AI Race: एआई की रेस में ओपनएआई से आगे निकला एंथ्रोपिक, 965 अरब डॉलर की वैल्यूएशन के साथ रचा इतिहास
एआई स्टार्टअप एंथ्रोपिक ने 65 अरब डॉलर की फंडिंग के साथ ओपनएआई को पीछे छोड़ दिया है। 965 अरब डॉलर की वैल्यूएशन और शानदार रेवेन्यू ग्रोथ के साथ कंपनी शेयर बाजार में उतरने की तैयारी कर रही है। एआई बाजार के इस सबसे बड़े बदलाव की पूरी कहानी जानने के लिए अभी पढ़ें!
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आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की दुनिया में एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। अमेरिका के मशहूर एआई स्टार्टअप एंथ्रोपिक ने एक ट्रिलियन डॉलर की वैल्यूएशन के करीब पहुंचकर इतिहास रच दिया है। अपने चैटबॉट क्लाउड के लिए पहचानी जाने वाली इस कंपनी ने वैल्यूएशन के मामले में अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी ओपनएआई को भी पीछे छोड़ दिया है। यह अहम पड़ाव ऐसे समय में आया है जब दोनों ही दिग्गज कंपनियां शेयर बाजार में अपने कदम रखने (स्टॉक मार्केट डेब्यूट) की जोरों-शोरों से तैयारी कर रही हैं।
फंडिंग का नया रिकॉर्ड और बढ़ती वैल्यूएशन
एंथ्रोपिक ने अपने हालिया फंडिंग राउंड में 65 अरब डॉलर की भारी-भरकम रकम जुटाई है। इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व अल्टीमीटर कैपिटल, ड्रैगनियर, ग्रीनओक्स और सिकोइया कैपिटल जैसे बड़े निवेशकों ने किया। इस शानदार निवेश के बाद कंपनी की कुल वैल्यूएशन (पोस्ट-मनी) 965 अरब डॉलर के स्तर पर पहुंच गई है। इस फंडिंग राउंड में एएमपी पीबीसी, बेली गिफोर्ड, ब्लैकस्टोन, ब्रुकफील्ड और डी.ई. शॉ वेंचर्स जैसे अन्य प्रमुख निवेशकों ने भी हिस्सा लिया, जबकि इंफ्रास्ट्रक्चर पार्टनर के रूप में माइक्रोन, सैमसंग और एसके हाइनिक्स भी इस शानदार सूची में शामिल हुए हैं। इसके उलट, अगर ओपनएआई की बात करें तो कंपनी ने इसी साल मार्च में 122 अरब डॉलर की बड़ी फंडिंग जुटाई थी, जिससे उसकी कुल वैल्यूएशन 852 अरब डॉलर आंकी गई थी।
मुनाफे और रेवेन्यू में जबरदस्त उछाल
बाजार में क्लाउड एआई की मांग ग्लोबल एंटरप्राइज ग्राहकों के बीच लगातार बढ़ रही है। इसी शानदार मांग के दम पर एंथ्रोपिक का 'रन-रेट रेवेन्यू' इस महीने की शुरुआत में ही 47 अरब डॉलर के आंकड़े को पार कर गया है। कंपनी को उम्मीद है कि उसका कुल रेवेन्यू 10.9 अरब डॉलर रहेगा, जो कि पिछली बार के मुकाबले दोगुने से भी अधिक है। सबसे खास बात यह है कि कंपनी को जून तिमाही में अपना पहला ऑपरेटिंग प्रॉफिट (परिचालन मुनाफा) दर्ज करने की उम्मीद है, जो किसी भी स्टार्टअप के लिए एक बहुत बड़ी उपलब्धि होती है।
कंपनी के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (सीएफओ) कृष्णा राव का कहना है कि दुनिया भर में बढ़ रहे उनके ग्राहकों के लिए क्लाउड लगातार एक जरूरी टूल बनता जा रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस नई फंडिंग से कंपनी को उस ऐतिहासिक मांग को पूरा करने में मदद मिलेगी जिसका वे वर्तमान में अनुभव कर रहे हैं। इसके अलावा, कंपनी इस फंड का इस्तेमाल अपनी रिसर्च को बेहतर बनाने और क्लाउड कोड और को-वर्क जैसे टूल्स को ग्राहकों के लिए और ज्यादा उपयोगी व पावरफुल बनाने में करेगी।
कंप्यूटिंग क्षमता और ग्लोबल इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार
क्लाउड की बढ़ती मांग को देखते हुए एंथ्रोपिक अपनी कंप्यूटिंग क्षमता को बहुत तेजी से बढ़ा रहा है। कंपनी ने अमेजन के साथ नई क्षमता के लिए पांच गीगावॉट तक का समझौता किया है। इसके अलावा, नेक्स्ट जनरेशन टीपीयू क्षमता के लिए गूगल और ब्रॉडकॉम के साथ पांच गीगावॉट का और स्पेसएक्स के साथ उनके कोलोसस 1 और कोलोसस 2 में जीपीयू के इस्तेमाल के लिए भी अहम करार किए गए हैं। सिकोइया कैपिटल के पार्टनर अल्फ्रेड लिन के मुताबिक, ग्लोबल 5000 कंपनियां और नए स्टार्टअप्स अपने जटिल कामों को संभालने के लिए क्लाउड का तेजी से इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे यह टूल बिजनेस के काम करने के तरीकों को बारीकी से सीख रहा है।
आगे की राह: एआई बाजार का भविष्य
कुल मिलाकर, एंथ्रोपिक ने अपने बुनियादी ढांचे को इतना मजबूत कर लिया है कि आज 'क्लाउड' दुनिया के तीनों सबसे बड़े क्लाउड प्लेटफॉर्म- अमेजन वेब सर्विसेज (AWS), गूगल क्लाउड और माइक्रोसॉफ्ट एज़्योर पर आसानी से उपलब्ध है। मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ, मुनाफे की उम्मीद और दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों के साथ रणनीतिक साझेदारियों के दम पर एंथ्रोपिक ने बाजार में अपनी स्थिति बेहद मजबूत कर ली है। आगामी आईपीओ और एआई टूल्स की लगातार बढ़ती मांग को देखते हुए, यह कहना गलत नहीं होगा कि एआई इंडस्ट्री का भविष्य और भी ज्यादा रोमांचक होने वाला है, जिसमें फिलहाल एंथ्रोपिक एक स्पष्ट लीडर के रूप में उभरता दिख रहा है।