{"_id":"6aa11a76bdcebc12740d289f","slug":"happy-birthday-jos-buttler-5-lesser-known-facts-about-his-life-and-5-incredible-cricket-records-2026-09-09","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जोस बटलर क्यों हैं खास: क्या आप उनकी जिंदगी से जुड़ी ये 5 अनोखी बातें जानते हैं? पांच रिकॉर्ड जिनपर उनका कब्जा","category":{"title":"Cricket","title_hn":"क्रिकेट","slug":"cricket"}}
जोस बटलर क्यों हैं खास: क्या आप उनकी जिंदगी से जुड़ी ये 5 अनोखी बातें जानते हैं? पांच रिकॉर्ड जिनपर उनका कब्जा
Wed, 09 Sep 2026 02:06 PM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Wed, 09 Sep 2026 02:06 PM IST
सार
इंग्लैंड के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज जोस बटलर अपने आक्रामक अंदाज और बड़े शॉट्स के लिए दुनिया भर में मशहूर हैं। हालांकि मैदान के बाहर उनकी जिंदगी काफी शांत और सादगी भरी है। बटलर के नाम टी20 क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन, आईपीएल में चार शतक और इंग्लैंड का सबसे तेज वनडे शतक जैसे कई बड़े रिकॉर्ड दर्ज हैं।
विज्ञापन
जोस बटलर
- फोटो : ANI
विस्तार
इंग्लैंड के दिग्गज बल्लेबाजों में शुमार जोस बटलर ने आठ सितंबर को अपना जन्मदिन मनाया। वह 36 साल के हो चुके हैं। बटलर न सिर्फ एक निडर बल्लेबाज हैं, बल्कि उतने ही अच्छे कप्तान और विकेटकीपर भी हैं। उनकी कप्तानी में इंग्लैंड ने 2022 टी20 विश्वकप जीता था। हालांकि, अब वह टीम के कप्तान नहीं हैं, पर जरूरत पड़ने पर वह युवा खिलाड़ियों का मार्गदर्शन जरूर करते हैं।
क्रिकेट के मैदान पर जब बटलर क्रीज पर उतरते हैं तो गेंदबाजों के सामने सबसे बड़ी चुनौती होती है, उन्हें कैसे रोका जाए? इंग्लैंड का यह बल्लेबाज कुछ ही गेंदों में मैच का रुख बदलने की क्षमता रखता है। विकेटकीपिंग के पीछे से शांत नजर आने वाला बटलर बल्ला हाथ में आते ही बेहद आक्रामक हो जाता है, लेकिन मैदान के इस ‘आक्रामक बटलर’ की निजी जिंदगी की तस्वीर बिल्कुल अलग है। वह खुद को शांत, रिजर्व और परिवार के करीब रहने वाला इंसान मानते हैं। क्रिकेट के मैदान से बाहर पत्नी लुईस और अपनी दो बेटियों के साथ समय बिताना उनके लिए बेहद अहम है।
विज्ञापन
क्रिकेट के मैदान पर जब बटलर क्रीज पर उतरते हैं तो गेंदबाजों के सामने सबसे बड़ी चुनौती होती है, उन्हें कैसे रोका जाए? इंग्लैंड का यह बल्लेबाज कुछ ही गेंदों में मैच का रुख बदलने की क्षमता रखता है। विकेटकीपिंग के पीछे से शांत नजर आने वाला बटलर बल्ला हाथ में आते ही बेहद आक्रामक हो जाता है, लेकिन मैदान के इस ‘आक्रामक बटलर’ की निजी जिंदगी की तस्वीर बिल्कुल अलग है। वह खुद को शांत, रिजर्व और परिवार के करीब रहने वाला इंसान मानते हैं। क्रिकेट के मैदान से बाहर पत्नी लुईस और अपनी दो बेटियों के साथ समय बिताना उनके लिए बेहद अहम है।
विज्ञापन
जोस बटलर
- फोटो : ANI
आइए नजर डालते हैं उनकी जिंदगी से जुड़े पांच ऐसे रोचक किस्सों पर, जो शायद हर क्रिकेट फैन को नहीं पता होंगे।
1. बचपन में पहली सेंचुरी पर मिले थे 100 पाउंड
