सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Bonus ›   The Bonus Budget 2026 Live Updates: FM Nirmala Sitharaman Speech Budget Railway Defence Income Tax Slab News

The Bonus Budget Highlights: बाजार को नहीं पसंद आया बजट, सेंसेक्स-निफ्टी टूटे, पढ़ें आम बजट की 10 बड़ी घोषणाएं

बोनस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवम गर्ग Updated Sun, 01 Feb 2026 12:35 PM IST
विज्ञापन
सार

The Bonus Union Budget 2026 Live Updates: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार अपना नौवां बजट पेश करके एक नया रिकॉर्ड बनाया इस मौके पर आज रविवार को भी शेयर बाजार खुले हुए हैं। ऐसे में बजट 2026 से जुड़ी हर बड़ी घोषणा और पल-पल के अपडेट्स के लिए इस लाइव ब्लॉग से जुड़े रहें...

The Bonus Budget 2026 Live Updates: FM Nirmala Sitharaman Speech Budget Railway Defence Income Tax Slab News
बजट 2026-27 - फोटो : Graphics
विज्ञापन

विस्तार

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार अपना नौवां बजट पेश करके एक नया रिकॉर्ड बनाया। लोकसभा में उनका बजट भाषण कुल 85 मिनट का रहा। केंद्रीय वित्त मंत्री ने इस दौरान शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल से लेकर आयकर टैक्स के लिए कई एलान किए हैं। इस मौके पर आज रविवार को भी शेयर बाजार खुले हुए हैं। बजट से जुडा हर अपडेट द बोनस पर यहां पढ़ें...

Trending Videos


बाजार को नहीं पसंद आया बजट, सेंसेक्स 1000 अंक टूटा

Capital Expenditure में ₹1 लाख करोड़ की वृद्धि

  • सरकार ने पूंजीगत व्यय ₹11.2 लाख करोड़ से बढ़कर ₹12.2 लाख करोड़
  • भारतीय अर्थव्यवस्था को मिलेगा 'पावर बूस्टर' और विकास को 'विटामिन' 
  • नई सड़कें, पुल और रेलवे ट्रैक बनने से नए रोजगार मिलेंगे
  • अर्थव्यवस्था में प्राइवेट निवेश को मिलेगा सहारा
ये भी पढ़ें:- Budget 2026: टेक्सटाइल इंडस्ट्री को मिलेगी ट्रंप टैरिफ से लड़ने में मदद, बजट में किए गए ये एलान
विज्ञापन
विज्ञापन

बजट 2026 के 10 बड़ी घोषणाएं 

  1. वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पूंजीगत व्यय बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपए 
  2. इलेक्ट्रॉनिक मेन्युफैक्चरिंग के लिए 40,000 करोड़ रुपए का प्रस्ताव 
  3. घरेलू उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए बनेंगे तीन रसायनिक पार्क, मेगा टेक्सटाइल पार्क 
  4. सेमीकंडक्टर मिशन 2.0 के जरिये तैयार उपकरण एवं सामग्री के उत्पादन पर जोर
  5. MSME क्षेत्र में चैंपियन बनने के लिए कोष बनाने का प्रस्ताव 
  6. ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु जैसे खनिज-समृद्ध राज्यों में लगेंगी रेयर अर्थ इकाइयां
  7. वैश्विक रूप से प्रतिस्पर्धी माहौल बनाने के लिए कंटेनर विनिर्माण योजना का प्रस्ताव 
  8. स्टील और सीमेंट जैसे क्षेत्रों के लिए 20,000 करोड़ रुपए का प्रावधान 
  9. नेचुरल यार्न स्कीम एवं रोजगार योजना और राष्ट्रीय हथकरघा एवं हस्तशिल्प कार्यक्रम का प्रस्ताव
  10. सरकारी वित्तीय संस्थानों को मजबूत करने के तहत REC, PFC के पुनर्गठन का प्रस्ताव

