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अंबानी भाइयों का मिलनः ये कहानी तो फिल्मी है!
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क
Updated Wed, 03 Apr 2013 05:06 PM IST
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बंटवारे के करीब सात साल बाद अंबानी बंधु (मुकेश अंबानी और अनिल अंबानी) इतने करीब आए हैं। टेलीकॉम कारोबार के लिए 1200 करोड़ की डील की यह पटकथा किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है।
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साल 2011 में धीरूभाई अंबानी के जन्मदिन की सालगिरह पर गुजरात में दोनों भाई मिले थे। उसी समय अंबानी बंधुओं की मां कोकिलाबेन ने इशारे-इशारे में कहा था, 'हम सब साथ हैं'।
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उसी वक्त ऐसा लगने लगा था दोनों भाइयों के बीच की कड़वाहट खत्म होने वाली है।
साल 2006 में जब मुकेश अंबानी और अनिल अंबानी के बीच बंटवारा हुआ तो ऐसा लगने लगा था कि ये दोनों भाई फिर एक दूसरे से हाथ नहीं मिलाएंगे। इसको लेकर मुकेश और अंबानी के बीच 'मीडिया वार' भी चला था। लेकिन इस डील से सारे कयास लगभग खत्म हो गए हैं।
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भांजी की शादी से रिश्ते और मजबूत
धीरुभाई के जन्मदिवस पर अंबानी बंधुओं के बीच मुलाकात और मां कोकिलाबेन के इशारों से दोनों भाइयों के बीच कड़वाहट कम होने के संकेत मिलने लगे। इस रिश्ते को मजबूती मिली मुकेश की भांजी की शादी से।
जनवरी में मुकेश अंबानी ने मुंबई स्थित 27 मंजिला 'एंटीला' आवास में अपनी भांजी (बहन नीना कोठारी की बेटी) की शादी की खुशी में भव्य पार्टी दी। इसी पार्टी में दोनों भाई मिले और कारोबारी डील को लेकर चर्चा की।
मनोज, अमिताभ की अहम भूमिका
पिछले दो महीने में इस डील में मनोज मोदी और अमिताभ झुनझुनवाला ने अहम भूमिका निभाई। मनोज, मुकेश अंबानी का 'राइट हैंड' हैं तो अमिताभ अनिल अंबानी के विश्वसनीय सहयोगी हैं।
इन दोनों ने दोनों बंधुओं को साथ में लाने से पहले कई दौर की बातचीत की। सूत्रों के मुताबिक मुकेश के ऑफिस में अंबानी बंधु हर दो-तीन सप्ताह में एक बार जरूर मिलते रहे हैं।
4जी सर्विस लांच करने के लिए मुकेश अंबानी ने दो साल पहले ही स्पेक्ट्रम हासिल कर लिए थे। ऐसे में 4जी सर्विस लांच करने के लिए अनिल अंबानी की रिलायंस कम्युनिकेशन का ऑप्टिक फाइबर नेटवर्क से बेहतर विकल्प कोई और हो ही नहीं सकता था।
कड़वाहट खत्म, और आएंगे नजदीक?
आर्थिक जानकारों का कहना है कि अंबानी बंधुओं के बीच 1200 करोड़ की यह डील महज शुरुआत है। आगे और चौंकाने वाले सौदे हो सकते हैं।
इसके अलावा यह सौदा दोनों भाईयों के एक-दूसरे के और करीब आने का संकेत है। अब दोनों भाई बैंकिंग सेक्टर के अलावा टेलीकॉम इनफ्रस्टाक्चर, मोबाइल टॉवर सहित अन्य सेक्टर में हाथ मिला सकते हैं।