कितने करोड़ मालिक हैं राहुल गांधी, पढें एक-एक रुपए का ब्योरा
भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी की नागरिकता पर सवाल खड़े करने के बाद पर आरोप लगाया है कि राहुल नेता नहीं बल्कि कमीशन एजेंट हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और सोनिया गांधी की संयुक्त संपत्ति ढाई लाख करोड़ है।
कितने करोड़ मालिक हैं राहुल गांधी, पढें एक-एक रुपए का ब्योरा
इसी सब के बीच एक और बहस निकल आई कि राहुल गांधी क्या केवल नेता ही हैं या बिजनेसमैन या फिर नेता और बिजनेसमैन दोनों। तो आईए आपको बताते हैं राहुल गांधी की कितनी कंपनियां हैं और उनका बिजनेस क्या है?
कितने करोड़ मालिक हैं राहुल गांधी, पढें एक-एक रुपए का ब्योरा
राहुल गांधी ने 2004 के सामान्य चुनावों के दौरान नामंकन के समय दिए गए अपने शपथ पत्र में बताया था कि बैक ऑप्स सर्विस प्राइवेट लिमिडेट में 83 प्रतिशत के हिस्से दार हैं। बैक ऑप्स मुंबई की कंपनी है जो परामर्श फर्म है। यह विदेशी कंपनी इंजनियरिंग कंपनियों के लिए अपनी सेवाएं उपलब्ध कराती है। रेडिफ के अनुसार यह कंपनी 28 मई 2002 को दिल्ली में शुरु की गई थी। जिसकी अधिकृत पूंजी सन् 2004 में 25 लाख रुपए थी।
कितने करोड़ मालिक हैं राहुल गांधी, पढें एक-एक रुपए का ब्योरा
इस कंपनी के निदेशक राहुल गांधी और उनके मित्र मनोज मट्टू हैं। वहीं कुछ सौ शेयर्स के साथ दिल्ली के ही अनिल ठाकुर और रणवीर सिन्हा भी इस कंपनी के मालिक हैं। 2004 के सामान्य चुनावों में राहुल गांधी द्वारा दिए गए हलफनामे में बताया गया है कि उनकी इस फर्म का पूंजी निवेश 2.5 लाख रुपए था वहीं इसके बैंक बैलेंस में 3 लाख रुपए थे। सामान्य चुनावों में हलफनामे के संपत्ति वाले कॉलम में इस बात का भी जिक्र है कि बैक ऑप्स के यूरोप स्थित एचएसबीसी बैंक के एकाउंट में 18, 600 डॉलर बताया गया था। जो रुपए में बदलने पर आज के हिसाब से करीब 12, लाख रुपए हैं।
कितने करोड़ मालिक हैं राहुल गांधी, पढें एक-एक रुपए का ब्योरा
राहुल की इसी कंपनी के संबंध में अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस की मानें तो राहुल ने 2009 में अपने स्टेक अपनी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा को ट्रांसफर कर दिए। ट्रांसफर के बाद 2010 में कंपनी के कुल शेयर्स का 91.7 प्रतिशत स्टेक प्रियंका का हो गया है। इसके बाद प्रियंका को मार्च 25, 2009 से कंपनी का
संयुक्त निदेशक बना दिया गया और मनोज मट्टू निदेशक के पद पर बने रहे जबकि
उनके पास कंपनी का कुल 8.33 प्रतिशत स्टेक ही था।