बटलर की क्रिकेट कहानी बचपन से ही खास रही है। जब उन्होंने पहली बार शतक लगाया था, तब वह सोमरसेट अंडर-12 टीम के लिए खेल रहे थे। मुकाबला ग्लॉस्टरशायर अंडर-12 के खिलाफ था। उनके पिता ने शतक लगाने पर उन्हें 100 पाउंड देने का वादा किया था। बटलर ने बाद में इस किस्से को याद करते हुए बताया था कि जैसे ही उन्होंने शतक पूरा किया, उनकी नजर तुरंत अपने पिता की ओर गई और चेहरे पर बड़ी सी मुस्कान आ गई। उन्हें उस समय सच में लग रहा था कि अब वह स्कूल के सबसे अमीर बच्चों में शामिल हो जाएंगे। बचपन का यह छोटा सा किस्सा बताता है कि बटलर के लिए क्रिकेट और उससे जुड़ी यादें कितनी पुरानी और खास हैं।
2. मैदान पर आक्रामक, लेकिन असल जिंदगी में बेहद शांत
जोस बटलर की बल्लेबाजी देखकर शायद ही कोई उन्हें शर्मीला या शांत स्वभाव का व्यक्ति मानेगा। वह गेंदबाज पर हमला करने में जरा भी नहीं हिचकते और बड़े से बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए भी उनका अंदाज बेहद बेखौफ रहता है। लेकिन निजी जिंदगी में तस्वीर इसके उलट है। बटलर को शांत और रिजर्व स्वभाव का व्यक्ति माना जाता है। वह अपनी पत्नी लुईस और दो बेटियों को अपनी जिंदगी का अहम हिस्सा मानते हैं। उन्होंने कई मौकों पर यह बात कही है कि वह कोशिश करते हैं कि क्रिकेट को नौकरी की तरह देखें और इसे अपने पारिवारिक जीवन पर हावी न होने दें। यही संतुलन शायद उन्हें मैदान पर दबाव संभालने में भी मदद करता है।
1. बचपन में पहली सेंचुरी पर मिले थे 100 पाउंड
बटलर की क्रिकेट कहानी बचपन से ही खास रही है। जब उन्होंने पहली बार शतक लगाया था, तब वह सोमरसेट अंडर-12 टीम के लिए खेल रहे थे। मुकाबला ग्लॉस्टरशायर अंडर-12 के खिलाफ था। उनके पिता ने शतक लगाने पर उन्हें 100 पाउंड देने का वादा किया था। बटलर ने बाद में इस किस्से को याद करते हुए बताया था कि जैसे ही उन्होंने शतक पूरा किया, उनकी नजर तुरंत अपने पिता की ओर गई और चेहरे पर बड़ी सी मुस्कान आ गई। उन्हें उस समय सच में लग रहा था कि अब वह स्कूल के सबसे अमीर बच्चों में शामिल हो जाएंगे। बचपन का यह छोटा सा किस्सा बताता है कि बटलर के लिए क्रिकेट और उससे जुड़ी यादें कितनी पुरानी और खास हैं।
2. मैदान पर आक्रामक, लेकिन असल जिंदगी में बेहद शांत
जोस बटलर की बल्लेबाजी देखकर शायद ही कोई उन्हें शर्मीला या शांत स्वभाव का व्यक्ति मानेगा। वह गेंदबाज पर हमला करने में जरा भी नहीं हिचकते और बड़े से बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए भी उनका अंदाज बेहद बेखौफ रहता है। लेकिन निजी जिंदगी में तस्वीर इसके उलट है। बटलर को शांत और रिजर्व स्वभाव का व्यक्ति माना जाता है। वह अपनी पत्नी लुईस और दो बेटियों को अपनी जिंदगी का अहम हिस्सा मानते हैं। उन्होंने कई मौकों पर यह बात कही है कि वह कोशिश करते हैं कि क्रिकेट को नौकरी की तरह देखें और इसे अपने पारिवारिक जीवन पर हावी न होने दें। यही संतुलन शायद उन्हें मैदान पर दबाव संभालने में भी मदद करता है।
जोस बटलर
- फोटो : IPL/BCCI
3. अगर क्रिकेटर नहीं बनते तो बनना चाहते थे पोस्टमैन!
