मंडी: अंजलि ठाकुर ने रचा इतिहास, बोशिया खेल में देश को दिलाया पहला स्वर्ण पदक
अंजलि ठाकुर ने अंतरराष्ट्रीय बोशिया प्रतियोगिता में इतिहास रच दिया है। चेक गणराज्य के पिल्सेन में वर्ल्ड बोशिया चैलेंजर प्रतियोगिता में अंजलि ने बीसी-3 पेयर स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता है।
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हिमाचल की बेटी अंजलि ठाकुर ने अंतरराष्ट्रीय बोशिया प्रतियोगिता में इतिहास रच दिया है। चेक गणराज्य के पिल्सेन में वर्ल्ड बोशिया चैलेंजर प्रतियोगिता में अंजलि ने बीसी-3 पेयर स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता है। इस वर्ग में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का यह पहला स्वर्ण पदक है। अंजलि ने भारतीय टीम के साथियों प्रियंका, अजेया राज और संदीप के साथ शानदार तालमेल दिखाते हुए कड़े मुकाबलों में जीत हासिल की। प्रतियोगिता के दौरान टीम ने सटीक निशाने, बेहतर रणनीति और आत्मविश्वास के साथ खेलते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
अंजलि ठाकुर मंडी जिले के मौवीसेरी की रहने वाली हैं। अंजलि फिलहाल अपनी टीम के साथ पिल्सेन में हैं। परिजनों ने फोन पर उन्हें जीत की बधाई दी और भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। बोशिया एक इंडोर खेल है, इसे गंभीर शारीरिक अक्षमता वाले खिलाड़ियों के लिए विकसित किया गया है। यह पैरालंपिक खेलों का हिस्सा है। खेल में सफेद रंग की गेंद को जैक कहा जाता है। खिलाड़ी लाल और नीली गेंदों को जैक के अधिक से अधिक करीब पहुंचाने का प्रयास करते हैं। सभी गेंदें खेलने के बाद जैक के सबसे करीब गेंद रखने वाले खिलाड़ी या टीम को अंक मिलते हैं। कई बार गेंदों की दूरी मिलीमीटर तक मापकर फैसला किया जाता है। खिलाड़ी व्हीलचेयर पर बैठकर खेलते हैं।
कार दुर्घटना के बाद हुआ बदलाव
उपमंडल की मौवीसेरी पंचायत के जन्यनी गांव की अंजलि ठाकुर ने अपनी जिंदगी को नई दिशा दी है। कार दुर्घटना के बाद गर्दन के नीचे का हिस्सा काम करना बंद हो गया, लेकिन अंजलि का हौसला नहीं टूटा। आज बोशिया खेल उनके जीवन का सहारा बन चुका है और वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन कर रही हैं।
मेहनत के दम पर सपना किया साकार
बोशिया खेल में स्वर्ण पदक जीतना अंजलि का सपना था, जिसे उसने कड़ी मेहनत और लगन से साकार कर दिखाया। बेटी से इस उपलब्धि की जानकारी मिलने पर पिता धमेश्वर दत्त और माता पार्वती की खुशी का ठिकाना नहीं है। दूरभाष पर अंजलि ने बताया कि देश के लिए पदक लाने का सपना पूरा हुआ और अब अगले महीने जापान में होने वाली प्रतिस्पर्धा में भी जीत का क्रम जारी रहेगा। अंजलि बुधवार को चंडीगढ़ पहुंचेगी। बेटी के घर लौटने का परिवार बेसब्री से इंतजार कर रहा है।
महिलाओं में सोलन की रंजना नेगी और पुरुष वर्ग में ऊना के हर्ष प्रथम
वहीं योग एसोसिएशन की ओर से प्रदेश स्टेट योग स्पोर्ट्स चैंपियनशिप में ऊना के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। 21 से 25 आयु वर्ग की महिला श्रेणी में सोलन की रंजना नेगी प्रथम, ऊना की ज्योति बाला द्वितीय रहीं। पुरुष वर्ग में ऊना के हर्ष प्रथम, सोलन के कार्तिक ठाकुर द्वितीय और सोलन के गौतम साहू तृतीय स्थान पर रहे। 25-30 पुरुष वर्ग में सोलन के श्याम पांडे प्रथम, बिलासपुर के सचिन द्वितीय और कुल्लू के पवन तृतीय रहे। 18-21 बालिका वर्ग में सोलन की भारती ठाकुर प्रथम, पूजा द्वितीय और भाविनी तृतीय स्थान पर रहीं। इसी आयु वर्ग के बालक वर्ग में सोलन के अनूप यादव प्रथम, चंबा के योगेश द्वितीय और सोलन के सचिन तृतीय रहे।