भारत का तुर्किये को दो टूक: ईयू व्यापार समझौते का नहीं मिलेगा कोई फायदा, निर्यात पर ये अपडेट
भारत ने तुर्किये को दिया झटका। यूरोपीय संघ (EU) के साथ हुए एफटीए के जरिए तुर्किये नहीं भेज पाएगा अपना सामान। पाकिस्तान का समर्थन करने के बाद बिगड़े रिश्तों का दिखा असर। जानिए व्यापार के ताजा आंकड़े।
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भारत ने साफ कर दिया है कि तुर्किये यूरोपीय संघ (ईयू) के साथ हुए भारत के मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) का फायदा नहीं उठा पाएगा। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को स्पष्ट किया कि तुर्किये इस समझौते की शर्तों का इस्तेमाल करके अपना सामान भारत को निर्यात नहीं कर सकता।
रिश्तों में खटास बनी वजह अधिकारी के मुताबिक, तुर्किये को एफटीए प्रावधानों से दूर रखने की एक बड़ी वजह भू-राजनीतिक तनाव है। दरअसल, तुर्किये ने पाकिस्तान का समर्थन किया था और 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत आतंकी शिविरों पर भारत की कार्रवाई की निंदा की थी। इसके बाद से ही दोनों देशों के रिश्तों में तनाव आ गया है।
भारत-तुर्किये के बीच व्यापार में भारी गिरावट
तुर्किये के साथ भारत का व्यापार भी लगातार घट रहा है। ताजे आंकड़ों के मुताबिक:
- निर्यात घटा: वित्त वर्ष 2024-25 में भारत से तुर्किये को होने वाला निर्यात 14.1% गिरकर 5.71 अरब डॉलर रह गया है।
- आयात में कमी: वहीं, तुर्किये से भारत आने वाला सामान (आयात) 20.8% घटकर करीब 3 अरब डॉलर पर आ गया है।
गौरतलब है कि भारत के कुल निर्यात में तुर्किये की हिस्सेदारी महज 1.3% है।
क्या सामान आता-जाता है?
भारत मुख्य रूप से तुर्किये से मार्बल (संगमरमर), ताजे सेब, सोना, सब्जियां और सीमेंट खरीदता है. वहीं, भारत वहां पेट्रोलियम उत्पाद, मशीनरी, ऑटो पार्ट्स, दवाइयां और कॉटन जैसे उत्पाद भेजता है।
बता दें कि भारत और यूरोपीय संघ ने हाल ही में अपने FTA की बातचीत पूरी कर ली है और उम्मीद है कि इसे इसी साल लागू कर दिया जाएगा, लेकिन तुर्किये के लिए इसके दरवाजे बंद रहेंगे।