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87 घंटे बाद गिरकर बोली बनारस की बेटी, खड़ी हूं और खड़ी रहूंगी

Thu, 19 Nov 2015 01:50 PM IST
Updated Thu, 19 Nov 2015 01:50 PM IST
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87 घंटे बाद गिरकर बोली बनारस की बेटी, खड़ी हूं और खड़ी रहूंगी

success story of kathak dancer sony chaurasia

लगातार सबसे अधिक समय (124 घंटे) तक नृत्य का विश्व कीर्तिमान बनाने से चूकी कथक नृत्यांगना सोनी चौरसिया थोड़ी मायूस हैं लेकिन हताश कतई नहीं। (सभी फोटो: अमर उजाला ब्यूरो, वाराणसी)

87 घंटे बाद गिरकर बोली बनारस की बेटी, खड़ी हूं और खड़ी रहूंगी

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शानदार प्रयास के बाद भी रिकॉर्ड न बना पाने का मलाल तो अपनी जगह है लेकिन जोश और जज्बे से भरी काशी की इस बेटी ने कहा कि ‘मैं कल भी खड़ी थी, आज भी खड़ी हूं और आगे भी खड़ी रहूंगी। फिर कोशिश करूंगी और एक दिन जरूर विश्व कीर्तिमान बनाऊंगी। और जल्द बनाऊंगी।’

87 घंटे बाद गिरकर बोली बनारस की बेटी, खड़ी हूं और खड़ी रहूंगी

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लगातार 124 घंटे नृत्य कर विश्व कीर्तिमान बनाने का सोनी का सफर मंगलवार की रात उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद थम गया था। उसके बाद अधिकृत तौर पर इसकी घोषणा भी कर दी गई थी। सोनी ने बताया कि 14 नवंबर को सुबह नौ बजे अभियान की शुरुआत के बाद से चौथे दिन 87 घंटे का सफर तय करने तक जरा भी थकान महसूस नहीं हुई।

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मंगलवार की रात 12:18 बजे जब वह मंच पर नाचते-नाचते अचानक बैठ गईं तो कुछ समय के लिए लगा कि वह गायब हो गईं लेकिन उसके बाद तालियों की गड़गड़ाहट सुनाई दी तो पैर फिर अपने आप थिरकने लगे। हालांकि परिवार के लोगों और डॉक्टरों की सलाह पर उन्हें ब्रेक लेना पड़ा। कुछ देर आराम करने के बाद वह दोबारा मंच पर आना चाहती थी लेकिन घरवाले तैयार नहीं हुए।

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परिवार सहित सभी लोग इस बात से डरे थे कि सोनी को कुछ हो न जाए और फिर डॉक्टरों की सलाह के आधार पर वह दोबारा मंच पर नहीं आ पाईं। देर रात 3:20 बजे उन्हें मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा ले जाया गया, वहां प्राथमिक उपचार के बाद एकबारगी फिर उन्होंने आर्य महिला पीजी कॉलेज के प्रबंधक से मंच पर वापस आने की इच्छा जताई लेकिन लोग इसके लिए तैयार नहीं हुए।

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