बजट की बड़ी बातें 

  • दिव्यांग जन कौशल योजना शुरू होगी 
  • दिव्यांग सहारा योजना लाई जाएगी 
  • नेशनल मेंटल हेल्थ इंस्टीट्यूट रांची में प्रस्तावित 
  • बुद्धा सर्किट बनाया जाएगा 
  • खेल क्षेत्र में बदलाव के लिए खेलो इंडिया मिशन 
  • आयुर्वेद के तीन नए अखिल भारतीय संस्थानों की स्थापना की जाएगी 
  • 16वें वित्त आयोग की सिफारिशें मंजूर, राज्यों को 41% टैक्स ट्रांसफर 
  • वेटरनरी कॉलेज और डायग्नोस्टिक लैब के लिए पूंजी सब्सिडी सहायता

राजकोषीय घाटा 4.3% रहने का अनुमान

असर
  • घाटा कम होने का मतलब है कि सरकार कम ब्याज चुकाएगी
  • पैसा जनहित की योजनाओं पर खर्च होगा 
  • जब सरकार बाजार से कम उधार लेती है, तो सिस्टम में पैसा बढ़ेगा 
  • बाजार में ब्याज दरों पर दबाव कम होगा 
  • निजी क्षेत्र के पास विस्तार के लिए सस्ता फंड उपलब्ध होगा
  • भारत की 'क्रेडिट रेटिंग' के लिए सकारात्मक

कर्ज-जीडीपी अनुपात 55.6% रहने का प्रस्ताव

असर 
  • भारत की ग्लोबल रेटिंग में सुधार होगा 
  • कर्ज अनुपात कम होने से सरकार के पास पैसा बचेगा
  • स्वास्थ्य, शिक्षा और मनरेगा जैसी योजनाओं पर अधिक खर्च होगा 
  • घाटा पूरा करने के लिए बाजार से बहुत ज्यादा उधार नहीं लेना पड़ेगा 
  • लंबे समय में महंगाई को काबू में रखने में मदद मिलेगी

बजट में छोटे करदाताओं के लिए छह महीने की विदेशी संपत्ति खुलासा योजना की घोषणा
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को आम बजट 2026-27 पेश करते हुए छात्रों, तकनीकी पेशेवरों और स्थानांतरित एनआरआई जैसे छोटे करदाताओं के लिए छह महीने की विदेशी संपत्ति खुलासा योजना का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि पहले अपीलीय प्राधिकारी के समक्ष अपील की अवधि के लिए जुर्माने की राशि पर करदाताओं पर कोई ब्याज नहीं देना होगा, चाहे परिणाम कुछ भी हो। वित्त मंत्री ने 31 जनवरी, 2026 तक किए गए निवेश पर अधिसूचित सहकारी समितियों द्वारा प्राप्त लाभांश आय के लिए तीन साल की छूट का भी प्रस्ताव दिया। सरकार हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, पूर्वी घाट की अराकू घाटी और पश्चिमी घाट में पारिस्थितिक रूप से टिकाऊ पर्वतीय मार्ग विकसित करेगी। 


वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा आपात और आघात (ट्रॉमा) देखभाल केंद्र स्थापित करके जिला अस्पतालों की क्षमता में 50 प्रतिशत की वृद्धि की जाएगी। बजट में भारत में डेटा केंद्रों का उपयोग करके वैश्विक स्तर पर ग्राहकों को क्लाउड सेवाएं प्रदान करने वाली विदेशी कंपनियों को 2047 तक कर छूट देने का प्रस्ताव। वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा नई कर व्यवस्था के तहत अंतर-सहकारी समितियों की लाभांश आय को कटौती के रूप में अनुमति, सरकार सभी तरह के शेयरधारकों द्वारा शेयर की पुनर्खरीद पर पूंजीगत लाभ के रूप में कर लेगी। बजट में जिंस वायदा पर प्रतिभूति लेनदेन कर को 0.02 प्रतिशत से बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत करने का प्रस्ताव। सरकार अंतरराष्ट्रीय यात्रा के दौरान सामान (बैगेज) ले जाने से संबंधित प्रावधानों में संशोधन करेगी ताकि यात्रियों की वास्तविक चिंताओं का समाधान किया जा सके। बजट में भारत में विनिर्मित वस्तुओं या नगण्य आयात वाली वस्तुओं पर सीमा शुल्क में छूट को समाप्त करने का प्रस्ताव।