जोस बटलर के पास अगर क्रिकेट का करियर नहीं होता तो शायद उनकी जिंदगी का सबसे बड़ा सपना बेहद साधारण होता। उन्होंने मजाकिया अंदाज में बताया था कि वह सुबह के समय पोस्टमैन बनना पसंद करते। वजह भी काफी दिलचस्प थी, सुबह चिट्ठियां बांटने के बाद पूरा दोपहर का समय गोल्फ खेलने के लिए मिल जाता! यानी क्रिकेट के अलावा भी उनकी पसंद काफी स्पष्ट थी, सुबह काम और बाकी दिन गोल्फ। यह जवाब बटलर के व्यक्तित्व का एक अलग पहलू दिखाता है। दुनिया के सबसे बड़े क्रिकेट टूर्नामेंटों में खेलने वाला खिलाड़ी खुद के लिए एक बेहद साधारण और आरामदायक जिंदगी की कल्पना करता था।
4. भारतीय खाना और चॉकलेट के भी बड़े फैन
फिटनेस और क्रिकेट की दुनिया में प्रोफेशनल खिलाड़ियों के खाने-पीने पर काफी ध्यान दिया जाता है। लेकिन जोस बटलर भी बाकी इंसानों की तरह कुछ चीजों के सामने खुद को रोक नहीं पाते। उन्हें एशियाई खाना और खासकर भारतीय करी काफी पसंद है। आईपीएल के लिए भारत आने के दौरान वह स्थानीय भारतीय व्यंजनों का स्वाद लेने से पीछे नहीं हटते। इसके अलावा चॉकलेट भी उनकी कमजोरियों में शामिल है। यानी मैदान पर फिटनेस को लेकर बेहद अनुशासित बटलर के लिए भी कभी-कभार स्वाद के सामने डाइट का प्लान पीछे छूट जाता है।
5. खराब फॉर्म में खोज निकाली अपनी बल्लेबाजी की असली समस्या
बटलर के बारे में सबसे दिलचस्प बात यह है कि खराब फॉर्म आने पर उन्होंने सिर्फ बल्लेबाजी की तकनीक को नहीं देखा, बल्कि अपनी दृष्टि और सिर की स्थिति तक का विश्लेषण किया। उन्होंने पाया कि उनके ट्रिगर मूवमेंट के दौरान सिर थोड़ा घूम रहा था, जिससे गेंद रिलीज होने के समय उनकी दाहिनी आंख गेंद को सही तरीके से ट्रैक नहीं कर पा रही थी। इस समस्या को सुधारने के लिए उन्होंने एक बेहद असामान्य ट्रेनिंग तरीका अपनाया। उन्होंने कुछ समय तक आधी चौड़ाई वाले क्रिकेट बैट से अभ्यास किया, ताकि उनकी आंख और बल्ले के बीच तालमेल ज्यादा सटीक हो सके। यह कहानी बताती है कि बटलर की सफलता सिर्फ प्राकृतिक प्रतिभा का परिणाम नहीं है। अपनी तकनीक की छोटी से छोटी कमी को पहचानकर उसे सुधारने की उनकी कोशिश भी उनकी बल्लेबाजी का बड़ा हिस्सा रही है।
