर अनावश्यक परेशानी न हो।
आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश के प्रमुख धान उत्पादक जिलों में तेजी से खरीदी हुई है। 8 जनवरी तक महासमुंद, बेमेतरा, बलौदाबाजार-भाठापारा, बालोद, रायपुर, धमतरी, राजनांदगांव, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, कबीरधाम, दुर्ग, गरियाबंद, मुंगेली, रायगढ़ और कांकेर जैसे जिलों में लाखों क्विंटल धान का उपार्जन किया गया है। वहीं बस्तर संभाग और सरगुजा संभाग के जिलों में भी लगातार खरीदी जारी है।
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प्रदेशभर में संचालित 2,740 धान उपार्जन केंद्रों के जरिए खरीदी की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी तरीके से की जा रही है। सरकार की व्यवस्था यह सुनिश्चित कर रही है कि खरीदी का लाभ वास्तविक किसानों तक ही पहुंचे और बिचौलियों या फर्जीवाड़े की कोई गुंजाइश न रहे।
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किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए टोकन प्रणाली को और सरल बनाया गया है। अब सहकारी समितियों के माध्यम से टोकन जारी किए जा रहे हैं, जिससे किसानों को खरीदी केंद्रों पर अनावश्यक परेशानी न हो।
आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश के प्रमुख धान उत्पादक जिलों में तेजी से खरीदी हुई है। 8 जनवरी तक महासमुंद, बेमेतरा, बलौदाबाजार-भाठापारा, बालोद, रायपुर, धमतरी, राजनांदगांव, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, कबीरधाम, दुर्ग, गरियाबंद, मुंगेली, रायगढ़ और कांकेर जैसे जिलों में लाखों क्विंटल धान का उपार्जन किया गया है। वहीं बस्तर संभाग और सरगुजा संभाग के जिलों में भी लगातार खरीदी जारी है।