सीतारमण ने मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण द्वारा दिए गए मुआवजे को आयकर से छूट देने का प्रस्ताव किया। वित्त मंत्री ने छात्रों, तकनीकी पेशेवरों और स्थानांतरित एनआरआई जैसे छोटे करदाताओं के लिए छह महीने की विदेशी संपत्ति प्रकटीकरण योजना का प्रस्ताव रखा है। वित्त मंत्री सीतारमण ने अधिसूचित सहकारी समितियों के 31 जनवरी, 2026 तक किए गए निवेश पर प्राप्त लाभांश आय के लिए तीन साल की छूट का प्रस्ताव रखा। विदेशी पर्यटन पैकेज की बिक्री पर ‘स्रोत पर कर संग्रह’ (टीसीएस) की दर को पहले 20 प्रतिशत और फिर पांच प्रतिशत से घटाकर दो प्रतिशत किया गया है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार मंदिरों और मठों को संरक्षित करने के लिए पूर्वोत्तर क्षेत्र में बौद्ध सर्किट के विकास के लिए एक योजना शुरू करेगी। सरकार देश के प्रत्येक जिले में लड़कियों के लिए एक-एक छात्रावास बनाएगी। सरकार ने बजट में लोथल और हस्तिनापुर सहित 15 पुरातात्विक स्थलों को विकसित करने का प्रस्ताव रखा। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि, राजकोषीय घाटा 2026-27 में 4.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जबकि चालू वित्त वर्ष में इसके 4.4 प्रतिशत का अनुमान है। सरकार ने कर्ज-जीडीपी अनुपात 2026-27 में 55.6 प्रतिशत रहने का प्रस्ताव किया जो चालू वित्त वर्ष 56.1 प्रतिशत है। सरकार का कुल व्यय 2026-27 में 53.5 लाख करोड़ रुपये रहने का प्रस्ताव। 

यूपीआई लेनदेन जनवरी में 28.33 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर
देश में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) के जरिये होने वाला लेनदेन जनवरी में 28.33 लाख करोड़ रुपये के मूल्य और 21.70 अरब की संख्या के साथ रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) के आंकड़ों में यह जानकारी सामने आई। एनपीसीआई ने बताया कि दिसंबर 2025 में लेनदेन का मूल्य 27.97 लाख करोड़ रुपये रहा था। मासिक आधार पर लेनदेन के मूल्य में 21 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। 

आंकड़ों के अनुसार, जनवरी में औसत दैनिक लेनदेन 70 करोड़ रहा जिसका औसत मूल्य 91,403 करोड़ रुपये था। वर्ल्डलाइन के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) रमेश नरसिम्हन ने कहा, यूपीआई की वृद्धि की गति लगातार मजबूत हो रही है। केवल जनवरी 2026 में भारतीयों ने 28.33 लाख करोड़ रुपये के 21.7 अरब यूपीआई लेनदेन किए, जो दिसंबर की तुलना में अधिक है और सालाना आधार पर 28 प्रतिशत की मजबूत वृद्धि दर्शाता है।

सरकार ने 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों को स्वीकार कर लिया 
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को बजट पेश करते हुए कहा कि आयुर्वेद के तीन नए अखिल भारतीय संस्थानों की स्थापना की जाएगी। सीतारमण ने कहा कि सरकार ने 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों को स्वीकार कर लिया है और 41 प्रतिशत कर हस्तांतरण का फार्मूला बरकरार रखा है। पशु चिकित्सा महाविद्यालय, अस्पताल और डायग्नोस्टिक लैब के लिए ऋण-सम्बद्ध पूंजी सब्सिडी सहायता योजना का बजट में प्रस्ताव।