जोस बटलर के पास अगर क्रिकेट का करियर नहीं होता तो शायद उनकी जिंदगी का सबसे बड़ा सपना बेहद साधारण होता। उन्होंने मजाकिया अंदाज में बताया था कि वह सुबह के समय पोस्टमैन बनना पसंद करते। वजह भी काफी दिलचस्प थी, सुबह चिट्ठियां बांटने के बाद पूरा दोपहर का समय गोल्फ खेलने के लिए मिल जाता! यानी क्रिकेट के अलावा भी उनकी पसंद काफी स्पष्ट थी, सुबह काम और बाकी दिन गोल्फ। यह जवाब बटलर के व्यक्तित्व का एक अलग पहलू दिखाता है। दुनिया के सबसे बड़े क्रिकेट टूर्नामेंटों में खेलने वाला खिलाड़ी खुद के लिए एक बेहद साधारण और आरामदायक जिंदगी की कल्पना करता था।
4. भारतीय खाना और चॉकलेट के भी बड़े फैन
फिटनेस और क्रिकेट की दुनिया में प्रोफेशनल खिलाड़ियों के खाने-पीने पर काफी ध्यान दिया जाता है। लेकिन जोस बटलर भी बाकी इंसानों की तरह कुछ चीजों के सामने खुद को रोक नहीं पाते। उन्हें एशियाई खाना और खासकर भारतीय करी काफी पसंद है। आईपीएल के लिए भारत आने के दौरान वह स्थानीय भारतीय व्यंजनों का स्वाद लेने से पीछे नहीं हटते। इसके अलावा चॉकलेट भी उनकी कमजोरियों में शामिल है। यानी मैदान पर फिटनेस को लेकर बेहद अनुशासित बटलर के लिए भी कभी-कभार स्वाद के सामने डाइट का प्लान पीछे छूट जाता है।
5. खराब फॉर्म में खोज निकाली अपनी बल्लेबाजी की असली समस्या
बटलर के बारे में सबसे दिलचस्प बात यह है कि खराब फॉर्म आने पर उन्होंने सिर्फ बल्लेबाजी की तकनीक को नहीं देखा, बल्कि अपनी दृष्टि और सिर की स्थिति तक का विश्लेषण किया। उन्होंने पाया कि उनके ट्रिगर मूवमेंट के दौरान सिर थोड़ा घूम रहा था, जिससे गेंद रिलीज होने के समय उनकी दाहिनी आंख गेंद को सही तरीके से ट्रैक नहीं कर पा रही थी। इस समस्या को सुधारने के लिए उन्होंने एक बेहद असामान्य ट्रेनिंग तरीका अपनाया। उन्होंने कुछ समय तक आधी चौड़ाई वाले क्रिकेट बैट से अभ्यास किया, ताकि उनकी आंख और बल्ले के बीच तालमेल ज्यादा सटीक हो सके। यह कहानी बताती है कि बटलर की सफलता सिर्फ प्राकृतिक प्रतिभा का परिणाम नहीं है। अपनी तकनीक की छोटी से छोटी कमी को पहचानकर उसे सुधारने की उनकी कोशिश भी उनकी बल्लेबाजी का बड़ा हिस्सा रही है।
जोस बटलर
- फोटो : IANS
साथ ही अब जानते हैं उनके पांच ऐसे रिकॉर्ड्स, जो उनकी महानता की कहानी खुद बयां करते हैं और उन्हें खास बनाते हैं...
