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Rampur Bushahar News: बीन के मिल रहे बेहतर दाम, किसानों के चेहरे खिले
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नेरवा में बीन से ढाई से तीन गुना अधिक आय, लाखों रुपये का हो रहा मुनाफा
ढाई से तीन महीने में तैयार हो जाती है बीन की फसल
संवाद न्यूज एजेंसी
नेरवा (रोहड़ू)। इस वर्ष नेरवा क्षेत्र के बीन की फसल के किसानों को बेहतर दाम मिल रहे हैं, जिससे आर्थिकी अच्छी होने से किसानों के चेहरे खिले हुए हैं। अच्छी पैदावार और सीजन की शुरुआत में ऊंचे भावों से कई किसानों ने लाखों रुपये की कमाई की है। अधिकांश किसान अब इसे एक नकदी फसल के रूप में देख रहे हैं। बीन की फसल करीब ढाई से तीन महीने में तैयार हो जाती है, इसलिए किसान वर्ष में इसकी दो फसलें लेकर अपनी आय बढ़ा रहे हैं। नेरवा सब्जी मंडी के आढ़ती ओम प्रकाश चौहान ने बताया कि सीजन की शुरुआत में किसानों को बीन के 70 से 90 रुपये प्रतिकिलो तक भाव मिले, जिससे उन्हें अच्छी आय हुई। हालांकि, पिछले कुछ दिनों से बढ़ती गर्मी और सूखे से फसल प्रभावित हुई है। वर्तमान में गुणवत्ता के आधार पर 40 से 50 रुपये प्रतिकिलो तक दाम मिल रहे हैं। इसके बावजूद पूरे सीजन का औसत मूल्य पिछले वर्षों की तुलना में काफी बेहतर रहा है। किसानों का कहना है कि इस बार उन्हें सामान्य वर्षों की तुलना में ढाई से तीन गुना अधिक आमदनी हुई है। फरवरी के अंत और मार्च में लगाई गई फसल की इन दिनों तुड़ाई चल रही है। सामान्य वर्षों में एक किसान बीन की खेती से करीब एक लाख रुपये तक कमा पाता था। इस बार खेती की लागत निकालने के बाद भी अच्छा मुनाफा बचा है। स्थानीय किसानों से जमीन लीज पर लेकर खेती करने वाले नेपाल मूल के किसानों को भी लाभ मिला है।
तीन गुना अधिक कमाई हुई
कई वर्षों से लीज पर खेती कर रहे हरि बहादुर और राम सिंह ने बताया कि पहले मुश्किल से 50 हजार रुपये तक की बचत होती थी, लेकिन इस बार उसी जमीन से तीन गुना से अधिक कमाई हुई है। लीज पर खेती करने वाले किसान बाल कृष्ण ने कहा कि इस वर्ष फरवरी की फसल ने पिछले साल अगस्त के नुकसान की भरपाई कर दी और अच्छी बचत भी हुई। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि अनुकूल मौसम और समय पर सिंचाई से बीन की खेती भविष्य में आय बढ़ा सकती है। हालांकि, बढ़ती गर्मी और सूखे का असर चिंता बढ़ा रहा है, फिर भी यह सीजन बीन उत्पादकों के लिए सबसे लाभदायक रहा है।
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ढाई से तीन महीने में तैयार हो जाती है बीन की फसल
संवाद न्यूज एजेंसी
नेरवा (रोहड़ू)। इस वर्ष नेरवा क्षेत्र के बीन की फसल के किसानों को बेहतर दाम मिल रहे हैं, जिससे आर्थिकी अच्छी होने से किसानों के चेहरे खिले हुए हैं। अच्छी पैदावार और सीजन की शुरुआत में ऊंचे भावों से कई किसानों ने लाखों रुपये की कमाई की है। अधिकांश किसान अब इसे एक नकदी फसल के रूप में देख रहे हैं। बीन की फसल करीब ढाई से तीन महीने में तैयार हो जाती है, इसलिए किसान वर्ष में इसकी दो फसलें लेकर अपनी आय बढ़ा रहे हैं। नेरवा सब्जी मंडी के आढ़ती ओम प्रकाश चौहान ने बताया कि सीजन की शुरुआत में किसानों को बीन के 70 से 90 रुपये प्रतिकिलो तक भाव मिले, जिससे उन्हें अच्छी आय हुई। हालांकि, पिछले कुछ दिनों से बढ़ती गर्मी और सूखे से फसल प्रभावित हुई है। वर्तमान में गुणवत्ता के आधार पर 40 से 50 रुपये प्रतिकिलो तक दाम मिल रहे हैं। इसके बावजूद पूरे सीजन का औसत मूल्य पिछले वर्षों की तुलना में काफी बेहतर रहा है। किसानों का कहना है कि इस बार उन्हें सामान्य वर्षों की तुलना में ढाई से तीन गुना अधिक आमदनी हुई है। फरवरी के अंत और मार्च में लगाई गई फसल की इन दिनों तुड़ाई चल रही है। सामान्य वर्षों में एक किसान बीन की खेती से करीब एक लाख रुपये तक कमा पाता था। इस बार खेती की लागत निकालने के बाद भी अच्छा मुनाफा बचा है। स्थानीय किसानों से जमीन लीज पर लेकर खेती करने वाले नेपाल मूल के किसानों को भी लाभ मिला है।
तीन गुना अधिक कमाई हुई
कई वर्षों से लीज पर खेती कर रहे हरि बहादुर और राम सिंह ने बताया कि पहले मुश्किल से 50 हजार रुपये तक की बचत होती थी, लेकिन इस बार उसी जमीन से तीन गुना से अधिक कमाई हुई है। लीज पर खेती करने वाले किसान बाल कृष्ण ने कहा कि इस वर्ष फरवरी की फसल ने पिछले साल अगस्त के नुकसान की भरपाई कर दी और अच्छी बचत भी हुई। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि अनुकूल मौसम और समय पर सिंचाई से बीन की खेती भविष्य में आय बढ़ा सकती है। हालांकि, बढ़ती गर्मी और सूखे का असर चिंता बढ़ा रहा है, फिर भी यह सीजन बीन उत्पादकों के लिए सबसे लाभदायक रहा है।
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