मिनी कूपर हादसा: तीन युवाओं की मौत के मामले में चार आरोपियों की पुलिस हिरासत बढ़ी, 15 अक्तूबर तक होगी पूछताछ
केरल के कोच्चि के पास मिनी कूपर कार की टक्कर से तीन युवाओं की मौत के मामले में अदालत ने चार आरोपियों को 15 अक्टूबर शाम पांच बजे तक पुलिस हिरासत में भेजा है। कार चालक सुहैल पर शराब के नशे में तेज रफ्तार से गाड़ी चलाने का आरोप है। मामले में कई गंभीर धाराएं लगाई गई हैं। हादसे के समय क्या हुआ था और जांच में अब कौन से तथ्य सामने आएंगे? आइए, सबकुछ विस्तार से जानते हैं...
विस्तार
केरल के कोच्चि के पास मिनी कूपर कार से हुए हादसे में तीन युवाओं की मौत के मामले में अदालत ने चार आरोपियों को पुलिस हिरासत में भेज दिया है। अंगमाली की अदालत ने बुधवार को आरोपियों की हिरासत 15 अक्तूबर को शाम पांच बजे तक मंजूर की। पुलिस अब उनसे हादसे को लेकर आगे पूछताछ करेगी। इस मामले में 19 वर्षीय सुहैल भी आरोपी है, जो कथित तौर पर शराब के नशे में तेज रफ्तार से मिनी कूपर चला रहा था। हादसे में करीब 21 साल के तीन युवाओं, जिनमें दो महिलाएं थीं, की मौत हो गई थी।
अदालत ने चारों आरोपियों को पुलिस हिरासत में क्यों भेजा?
- चारों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजे जाने और बाद में कम उम्र के अपराधियों के लिए बने सुधार गृह में रखे जाने के बाद बुधवार को अदालत में पेश किया गया। पुलिस ने हादसे से जुड़े तथ्यों की आगे जांच और आरोपियों से पूछताछ करने के लिए उनकी हिरासत मांगी थी।
- अदालत ने पुलिस की मांग स्वीकार करते हुए चारों आरोपियों को गुरुवार, 15 अक्तूबर को शाम पांच बजे तक पुलिस हिरासत में रखने की अनुमति दी। पुलिस अब हादसे से जुड़ी परिस्थितियों और आरोपियों की भूमिका के बारे में पूछताछ करेगी। मामले में आगे की जांच के लिए यह हिरासत अहम मानी जा रही है।
कैसे हुआ था मिनी कूपर हादसा, जिसमें तीन युवाओं की मौत हुई?
यह हादसा रविवार तड़के कोच्चि के पास नेदुंबस्सेरी में हुआ था। पुलिस के अनुसार, तेज रफ्तार मिनी कूपर कार ने एक स्कूटर को टक्कर मार दी थी। इस हादसे में करीब 21 साल के तीन युवाओं की मौत हो गई। मृतकों में दो महिलाएं शामिल थीं। कार को 19 वर्षीय सुहैल चला रहा था। आरोप है कि वह शराब के नशे में गाड़ी चला रहा था। हादसे के बाद कराई गई चिकित्सकीय जांच में उसके खून में शराब की मात्रा काफी अधिक होने की बात सामने आने की जानकारी दी गई। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अतिरिक्त धाराएं भी लगाईं। हालांकि, मामले में आरोपियों के खिलाफ आरोपों की जांच जारी है और अदालत में दोष साबित होना बाकी है।
आरोपियों पर कौन-कौन सी धाराएं लगाई गई हैं?
पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 281 के तहत लापरवाही से वाहन चलाने, धारा 49 के तहत उकसाने और धारा 3(5) के तहत साझा मंशा से किए गए अपराध से संबंधित आरोप लगाए हैं। इसके अलावा भारतीय न्याय संहिता की धारा 105 के तहत गैर-इरादतन हत्या और मोटर वाहन अधिनियम की धारा 185 के तहत शराब पीकर वाहन चलाने का आरोप भी शामिल है। इन धाराओं के तहत पुलिस हादसे में आरोपियों की भूमिका और कथित लापरवाही की जांच कर रही है। शराब के नशे में वाहन चलाने का आरोप इस मामले का एक अहम पहलू है।
सरकार ने विपक्ष की चिंता पर क्या जवाब दिया?
केरल के गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने बुधवार को राज्य विधानसभा में आश्वासन दिया कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह बयान विपक्ष की उन चिंताओं के जवाब में दिया, जो हादसे की जांच को लेकर उठाई गई थीं। विपक्ष के नेता पिनराई विजयन ने मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए सवाल उठाया था कि प्राथमिकी दर्ज करने, कार चालक को गिरफ्तार करने और उसकी चिकित्सकीय जांच कराने में देरी हुई। विपक्ष ने इन कथित देरी को लेकर चिंता जताई। गृह मंत्री ने विधानसभा में कहा कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। अब पुलिस की पूछताछ और जांच से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि हादसे से जुड़े तथ्यों और आरोपों के बारे में आगे क्या सामने आता है।