BIZ Updates: टाटा संस के बोर्ड की अहम बैठक आज; औद्योगिक उत्पादन सूचकांक में अब दुर्लभ खनिज भी होंगे शामिल
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भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) ने सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाकर 6.06 फीसदी कर ली है। पहले यह 3.16 फीसदी थी। शेयर बाजार को दी गई जानकारी में सेंट्रल बैंक ने कहा, एलआईसी ने 22 मई को बाजार खरीद के माध्यम से सार्वजनिक क्षेत्र के ऋणदाता में 26.26 करोड़ शेयर या 2.90 फीसदी हिस्सेदारी खरीदी है। उधर, बीएसई पर सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया का शेयर 0.03 फीसदी की गिरावट के साथ 31.29 रुपये पर बंद हुआ।
भारत सरकार ने अखिल भारतीय औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) का आकलन करने के मानकों में बदलाव की सिफारिश की है। इसके तहत, असंगठित क्षेत्र के लिए अलग सूचकांक तैयार करने का सुझाव दिया गया है। साथ ही, खनन क्षेत्र में लघु खनिजों एवं रेयर अर्थ मिनरल्स (दुर्लभ खनिज) को शामिल करने के साथ विनिर्माण क्षेत्र में नए और उभरते उत्पादों को शामिल करने पर जोर दिया गया है। उत्पादक मूल्य सूचकांक के उपयोग की भी सिफारिश की गई है। सांख्यिकी मंत्रालय की ओर से सोमवार को जारी तकनीकी सलाहकार समिति की रिपोर्ट में कहा गया है कि जब उद्योग तेजी से बदल रहे हों, तब औद्योगिक आंकड़े स्थिर नहीं रह सकते। नवीकरणीय और गैर-नवीकरणीय बिजली उत्पादन को अलग-अलग मापा जाए। गैस वितरण, जलापूर्ति, सीवरेज और अपशिष्ट प्रबंधन जैसी गतिविधियों को आईआईपी के दायरे में लाया जाए।
आईआईपी का आधार वर्ष बदला
सरकार ने आईआईपी का आधार वर्ष 2011-12 से बदलकर 2022-23 कर दिया है। नई शृंखला एक जून, 2026 से लागू होगी। इसमें कई नए क्षेत्रों को शामिल किया गया है, जिनसे औद्योगिक गतिविधियों की व्यापक और सटीक तस्वीर सामने आएगी।
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने सोशल मीडिया मंचों पर सुनियोजित तरीके से शेयरों के दाम बढ़ाने और उन्हें ऊंचे दाम पर बेचकर 20.25 करोड़ से अधिक का गैर-कानूनी मुनाफा कमाने के आरोप में एक ही परिवार के सात लोगों को प्रतिबंधित कर दिया है। साथ ही, सेबी ने सोशल मीडिया पर वित्तीय मामलों के इंफ्लूएंसर हेमंत गुप्ता और उनके पुत्र रोहन एवं अनिकेत गुप्ता को तत्काल प्रभाव से बिना पंजीकरण के शोध विश्लेषक सेवाएं देने या खुद को अनुसंधान विश्लेषक के रूप में प्रस्तुत करने से रोक दिया है। सेबी ने 22 मई के अंतरिम आदेश में कहा, हेमंत, रोहन और अनिकेत ने ऑपरेटर के रूप में काम करते हुए पहले कम कारोबार वाले एसएमई शेयर बड़ी मात्रा में खरीदे। बाद में सोशल मीडिया पर उन शेयरों के बारे में सकारात्मक सिफारिशें फैलाकर कीमतों को बढ़ाया और ऊंचे दाम पर बेच दिए। परिवार के चार अन्य सदस्यों शेरोन, लीना, रजनी और पूर्वांगी गुप्ता ने अपने ट्रेडिंग खातों का उपयोग करने दिया या ऑपरेटरों के निर्देश पर लेनदेन कर इस मामले में सहयोग किया।
नंदन नीलेकणि की फंडामेंटम ने 3,000 करोड़ रुपये से शुरू किया तकनीक में निवेश का नया मंच
नंदन नीलेकणि की उद्यम पूंजी फर्म फंडामेंटम पार्टनरशिप ने एक नया निवेश मंच शुरू किया है। यह मंच भारत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता और गहन तकनीक वाली कंपनियों में निवेश करेगा। इसके लिए 3,000 करोड़ रुपये का प्रारंभिक कोष निर्धारित किया गया है। यह घोषणा मंगलवार को की गई, जिससे भारतीय तकनीक क्षेत्र में उत्साह बढ़ गया।
नए मंच का नाम F2A (फंडामेंटम फ्रंटियर एडवाइजर्स) रखा गया है। इसका पहला सेबी-अनुमोदित फंड 'फंडामेंटम III-एआई और डीपटेक' 2,000 करोड़ रुपये का लक्ष्य रखता है। इसके अतिरिक्त, F2A 1,000 करोड़ रुपये तक के समानांतर सह-निवेश का प्रबंधन करेगा। यह मंच उपभोक्ता, उद्यम और भौतिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में अग्रणी कंपनियों पर ध्यान केंद्रित करेगा। फंडामेंटम 2017 में स्थापित एक वृद्धि-चरण निवेश फर्म है।
इसने पहले फार्मईजी, स्पिननी, कुकूएफएम, विशलिंक और ओलिव जैसी फर्मों का समर्थन किया है। नीलेकणि इस नए मंच के मुख्य निवेशक के रूप में इसका समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि तकनीक-आधारित नवाचार सभी क्षेत्रों में नए अवसर पैदा कर रहा है।