Hindi News
›
Video
›
India News
›
West Bengal Elections 2026: BJP candidate Dr. Rajesh Kumar reveals Mamata's secrets, sparks political uproar i
{"_id":"69dc0382a4428f1e610b5ec1","slug":"west-bengal-elections-2026-bjp-candidate-dr-rajesh-kumar-reveals-mamata-s-secrets-sparks-political-uproar-i-2026-04-13","type":"video","status":"publish","title_hn":"West Bengal Elections 2026: भाजपा प्रत्याशी डॉ. राजेश कुमार ने खोले ममता के राज, बंगाल में मचा सियासी बवाल!","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
West Bengal Elections 2026: भाजपा प्रत्याशी डॉ. राजेश कुमार ने खोले ममता के राज, बंगाल में मचा सियासी बवाल!
वीडियो डेस्क अमर उजाला डॉट कॉम Published by: Bhaskar Tiwari Updated Mon, 13 Apr 2026 03:30 AM IST
Link Copied
भाजपा में शामिल होने और जगतदल विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनने पर, रिटायर्ड IPS ऑफिसर डॉ. राजेश कुमार ने कहा, "ये सरकार सिर्फ लोगों में डर फैलाकर खुद को ज़िंदा रखने में माहिर हो गई है, और वे हर समय लोगों में अलग-अलग तरीकों से डर पैदा करते हैं. दूसरी तरफ, वे लोगों को यह कहकर डराते हैं कि अगर वे पोलिंग बूथ पर गए, तो वे उनका घर तोड़ देंगे.उन्होंने अधिकारियों में डर पैदा कर दिया है.2017 से 2026 तक, लगभग 10 साल तक, मुझे किसी भी बड़ी पोस्टिंग पर अपॉइंट नहीं किया गया। लेकिन मैंने यह नहीं माना कि मुझे उनके सामने सिर झुकाना चाहिए, और मैंने तब भी लड़ाई लड़ी। मेरे पिता एक स्वतंत्रता सेनानी थे, और मैं उनका बेटा हूं, इसलिए अपने अधिकारों और नैतिकता के लिए लड़ना मेरे खून में है"
भाजपा प्रत्याशी डॉ. राजेश कुमार द्वारा ममता बनर्जी पर किया गया यह तीखा हमला कि “वे लोगों में डर फैलाकर खुद को जिंदा रखने में माहिर हो गई हैं” पश्चिम बंगाल की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों और आरोप-प्रत्यारोप की तीव्रता को दर्शाता है। इस बयान के माध्यम से भाजपा नेता ने तृणमूल कांग्रेस और उसकी नेता ममता बनर्जी की राजनीति को भय और असुरक्षा के माहौल से जोड़ने की कोशिश की है। भाजपा का लंबे समय से यह आरोप रहा है कि राज्य में राजनीतिक हिंसा, धमकी और दबाव की राजनीति का इस्तेमाल कर सत्तारूढ़ दल अपना वर्चस्व बनाए रखता है। डॉ. राजेश कुमार का यह बयान उसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसमें भाजपा जनता के बीच यह संदेश देना चाहती है कि राज्य में लोकतांत्रिक माहौल प्रभावित हो रहा है और आम नागरिक भय के वातावरण में जी रहे हैं।
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस और ममता बनर्जी इन आरोपों को पूरी तरह खारिज करती रही हैं और भाजपा पर ही माहौल को खराब करने का आरोप लगाती हैं। ममता बनर्जी का कहना है कि भाजपा बाहरी ताकतों के सहारे राज्य में अस्थिरता फैलाने की कोशिश कर रही है और सांप्रदायिक ध्रुवीकरण के जरिए वोट हासिल करना चाहती है। इस प्रकार दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का यह सिलसिला चुनावी माहौल को और अधिक गर्म बना देता है।
पश्चिम बंगाल की राजनीति में चुनाव के समय इस तरह के तीखे बयान आम बात हो जाते हैं, जहां हर पार्टी अपने विरोधी को कमजोर दिखाने और खुद को मजबूत विकल्प के रूप में पेश करने की कोशिश करती है। भाजपा की ओर से यह भी कहा जाता है कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है और आम जनता खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करती, जबकि तृणमूल कांग्रेस सरकार इन दावों को निराधार बताकर अपने विकास कार्यों और सामाजिक योजनाओं को सामने रखती है।
कुल मिलाकर, डॉ. राजेश कुमार का यह बयान एक राजनीतिक रणनीति का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य मतदाताओं को प्रभावित करना और विपक्ष पर सवाल उठाना है। यह बयान न केवल चुनावी बयानबाजी को दर्शाता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि पश्चिम बंगाल की राजनीति कितनी प्रतिस्पर्धी और संघर्षपूर्ण हो चुकी है, जहां हर शब्द और हर आरोप का सीधा असर जनमत पर पड़ने की संभावना रहती है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।