1. पुरुषों के टी20 क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन
2026 में बटलर ने पुरुषों के टी20 क्रिकेट में इतिहास रच दिया। उन्होंने वेस्टइंडीज के दिग्गज कीरोन पोलार्ड को पीछे छोड़ते हुए इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह टी20 क्रिकेट में 14 हजार रन का आंकड़ा पार करने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों में भी शामिल हैं। यह उपलब्धि इसलिए खास है क्योंकि टी20 क्रिकेट में लंबे समय तक लगातार रन बनाना आसान नहीं होता। अलग-अलग लीग, परिस्थितियों और टीमों के लिए खेलते हुए इस मुकाम तक पहुंचना बटलर की निरंतरता को दर्शाता है।
2. आईपीएल के एक सीजन में चार शतक
आईपीएल 2022 में राजस्थान रॉयल्स के लिए बटलर ने ऐसा प्रदर्शन किया जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। उन्होंने पूरे सीजन में चार शतक लगाए और विराट कोहली के एक सीजन में चार शतक लगाने के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। उस सीजन बटलर सिर्फ रन नहीं बना रहे थे, बल्कि लगातार मैच जिताने वाली पारियां खेल रहे थे। उनकी बल्लेबाजी ने राजस्थान रॉयल्स को फाइनल तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई।
3. लगातार पांच मैचों में 50+ का धमाका
बटलर के नाम आईपीएल में लगातार पांच 50+ स्कोर बनाने की खास उपलब्धि भी दर्ज है। इस रिकॉर्ड की खासियत सिर्फ पांच अर्धशतक नहीं, बल्कि उनकी निरंतरता है। टी20 क्रिकेट में जहां बल्लेबाज को शुरुआत से ही तेजी से रन बनाने पड़ते हैं, वहां लगातार पांच मुकाबलों में 50 से ज्यादा रन बनाना बेहद मुश्किल काम है। बटलर ने यह कारनामा करके दिखाया और इस मामले में वीरेंद्र सहवाग के साथ खास सूची में शामिल हुए।
1. पुरुषों के टी20 क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन
2026 में बटलर ने पुरुषों के टी20 क्रिकेट में इतिहास रच दिया। उन्होंने वेस्टइंडीज के दिग्गज कीरोन पोलार्ड को पीछे छोड़ते हुए इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह टी20 क्रिकेट में 14 हजार रन का आंकड़ा पार करने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों में भी शामिल हैं। यह उपलब्धि इसलिए खास है क्योंकि टी20 क्रिकेट में लंबे समय तक लगातार रन बनाना आसान नहीं होता। अलग-अलग लीग, परिस्थितियों और टीमों के लिए खेलते हुए इस मुकाम तक पहुंचना बटलर की निरंतरता को दर्शाता है।
2. आईपीएल के एक सीजन में चार शतक
आईपीएल 2022 में राजस्थान रॉयल्स के लिए बटलर ने ऐसा प्रदर्शन किया जिसे लंबे समय तक याद रखा जाएगा। उन्होंने पूरे सीजन में चार शतक लगाए और विराट कोहली के एक सीजन में चार शतक लगाने के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। उस सीजन बटलर सिर्फ रन नहीं बना रहे थे, बल्कि लगातार मैच जिताने वाली पारियां खेल रहे थे। उनकी बल्लेबाजी ने राजस्थान रॉयल्स को फाइनल तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई।
3. लगातार पांच मैचों में 50+ का धमाका
बटलर के नाम आईपीएल में लगातार पांच 50+ स्कोर बनाने की खास उपलब्धि भी दर्ज है। इस रिकॉर्ड की खासियत सिर्फ पांच अर्धशतक नहीं, बल्कि उनकी निरंतरता है। टी20 क्रिकेट में जहां बल्लेबाज को शुरुआत से ही तेजी से रन बनाने पड़ते हैं, वहां लगातार पांच मुकाबलों में 50 से ज्यादा रन बनाना बेहद मुश्किल काम है। बटलर ने यह कारनामा करके दिखाया और इस मामले में वीरेंद्र सहवाग के साथ खास सूची में शामिल हुए।
जोस बटलर
- फोटो : ANI
4. इंग्लैंड के लिए सबसे तेज वनडे शतक