नगर निगम के बॉन्ड जारी करने पर 100 करोड़ रुपये के प्रोत्साहन का प्रस्ताव
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को नगर निगम द्वारा 1,000 करोड़ रुपये से अधिक के एकल बॉन्ड जारी करने पर 100 करोड़ रुपये के प्रोत्साहन का प्रस्ताव रखा। वित्त मंत्री ने सरकारी सार्वजनिक क्षेत्र के वित्तीय संस्थानों को मजबूत करने के तहत आरईसी लिमिटेड (पूर्व में ग्रामीण विद्युतीकरण निगम) और पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन (पीएफसी) के पुनर्गठन की भी घोषणा की। मंत्री ने ‘विकसित भारत के लिए बैंकिंग’ पर एक उच्चस्तरीय समिति गठित करने का प्रस्ताव दिया। उन्होंने कहा कि देश के बैंकिंग क्षेत्र की विशेषता मजबूत बैलेंस शीट और ऐतिहासिक रूप से उच्च लाभप्रदता है। उन्होंने अपने बजट भाषण में विदेशी मुद्रा प्रबंधन (गैर-ऋण उपकरण) नियमों की समीक्षा करने का प्रस्ताव भी रखा। उन्होंने कहा कि लगभग 25 करोड़ लोग बहुआयामी गरीबी से बाहर आए हैं।

वित्त मंत्री ने बजट भाषण में कहा सरकार नारियल, चंदन, अखरोट जैसी उच्च-मूल्य वाली फसलों को समर्थन देगी। वित्त मंत्री ने खेल क्षेत्र में बदलाव लाने के लिए खेलो इंडिया मिशन शुरू करने का प्रस्ताव किया।

ऑरेंज अर्थव्यवस्था: भारत के एवीजीसी क्षेत्र को बढ़ावा

  • भारत में एवीजीसी क्षेत्र में 2030 तक 20 लाख पेशेवरों की आवश्यकता होने का अनुमान
  • 15,000 माध्यमिक विद्यालयों और 500 कॉलेजों में एवीजीसी कंटेंट क्रिएटर लैब्स की स्थापना के लिए इंडियन इन्स्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीस, मुंबई को समर्थन देने के लिए प्रस्ताव

वित्त मंत्री ने कहा भारतीय मूल के व्यक्ति (पीआईओ) को 'पोर्टफोलियो निवेश योजना' के तहत भारत की सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों में निवेश की अनुमति होगी। 

Budget 2026 के बीच में बाजार की तेजी पर लगा ब्रेक, Nifty 25,300 के नीचे आया

 

 

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, करीब 2.5 करोड़ लोग बहुआयामी गरीबी से निकल चुके हैं बाहर। बजट में अगले पांच वर्षों के लिए 10,000 करोड़ रुपये के प्रावधान के साथ बायोफार्मा ‘शक्ति’ का प्रस्ताव। वित्त मंत्री ने सरकार चिकित्सा पर्यटन के लिए पांच केंद्रों की स्थापना में राज्यों की मदद करेगी। ‘शिक्षा से रोजगार और उद्यम’ के क्षेत्र में एक उच्चस्तरीय स्थायी समिति गठित करने का प्रस्ताव किया, जो विकसित भारत के मुख्य चालक के रूप में सेवा क्षेत्र पर केंद्रित उपायों की सिफारिश करेगी। 

वित्त मंत्री ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पूंजीगत व्यय बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये किया जो चालू वित्त वर्ष में 11.2 लाख करोड़ रुपये है। वित्त मंत्री ने बजट भाषण में कहा कि आईसीएआई और आईसीएसआई जैसे पेशेवर संस्थानों को अल्पकालिक मॉड्यूलर पाठ्यक्रम तैयार करने के लिए समर्थन देने का प्रस्ताव। बजट 2026–27 में प्राकृतिक रेशा योजना, वस्त्र विस्तार एवं रोजगार योजना और राष्ट्रीय हथकरघा एवं हस्तशिल्प कार्यक्रम का प्रस्ताव। 

