नीलामी के लिए तैयार यह 88 साल पुरानी प्री-वार कार: जानिए क्या है इसमें खास और क्यों है दुनिया में इतनी दुर्लभ
Vintage French Car: दुनिया की सबसे दुर्लभ और खूबसूरत विंटेज कारों में से एक 1937 डेलाज D8-120 S एयरोडायनामिक कूप अगले महीने नीलाम होने जा रही है। यह उन सिर्फ 74 कारों में शामिल है, जिन्हें Pebble Beach Best of Show का सर्वोच्च सम्मान मिला है। यह इतनी खास की क्यों है? आइए इस आर्ट डेको कार के बारे में सबकुछ विस्तार से जानते हैं...
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विस्तार
यह Delage Coupe क्यों इतनी खास है?
- यह कार फ्रेंच निर्माता डेलाज के D8-120 S मॉडल का प्रोटोटाइप थी, जिसे सामान्य D8-120 से अधिक स्पोर्टी बनाया गया था। इसमें 4.75-लीटर स्ट्रेट-एट इंजन, कम ऊंचाई वाली सस्पेंशन, हल्का वजन और बड़े ब्रेक दिए गए थे, लेकिन इसकी सबसे बड़ी पहचान इसका हाथ से तैयार किया गया एल्युमिनियम और स्टील का एयरोडायनामिक बॉडीवर्क है।
- इस शानदार डिजाइन को फ्रेंच डिजाइनर जॉर्जेस पॉलिन (Georges Paulin) ने तैयार किया था, जबकि इसका निर्माण पेरिसियन कोचबिल्डर मार्सेल पूर्तू (Marcel Pourtout) ने किया था। उस दौर में इसकी एयरोडायनामिक्स को बेहतर बनाने के लिए विंड टनल का इस्तेमाल किया गया था, जो उस समय बेहद नई तकनीक मानी जाती थी।
पेरिस मोटर शो में नहीं मिली जगह, फिर भी बनी आकर्षण
इस कार को कंपनी के संस्थापक लुई डेलेज इसे 1937 के पेरिस सैलून में प्रदर्शित करना चाहते थे, लेकिन तब तक आवेदन बंद हो चुके थे, लेकिन डेलेज और पूर्तू ने हार नहीं मानी और इस कार को शो के ग्रैंड पैलेस के बाहर ही पार्क कर दिया, जिसने खूब लोगों को आकर्षित किया। इसके बाद यह कार लुई डेलेज की राेज की सवारी बन गई।
एक्सीडेंट के बाद बदल गया डिजाइन
- 1953 में यह कार एक मामूली दुर्घटना का शिकार हुई।जिसके बाद इसे मरम्मत के लिए मशहूर कोचबिल्डर साऊतचिक के पास भेजा गया। वहां मूल डिजाइन में कई बदलाव कर दिए गए। कार का फ्रंट हिस्सा ऊंचा और सीधा बना दिया गया, विंडशील्ड को फ्लैट कर दिया गया और पीछे की दो अलग-अलग खिड़कियों की जगह एक सिंगल ग्लास लगा दिया गया।
- बाद में, पूरी तरह रिस्टोर होने के बाद इसे अखबारों के बड़े मालिक विलियम ए रैडी ने खरीदा और फ्रांस में चलाने के बाद अमेरिका भेज दिया। इसके बाद यह न्यूयॉर्क के फिल्ममेकर विलियम मास और फिर ईस्ट कोस्ट के कलेक्टर अल्फ्रेडो ब्रेनर के पास गई।
फिर लौटा कार का पुराना डिजाइन
- इसके बाद यह कार कई कलेक्टर्स के पास रही और अंत में इसे अमेरिकी कलेक्टर सैम मान (Sam Mann) ने खरीद लिया। फिर उन्होंने कार को न्यू जर्सी के मशहूर रिस्टोरेशन हाउस स्टोन बार्न ( Stone Barn) भेजा, जहां दो साल से अधिक समय तक इसकी पूरी रिस्टोरेशन की गई।
- पुरानी तस्वीरों और पूर्तू आर्काइव्स (दस्तावेजों) की मदद से साऊतचिक की ओर से किए गए बदलावों को हटाकर कार को उसके मूल 1937 वाले स्वरूप में वापस लाया गया।
कितने पुरुस्कार मिले?
- साल 2005 में इस कार ने पेबल बीच का सर्वोच्च पुरस्कार बेस्ट ऑफ शो जीता। इसी साल न्यूयॉर्क के पहले इसे लुई वितों क्लासिक (Louis Vuitton Classic) में भेजा गया, जहां इस कार को बेस्ट ऑफ द बेस्ट( Best of the Best) चुना गया। सैम मान का कहना है कि यह उनकी संग्रह की हर कार से बेहतर है और ऑटोमोबाइल को कला के रूप में प्रदर्शित करने का सबसे उदाहरण है।
- जब एक्सपर्ट हार्वे स्टैनली से पूछा गया कि क्या पेबल बीच विजेता होने से कार की वैल्यू और कलेक्टिबिलिटी बढ़ती है? तो उन्होंने कहा कि एक हजार प्रतिशत, यह कार के लिए दुनिया का सबसे बड़ा सम्मान है जो इसके इतिहास और प्रमाणिकता को बेहद मजबूत बनाता है।
युवा खरीदार भी दिखा सकते हैं दिलचस्पी
हार्वे स्टैनली का मानना है कि इस बार इस कार का खरीदार अपेक्षाकृत युवा भी हो सकता है। उनके अनुसार, प्री-वार क्लासिक कारों में नई पीढ़ी की दिलचस्पी लगातार बढ़ रही है और इतनी दुर्लभ और पुरस्कार विजेता कार किसी भी बड़े अंतरराष्ट्रीय क्लासिक कार इवेंट में हिस्सा लेने और जीतने की क्षमता रखती है।
कितनी कीमत हो सकती है ?
RM Sotheby's को उम्मीद है कि यह 1937 डेलाज D8-120 S एयरोडायनामिक कूपनीलामी में 5 से 6 मिलियन डॉलर, यानी लगभग 41 से 50 करोड़ रुपये में बिक सकती है। अगर ऐसा होता है, तो यह साल की सबसे चर्चित क्लासिक कार नीलामियों में से एक साबित होगी।