वनडे क्रिकेट में इंग्लैंड के लिए सबसे तेज शतक लगाने का रिकॉर्ड भी बटलर के नाम है। उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ महज 46 गेंदों में शतक पूरा किया था। बटलर की बल्लेबाजी का यही अंदाज उन्हें खास बनाता है। वनडे क्रिकेट में आमतौर पर शतक के लिए बल्लेबाज को लंबी पारी खेलनी पड़ती है, लेकिन बटलर ने अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से रन बनाने की रफ्तार को बिल्कुल अलग स्तर पर पहुंचा दिया।
5. वनडे में सातवें विकेट की रिकॉर्ड साझेदारी
बटलर ने सिर्फ बल्लेबाजी के दम पर ही रिकॉर्ड नहीं बनाए। आदिल राशिद के साथ मिलकर उन्होंने वनडे क्रिकेट में सातवें विकेट की सबसे बड़ी साझेदारियों में से एक नहीं, बल्कि रिकॉर्ड 177 रन की साझेदारी भी की। न्यूजीलैंड के खिलाफ इस साझेदारी में दोनों ने मिलकर इंग्लैंड की पारी को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला। बटलर का करियर ऐसे ही कई उदाहरणों से भरा है, जहां उन्होंने मैच की परिस्थिति को समझते हुए अपनी बल्लेबाजी का तरीका बदला और टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला।
बटलर की कहानी सिर्फ रिकॉर्ड्स की नहीं है
जोस बटलर को अगर सिर्फ उनके रिकॉर्ड्स से देखा जाए तो तस्वीर अधूरी रह जाएगी। उनके करियर में विस्फोटक बल्लेबाजी, विकेटकीपिंग, कप्तानी और मुश्किल परिस्थितियों में प्रदर्शन करने की क्षमता शामिल है। लेकिन उनके व्यक्तित्व का दूसरा पहलू भी उतना ही दिलचस्प है। बचपन में 100 पाउंड के इनाम का इंतजार करने वाला बच्चा आज दुनिया के सबसे बड़े टी20 सितारों में शामिल है। मैदान पर गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाने वाला खिलाड़ी निजी जिंदगी में परिवार और सादगी को महत्व देता है। और शायद यही विरोधाभास जोस बटलर को इतना खास बनाता है। क्रिकेट की दुनिया में उनका बल्ला जितना शोर मचाता है, मैदान के बाहर उनकी जिंदगी उतनी ही शांत नजर आती है।
वनडे क्रिकेट में इंग्लैंड के लिए सबसे तेज शतक लगाने का रिकॉर्ड भी बटलर के नाम है। उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ महज 46 गेंदों में शतक पूरा किया था। बटलर की बल्लेबाजी का यही अंदाज उन्हें खास बनाता है। वनडे क्रिकेट में आमतौर पर शतक के लिए बल्लेबाज को लंबी पारी खेलनी पड़ती है, लेकिन बटलर ने अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से रन बनाने की रफ्तार को बिल्कुल अलग स्तर पर पहुंचा दिया।
5. वनडे में सातवें विकेट की रिकॉर्ड साझेदारी
बटलर ने सिर्फ बल्लेबाजी के दम पर ही रिकॉर्ड नहीं बनाए। आदिल राशिद के साथ मिलकर उन्होंने वनडे क्रिकेट में सातवें विकेट की सबसे बड़ी साझेदारियों में से एक नहीं, बल्कि रिकॉर्ड 177 रन की साझेदारी भी की। न्यूजीलैंड के खिलाफ इस साझेदारी में दोनों ने मिलकर इंग्लैंड की पारी को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला। बटलर का करियर ऐसे ही कई उदाहरणों से भरा है, जहां उन्होंने मैच की परिस्थिति को समझते हुए अपनी बल्लेबाजी का तरीका बदला और टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला।
बटलर की कहानी सिर्फ रिकॉर्ड्स की नहीं है
जोस बटलर को अगर सिर्फ उनके रिकॉर्ड्स से देखा जाए तो तस्वीर अधूरी रह जाएगी। उनके करियर में विस्फोटक बल्लेबाजी, विकेटकीपिंग, कप्तानी और मुश्किल परिस्थितियों में प्रदर्शन करने की क्षमता शामिल है। लेकिन उनके व्यक्तित्व का दूसरा पहलू भी उतना ही दिलचस्प है। बचपन में 100 पाउंड के इनाम का इंतजार करने वाला बच्चा आज दुनिया के सबसे बड़े टी20 सितारों में शामिल है। मैदान पर गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाने वाला खिलाड़ी निजी जिंदगी में परिवार और सादगी को महत्व देता है। और शायद यही विरोधाभास जोस बटलर को इतना खास बनाता है। क्रिकेट की दुनिया में उनका बल्ला जितना शोर मचाता है, मैदान के बाहर उनकी जिंदगी उतनी ही शांत नजर आती है।