लोकप्रिय और ट्रेंडिंग टॉपिक्स

क्या है आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955? मास्क और सेनिटाइजर के लिए मांगे ज्यादा पैसे तो होगी जेल

एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला Published by: Garima Garg Updated Sat, 21 Mar 2020 12:10 PM IST
कोरोना वायरस
1 of 5
विज्ञापन
आज हर कोई कोरोना वायरस जैसी गंभीर महामारी से परिचित है। सरकार इससे लड़ने और अपने देश को इसकी चपेट में आने से रोकने के लिए बड़े-बड़े कदम उठा रही है। इस महामारी से बचने के लिए हर कोई अपने साथ मास्क और सेनिटाइजर लेकर घूम रहा है। ऐसे में इन दोनों चीजों की बिक्री बढ़ जाना स्वभाविक है। लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि इनका दाम भी बढ़ जाए। अभी कुछ दिनों से सुनने में आ रहा है कि दुकानदारों ने इनकी कीमत बढ़ा दी है। चूंकि ये दोनों चीजों की सबसे ज्यादा बिक्री हो रही है इसलिए सरकार ने आवश्यक वस्तु की सूची में इन दोनों को शामिल कर लिया है। बता दें, अब ये 30 जून, 2020 तक सूची में शामिल रहेंगे। यहां हम आपको बता रहे हैं कि आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के बारे में।  सरकार आवश्यक वस्तु की सूची में शामिल चीजों का नियंत्रित करती है।
 
आखिर क्या है ये आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955? इसके तहत कितने साल की हो सकती है जेल? कौन-सी हैं वो चीजें जिन्हें आवश्यक वस्तु की श्रेणी में डालते हैं। इन सभी सवालों के जवाब आपको आगे की स्लाइड में मिल जाएंगे।
कोरोना वायरस (फाइल फोटो)
2 of 5
आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955?
  •  यह भारत की संसद द्वारा 1955 में पारित किया गया था, जिसे आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 कहते हैं।
  • सरकार की  देख-रेख में इस कानून के तहत 'आवश्यक वस्तुओं' की बिक्री, उत्पादन, आपूर्ति आदि को नियंत्रित किया जाता है।
  • इस कानून के तहत ये ध्यान दिया जाता हे कि उपभोक्ताओं को सही कीमत पर चीजें मिल रही हैं या नहीं।
विज्ञापन
मास्क पहनकर जातीं युवतियां
3 of 5
  • जब कोई वस्तु सरकार द्वारा 'आवश्यक वस्तु' घोषित की जाती है तो सरकार के पास एक अधिकार आ जाता है। उसके मुताबिक वे पैकेज्ड प्रॉडक्ट का अधिकतम खुदरा मूल्य तय कर सकती है।
  • लेकिन अगर कोई दुकानदार उस मूल्य से अधिक दाम पर चीजों को बेचता है तो उसे सरकार सजा भी सुना सकती है।
car sanitizer
4 of 5
आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 को बनाने का कारण?

बता दें कि कुछ चीजें ऐसी  होती हैं जिसके बिना जीवन व्यतीत करना मुश्किल है। ऐसी चीजों को सरकार आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के तहत आवश्यक वस्तु की सूची में डाल देती है। सरकार का मकसद है कि लोगों को जरूरी चीजें सही कीमत पर मिले।
विज्ञापन
विज्ञापन
सेनिटाइजर
5 of 5
कौन सी चीजें आवश्यक वस्तु की श्रेणी में होती है शामिल

बता दें अभी सात बड़ी वस्तुएं - पेट्रोलियम (पेट्रोल, डीजल, नेफ्था और सोल्वेंट्स आदि), खाना (बीज, वनस्पति, दाल, गन्ना, गुड़, चीनी, चावल और गेहूं आदि), टेक्सटाइल्स, जरूरी ड्रग्स, फर्टिलाइजर्स को शामिल किया गया है। साथ ही सरकार द्वारा ये सूची एडिट होती रहती है।
विज्ञापन
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
Election
एप में पढ़ें
जानिए अपना दैनिक राशिफल बेहतर अनुभव के साथ सिर्फ अमर उजाला एप पर
अभी नहीं

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00