ये भी पढ़ें:- Budget 2026 में बायोफार्मा शक्ति का ऐलान, सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्र्रॉनिक्स विनिर्माण पर भी खास ध्यान

वित्त मंत्री ने 2026-27 के बजट में 200 पुराने औद्योगिक क्लस्टर को फिर से शुरू करने की योजना का प्रस्ताव रखा। भारत एक बढ़ती हुई अर्थव्यवस्था के रूप में, अपनी विस्तारवादी व्यापारिक और पूंजीगत आवश्यकताओं के साथ, महत्वाकांक्षा और समावेशिता के बीच संतुलन बनाते हुए #ViksitBharat की दिशा में कदम उठाना जारी रखेगा। भारत को वैश्विक बाजारों के साथ गहराई से जुड़ना चाहिए, अधिक निर्यात करना चाहिए और स्थिर, दीर्घकालिक निवेश को आकर्षित करना चाहिए।  वित्त मंत्री ने मझोले और छोटे शहरों (टियर 2 और टियर 3) तथा मंदिर शहरों के विकास का प्रस्ताव किया। बुनियादी ढांचा क्षेत्र के लिए अवसंरचना जोखिम गारंटी कोष की स्थापना का प्रस्ताव। बुनियादी ढांचा क्षेत्र के लिए अवसंरचना जोखिम गारंटी कोष की स्थापना का प्रस्ताव। बजट 2026-27 में एकीकृत कपड़ा कार्यक्रम की घोषणा की, पांच उप-योजनाएं शामिल।

विकसित भारत के लिए बैंकिंग रिफॉर्म के लिए हाई लेवल कमेटी बनेगी
वित्त मंत्री ने कहा कि, विकसित भारत के लिए बैंकिंग रिफॉर्म के लिए हाई लेवल कमेटी बनेगी। वित्त मंत्री ने घरेलू उत्पादों को बढ़ावा देने के मकसद से तीन रसायनिक पार्क, वृहद कपड़ा पार्क के गठन का प्रस्ताव किया। वित्त मंत्री ने समुद्री विमान के विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन देने का प्रस्ताव किया। वित्त मंत्री ने वैश्विक रूप से प्रतिस्पर्धी माहौल बनाने के लिए कंटेनर विनिर्माण की योजना का प्रस्ताव रखा।

सीतारमण ने बजट भाषण में इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण के लिए 40,000 करोड़ रुपये के परिव्यय का प्रस्ताव रखा।

  • रणनीतिक और अग्रणी क्षेत्रों में विनिर्माण का विस्तार
  • भारत को वैश्विक बायोफार्मा विनिर्माण हब बनाने के लिए बायोफार्मा शक्ति योजना
  • इंडिया सेमिकंडक्टर मिशन (आईएसएम) 2.0 का शुभारंभ जल्द
  • इलेक्ट्रॉनिक कम्पोनेंट विनिर्माण योजना के लिए परिव्यय बढ़कर 40,000 करोड़ रुपये हो जाएंगे
  • ओडि़शा, केरल, आन्ध्र प्रदेश और तमिलनाडु में समर्पित रेयर अर्थ कॉरिडोर
सरकार का संकल्प गरीबों, वंचितों और पिछड़े वर्गों पर ध्यान देना
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने विनिर्माण, स्वास्थ्य देखभाल और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी, एमएसएमई समेत छह क्षेत्रों में कदम उठाने का प्रस्ताव किया। मजबूत वित्तीय क्षेत्र बचत जुटाने, पूंजी आवंटित करने और बेहतर शासन प्रबंधन के लिए महत्वपूर्ण। सरकार का संकल्प गरीबों, वंचितों और पिछड़े वर्गों पर ध्यान देना। देश ‘विकसित भारत’ बनने की दिशा में कदम उठाना जारी रखेगा। यहां पढ़ें...

