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बिहार: छात्राओं के करंट से झुलसने पर फूटा गुस्सा, एनएच जाम कर परिजनों ने की मुआवजे और कार्रवाई की मांग
Fri, 16 Oct 2026 03:43 PM IST
तिरहुत-मुजफ्फरपुर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरपुर
Published by: तिरहुत-मुजफ्फरपुर ब्यूरो
Updated Fri, 16 Oct 2026 03:43 PM IST
सार
मुजफ्फरपुर में स्कूल की छत पर हाईटेंशन करंट से तीन छात्राओं के झुलसने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। घायल बच्चियों के इलाज, मुआवजे और स्कूल प्रबंधन पर कार्रवाई की मांग को लेकर परिजनों और ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया।
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स्कूल के खिलाफ प्रदर्शन करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के अहियापुर थाना क्षेत्र में अहियापुर चौक के पास स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय शाहबाजपुर में हाईटेंशन तार के करंट से छात्राओं के झुलसने के मामले में लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। घायल बच्चियों के समुचित इलाज और मुआवजे की मांग को लेकर परिजनों और सैकड़ों ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने विद्यालय के सामने अहियापुर मुख्य सड़क को जाम कर दिया, जिससे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन बाधित हो गया। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और प्रशासन की टीम ने लोगों से बातचीत कर स्थिति संभाली।
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9 अक्तूबर को स्कूल की छत पर हुआ था हादसा
दरअसल, 9 अक्तूबर को सुबह करीब 10 बजे स्कूल में भोजनावकाश के दौरान छात्राएं खाना खाने के लिए छत पर गई थीं। इस दौरान छत के बेहद करीब से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन के कारण दीवार में करंट फैल गया। दीवार छूते ही तीन छात्राएं करंट की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गईं। इसके बाद उन्हें आनन-फानन में श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया। घायलों का इलाज जारी है, जबकि एक छात्रा की हालत अब भी नाजुक बताई जा रही है।
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परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर लगाए लापरवाही के आरोप
प्रदर्शन कर रहे छात्राओं के परिजनों और ग्रामीणों ने स्कूल प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए। प्रत्यक्षदर्शियों का दावा है कि हादसे के बाद बच्चियों के हाथ-पैर झुलस गए थे, लेकिन स्कूल का गेट तुरंत नहीं खोला गया। उनका यह भी आरोप है कि परिसर में वाहन मौजूद होने के बावजूद घायल छात्राओं को अस्पताल पहुंचाने के लिए उसका इस्तेमाल नहीं किया गया। इसके बाद ग्रामीणों ने ऑटो से घायल बच्चियों को अस्पताल पहुंचाया।
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हाईटेंशन लाइन हटाने और मुआवजे की मांग
परिजनों ने गंभीर रूप से झुलसी छात्राओं के बेहतर इलाज के लिए सरकारी सहायता और मुआवजे की मांग की। साथ ही स्कूल के ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन को तत्काल हटाने की मांग उठाई, ताकि भविष्य में ऐसी घटना न हो और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
डीपीओ ने जांच और कार्रवाई का दिया भरोसा
प्रदर्शन की सूचना मिलने पर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि घटना की जानकारी मिलने के बाद स्कूल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया गया है। परिजनों से लिखित शिकायत ली जा रही है। जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने घायल बच्चियों के इलाज और भविष्य के लिए हरसंभव मदद का भरोसा भी दिया।
पुलिस-प्रशासन से बातचीत के बाद हटा जाम
अहियापुर थानाध्यक्ष शरत कुमार ने बताया कि करीब एक सप्ताह पहले सरकारी स्कूल में छात्राएं करंट से झुलस गई थीं। परिजनों ने समुचित इलाज की मांग को लेकर सड़क जाम किया था। पुलिस और प्रशासन की बातचीत के बाद जाम हटा दिया गया है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।