{"_id":"6a8ca582c58349f0180cf67b","slug":"paddy-and-pearl-millet-crops-will-flourish-farmers-faces-light-up-with-joy-gurgaon-news-c-24-1-fbd1020-98774-2026-08-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gurugram News: लहलहा उठेंगी धान-बाजरे की फसलें, किसानों के खिले चेहरे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gurugram News: लहलहा उठेंगी धान-बाजरे की फसलें, किसानों के खिले चेहरे
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखनगर। सोमवार को दिनभर हुई बारिश ने खरीफ की फसलों के लिए संजीवनी का काम किया है। बारिश से धान, बाजरा और अन्य खरीफ फसलों के अलावा सब्जियों को भी जीवनदान मिला है, जिससे लंबे समय से सूखे और उमस से परेशान किसानों के चेहरों पर खुशी की लहर दौड़ गई है।
किसानों का कहना है कि पिछले कई दिनों से खेतों में नमी की कमी से फसलें मुरझाने लगी थीं और सिंचाई पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा था लेकिन इस बारिश ने उनकी चिंता खत्म कर दी है। खेतों में पर्याप्त नमी आने से फसलों की बढ़वार तेज हुई है। धान और अन्य मौसमी फसलों को पानी की कमी से राहत मिली है। सिंचाई की लागत और समय दोनों की बचत हुई है।
मूसलाधार बारिश ने धान को जीवनदान दे दिया है। यह बारिश सोने से भी कीमती है।
- धर्मेंद्र माकड़ौला, किसान
बाजरे और ज्वार की फसल में बढ़वार रुक गई थी। बारिश से अब फसलें लहलहा उठेंगी।
- रामनिवास खवासपुर (किसान)
इस बारिश से न केवल फसलों को फायदा होगा बल्कि भूजल स्तर में भी सुधार होगा।
- प्रहलाद यादव, खेड़ा खुर्रमपुर (किसान)
विज्ञापन
फर्रुखनगर। सोमवार को दिनभर हुई बारिश ने खरीफ की फसलों के लिए संजीवनी का काम किया है। बारिश से धान, बाजरा और अन्य खरीफ फसलों के अलावा सब्जियों को भी जीवनदान मिला है, जिससे लंबे समय से सूखे और उमस से परेशान किसानों के चेहरों पर खुशी की लहर दौड़ गई है।
किसानों का कहना है कि पिछले कई दिनों से खेतों में नमी की कमी से फसलें मुरझाने लगी थीं और सिंचाई पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा था लेकिन इस बारिश ने उनकी चिंता खत्म कर दी है। खेतों में पर्याप्त नमी आने से फसलों की बढ़वार तेज हुई है। धान और अन्य मौसमी फसलों को पानी की कमी से राहत मिली है। सिंचाई की लागत और समय दोनों की बचत हुई है।
विज्ञापन
मूसलाधार बारिश ने धान को जीवनदान दे दिया है। यह बारिश सोने से भी कीमती है।
- धर्मेंद्र माकड़ौला, किसान
बाजरे और ज्वार की फसल में बढ़वार रुक गई थी। बारिश से अब फसलें लहलहा उठेंगी।
- रामनिवास खवासपुर (किसान)
इस बारिश से न केवल फसलों को फायदा होगा बल्कि भूजल स्तर में भी सुधार होगा।
- प्रहलाद यादव, खेड़ा खुर्रमपुर (किसान)