हमारी सरकार ने कोरी बयानबाजी के बजाए सुधारों पर ध्यान दिया: सीतारमण

आम बजट 2026 पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि यह पहला बजट है जो कर्तव्य भवन में पेश किया जा रहा है और इसके साथ हमने तीन प्रमुख कर्तव्य तय किये हैं। अर्थव्यवस्था को मजबूती देते हुए आर्थिक वृद्धि को बढ़ावा देना, लोगों की आंकाक्षाओं को पूरा करना और सबका साथ सबका विकास करना।

Budget 2026 Live: बजट भाषण शुरू
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पढ़ना शुरू किया। सबका साथ सबका विश्वास के साथ बजट भाषण की शुरुआत। आम बजट 2026 पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि, हमने आर्थिक सुधारों के साथ राजकोषीय सूझबूझ को बनाये रखा है, हमारी नीतियों के कारण वृद्धि मजबूत हुई है और गरीबी में कमी आई है। केंद्रीय बजट 2026 में तीन कर्तव्य पर जोर

  • अस्थिर वैश्विक परिदृश्य में सुदृढ़ता बनाए रखकर आर्थिक विकास में तेजी लाना और उसे बनाए रखना।
  • आम लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना और उनकी क्षमताओं का विकास कर भारत की समृद्धि में उन्हें मजबूत साझेदार बनाना।
  • सार्थक भागीदारी के लिए प्रत्येक परिवार, समुदाय, धर्म और क्षेत्र की संसाधनों, सुविधाओं और अवसरों तक पहुंच सुनिश्चित करना।
वित्त मंत्री ने लोकसभा में 2026-2031 के लिए केंद्र व राज्यों के बीच कर राजस्व के हस्तांतरण पर 16वें वित्त आयोग की रिपोर्ट पेश की।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 2026-27 के केंद्रीय बजट को मंजूरी दी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में रविवार को वित्त वर्ष 2026-27 के केंद्रीय बजट को मंजूरी दे दी गई। यह बजट वैश्विक अनिश्चितताओं और निर्यात में शिथिलता के बीच पेश किया जा रहा है। यह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की अगुवाई वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार के तीसरे कार्यकाल का तीसरा बजट है। सीतारमण ने 2019 में पेश अपने पहले बजट में दशकों से बजट दस्तावेजों को ले जाने के लिए इस्तेमाल होने वाले चमड़े के ब्रीफकेस की परंपरा को तोड़ इसे टैबलेट में ले जाना शुरू किया था जिसे ‘लाल पाउच’ में रखा जाता है। इस साल का बजट भी कागज-रहित होगा।वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपना लगातार 9वां बजट पेश करके एक नया रिकॉर्ड बनाया। इस बार सभी की निगाहें बहुप्रतीक्षित सीमा शुल्क (Customs) सुधारों पर टिकी होंगी। सीतारमण ने 2019 में अपने पहले बजट में दशकों से चले आ रहे चमड़े के ब्रीफकेस की जगह लाल कपड़े में लिपटे पारंपरिक 'बही-खाते' को पेश किया था। पिछले चार वर्षों की तरह इस साल का बजट भी पेपरलेस (कागज रहित) रूप में होगा।

वित्त वर्ष 2026-27 के केंद्रीय बजट में नजर रखने वाले प्रमुख आंकड़े यहां दिए गए हैं:

