{"_id":"6467129738db67b02b04ccb2","slug":"fada-demand-to-reduce-gst-rates-on-two-wheelers-from-28-to-18-percent-after-sales-down-2023-05-19","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"GST On Two Wheelers: दो पहिया वाहनों की बिक्री में आई गिरावट, फाडा ने की जीएसटी कम करने की मांग","category":{"title":"Automobiles","title_hn":"ऑटो-वर्ल्ड","slug":"automobiles"}}
GST On Two Wheelers: दो पहिया वाहनों की बिक्री में आई गिरावट, फाडा ने की जीएसटी कम करने की मांग
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: समीर गोयल
Updated Fri, 19 May 2023 12:22 PM IST
सार
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन की ओर से मांग की गई है कि दो पहिया वाहनों पर जीएसटी कम किया जाए। फाडा ने यह मांग क्यों की है। आइए जानते हैं।
देश में ऑटोमोबाइल डीलर्स की एसोसिएशन फाडा ने भारत सरकार से मांग की है कि दो पहिया वाहनों पर लगाए जाने वाले जीएसटी को कम किया जाए। हम इस खबर में आपको बता रहे हैं कि फाडा की ओर से सरकार से जीएसटी कम करने की मांग क्यों की गई है।
Trending Videos
जीएसटी कम करने की मांग
2 of 4
For Reference Only
- फोटो : सोशल मीडिया
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन की ओर से भारत सरकार से मांग की गई है कि दो पहिया वाहनों पर लगने वाले जीएसटी को कम किया जाए। फाडा ने कहा है कि मौजूदा समय में दो पहिया वाहनों पर 28 फीसदी की दर से जीएसटी लगाया जाता है। जिसे कम करके 18 फीसदी किया जाए।
दो पहिया वाहनों पर जीएसटी कम करने की मांग फाडा की ओर से इसलिए की गई है क्योंकि हाल में दो पहिया वाहनों की बिक्री में देशभर में गिरावट दर्ज की गई है। फाडा की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक साल 2016 के दौरान देशभर में कुल वाहनों की बिक्री में दो पहिया वाहनों का योगदान 78 फीसदी था। जबकि साल 2023 के दौरान यह कम होकर सिर्फ 72 फीसदी रह गया है।
फाडा के मुताबिक कच्चे माल की बढ़ती कीमत, सख्त उत्सर्जन मानदंड, ज्यादा टैक्स और लेवी कीमतों में बढ़ोतरी के कारण दो पहिया वाहनों की कीमत में भी पिछले कुछ समय में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। फाडा के मुताबिक साल 2016 में होंडा एक्टिवा की कीमत 52 हजार रुपये थी लेकिन 2023 में यह बढ़कर 88 हजार रुपये हो गई है। बजाज पल्सर की 2016 में कीमत 72 हजार रुपये थी लेकिन अब यह 1.5 लाख तक पहुंच गई है। फाडा ने जीएसटी में कमी के लिए वित्त मंत्री, जीएसटी परिषद के अध्यक्ष, सदस्यों, परिवहन मंत्रालय, भारी उद्योग मंत्रालय के सामने अपनी मांग रखी है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।