  • राजकोषीय घाटा (Fiscal Deficit): चालू वित्त वर्ष (FY26) के लिए राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का 4.4 प्रतिशत रहने का अनुमान है। उम्मीद की जा रही है कि सरकार वित्त वर्ष 2027 के लिए इसे GDP के 4 प्रतिशत तक लाने की घोषणा कर सकती है।
  • पूंजीगत व्यय (Capital Expenditure): इस वित्त वर्ष के लिए पूंजीगत व्यय का बजट 11.2 लाख करोड़ रुपये रखा गया था। आगामी बजट में इसमें 10-15 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ इसके 12 लाख करोड़ रुपये से अधिक होने की संभावना है।
  • कर्ज का रोडमैप (Debt Roadmap): सरकार का लक्ष्य वित्त वर्ष 2026-27 से राजकोषीय नीति को इस तरह बनाए रखना है कि केंद्र सरकार का कर्ज GDP के प्रतिशत के रूप में घटता रहे. वर्तमान में कुल सरकारी कर्ज-GDP अनुपात 85 प्रतिशत से अधिक रहने का अनुमान है.
  • उधार (Borrowing): वित्त वर्ष 2026 में सरकार का कुल उधार बजट 14.80 लाख करोड़ रुपये था. बाजार उधार के इन आंकड़ों से देश के वित्तीय स्वास्थ्य का पता चलता है।
  • कर राजस्व (Tax Revenue): वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में कुल कर राजस्व 42.70 लाख करोड़ रुपये आंका गया था। इसमें 25.20 लाख करोड़ रुपये प्रत्यक्ष कर और 17.5 लाख करोड़ रुपये अप्रत्यक्ष कर से आने का अनुमान था।
  • जीएसटी (GST): वित्त वर्ष 2025-26 में जीएसटी संग्रह 11.78 लाख करोड़ रुपये तक बढ़ने का अनुमान है। सितंबर 2025 से लागू दरों में कटौती के बाद वित्त वर्ष 2027 के राजस्व अनुमानों पर कड़ी नजर रहेगी।
  • नाममात्र जीडीपी (Nominal GDP): विभिन्न अनुमानों के अनुसार, सरकार वित्त वर्ष 2027 के लिए नाममात्र जीडीपी विकास दर 10.5 से 11 प्रतिशत के बीच घोषित कर सकती है।
  • लाभांश (Dividend): सरकार ने वित्त वर्ष 2026 के लिए 1.50 लाख करोड़ रुपये के लाभांश का अनुमान लगाया था। हालांकि, आरबीआई (RBI) पहले ही वित्त वर्ष 2026 में 2.69 लाख करोड़ रुपये का काफी अधिक लाभांश दे चुका है।
  • सब्सिडी (Subsidy): चालू वित्त वर्ष के लिए सरकार ने सब्सिडी के लिए 3.83 लाख करोड़ रुपये निर्धारित किए थे, जिसमें खाद्य सब्सिडी अधिकतम 2.03 लाख करोड़ रुपये तय की गई थी।
  • प्रमुख योजनाएं: बजट में 'VBG RAM G' जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं के साथ-साथ स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर होने वाले खर्च पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।

बजट दस्तावेज के साथ संसद भवन पहुंचीं वित्त मंत्री

राष्ट्रपति ने वित्त मंत्री को दही-चीनी खिलाया

बजट से पहले शेयर बाजार में हल्की तेजी, Nifty 25,300 के पार

जीएसटी कलेक्शन जनवरी में 6.2% बढ़ा

सकल माल एवं सेवा कर (जीएसटी) संग्रह जनवरी में आयात से प्राप्त राजस्व में वृद्धि के दम पर 6.2 प्रतिशत बढ़कर 1.93 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया। सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी। कुल ‘रिफंड’ में 3.1 प्रतिशत की गिरावट आई और यह 22,665 करोड़ रुपये रहा। जनवरी में शुद्ध माल एवं सेवा कर राजस्व में 7.6 प्रतिशत की वृद्धि हुई और यह करीब 1.71 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया। तंबाकू उत्पादों से उपकर संग्रह जनवरी में 5,768 करोड़ रुपये रहा। जनवरी, 2025 में यह 13,009 करोड़ रुपये रहा था, जब कार तथा तंबाकू उत्पादों जैसे विलासिता, हानिकारक एवं अहितकर वस्तुओं पर उपकर लगाया जाता था। यहां पढ़ें पूरी खबर...
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed